उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरे उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट जारी कर दिया है और सभी संवेदनशील इलाकों में सघन निगरानी, चेकिंग और पेट्रोलिंग बढ़ाने के सख्त निर्देश दिए हैं, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।

देश की राजधानी दिल्ली में कल शाम हुए धमाके की जांच ने उत्तर प्रदेश को आतंकवाद के नक्शे पर फिर से उजागर कर दिया है। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ और लखीमपुर से जुड़े तारों ने सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता बढ़ा दी है। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ की डॉक्टर शाहीन शाहिद की कार से हथियार बरामद होना और लखीमपुर के मोहम्मद सोहेल को गुजरात एटीएस द्वारा ISKP मॉड्यूल से जोड़कर गिरफ्तार करना इस खतरनाक नेटवर्क की गंभीरता को रेखांकित करता है। इस खबर के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरे उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट जारी कर दिया है और सभी संवेदनशील इलाकों में सघन निगरानी, चेकिंग और पेट्रोलिंग बढ़ाने के सख्त निर्देश दिए हैं, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।
जांच में खुलासा हुआ है कि दिल्ली धमाके के पीछे उत्तर प्रदेश से भी गंभीर कनेक्शन जुड़े हुए हैं। अहमदाबाद में गिरफ्तार तीन संदिग्धों में से एक मोहम्मद सोहेल, लखीमपुर खीरी के निघासन तहसील के सिंगाही गांव का रहने वाला है। वहीं, लखनऊ की डॉक्टर शाहीन शाहिद को जम्मू-कश्मीर पुलिस ने हिरासत में लिया। इन घटनाओं से साफ संकेत मिलते हैं कि उत्तर प्रदेश आतंकवादी नेटवर्क के फैलाव और संचालन में सक्रिय भूमिका निभा रहा है, और राज्य की सुरक्षा एजेंसियों के लिए यह चुनौती और भी गंभीर हो गई है।
गुजरात एटीएस ने अहमदाबाद से ISKP मॉड्यूल से जुड़े तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से लखीमपुर खीरी के सिंगाही गांव के मोहम्मद सोहेल का नाम भी शामिल है। सोहेल का परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है; पिता सलीम ट्रैक्टर मैकेनिक हैं, मां रुखसाना और छोटे भाई वसीम के साथ बड़े भाई की पत्नी भी घर में रहती हैं। परिवार के अनुसार, सोहेल तीन साल पहले पढ़ाई के लिए मुजफ्फरनगर के जामिया दारुल उलूम अजीजिया मदरसे गया था। सोहेल की पढ़ाई फरवरी में पूरी होनी थी और वह घर लौटने वाला था, लेकिन अचानक अहमदाबाद में गिरफ्तारी ने परिवार को झकझोर दिया। परिवार का दावा है कि सोहेल निर्दोष है और किसी साजिश का शिकार हुआ है। वहीं, गिरफ्तार मॉड्यूल में शामली जिले के चरन गांव का सुलेमान शेख भी शामिल है। सुलेमान और सोहेल दोनों ने मुजफ्फरनगर के उसी मदरसे में पढ़ाई की थी, और एजेंसियों को संदेह है कि यही दोनों अहमदाबाद में सक्रिय मॉड्यूल और उत्तर प्रदेश के बीच संपर्क की अहम कड़ी बने।
जम्मू-कश्मीर पुलिस ने लखनऊ के लालबाग इलाके की डॉक्टर शाहीन शाहिद को गिरफ्तार किया है। जांच में यह खुलासा हुआ है कि उनकी कार का इस्तेमाल आतंकवादी गतिविधियों में किया जा रहा था। हाल ही में इसी कार से राइफल और जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि क्या डॉक्टर शाहीन को इस खतरनाक गतिविधि की जानकारी थी या उनकी कार किसी के द्वारा चालाकी से इस्तेमाल की गई।
सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती जिलों जैसे लखीमपुर, सिद्धार्थनगर और श्रावस्ती में कट्टरपंथी तत्व सक्रिय हैं। ये संगठन युवाओं को ऑनलाइन माध्यमों से जोड़कर अपने नेटवर्क को बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं। वहीं सिंगाही गांव में सोहेल के परिवार ने साफ किया कि उनका बेटा किसी गलत रास्ते पर नहीं गया। पिता सलीम और मां रुखसाना का कहना है कि बेटा पढ़ाई में व्यस्त था और दोस्ती-यारी में फंस गया। परिवार का यह भी दावा है कि सोहेल किसी आतंकी साजिश का शिकार हुआ है।
दिल्ली धमाके के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तत्काल पुलिस महानिदेशक से स्थिति की समीक्षा की और पूरे प्रदेश में हाई अलर्ट घोषित कर दिया। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सुरक्षा में कोई ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
वरिष्ठ अधिकारी खुद फील्ड में रहकर बाजार, धार्मिक स्थल और सार्वजनिक स्थानों का निरीक्षण करें।
भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में गश्त और चेकिंग बढ़ाई जाए।
संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की सघन तलाशी सुनिश्चित की जाए।
मेट्रो, बस अड्डे, रेलवे स्टेशन, मॉल और सिनेमा हॉल जैसी संवेदनशील जगहों की सुरक्षा कड़ी की जाए।
एटीएस, क्यूआरटी, बम निरोधक दस्ते और डॉग स्क्वॉड पूरी सतर्कता के साथ अलर्ट रहें।
सीसीटीवी कैमरों की निगरानी और रीयल-टाइम विश्लेषण तेज किया जाए।
सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
यूपी 112 की गाड़ियां लगातार पेट्रोलिंग करें और हर संवेदनशील इलाके पर नजर रखें।
मुख्यमंत्री के सख्त आदेशों ने सुरक्षा एजेंसियों को हर स्तर पर सक्रिय रहने का संदेश दिया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।