नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय पर टिप्पणी करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आमतौर पर इस उम्र में व्यक्ति सच बोलने लगता है, लेकिन समाजवादी पार्टी उन्हें भी असत्य बयान देने के लिए मजबूर कर रही है।

UP News : उत्तर प्रदेश विधानसभा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोडिन कफ सिरप से जुड़े अवैध कारोबार को लेकर सरकार की कार्रवाई का विस्तार से उल्लेख किया। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि गैरकानूनी गतिविधियों में लिप्त लोगों पर बुलडोजर की कार्रवाई होती है, तो उस समय हंगामा नहीं करना चाहिए। नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय पर टिप्पणी करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आमतौर पर इस उम्र में व्यक्ति सच बोलने लगता है, लेकिन समाजवादी पार्टी उन्हें भी असत्य बयान देने के लिए मजबूर कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि पांडेय ने लंबे समय तक विधानसभा अध्यक्ष के रूप में सदन को सफलतापूर्वक संचालित किया है और उन्हें तथ्यों से भटकना नहीं चाहिए।
उन्होंने बताया कि न्यायालय ने इस मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सरकार ने इस अवैध कारोबार के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। बुलडोजर कार्रवाई को लेकर विपक्ष की आलोचना पर मुख्यमंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि सरकार हर तरह की कार्रवाई के लिए तैयार है और जब समय आएगा, तब विरोध करने से पहले तथ्यों को समझ लेना चाहिए। सीएम योगी ने स्पष्ट किया कि कफ सिरप का उपयोग केवल चिकित्सकीय सलाह पर ही किया जाना चाहिए, चाहे वह बच्चा हो या वयस्क। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के नेताओं को इस विषय की बुनियादी जानकारी भी नहीं है, इसी कारण वे भ्रामक बयान दे रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि 2016 में समाजवादी पार्टी की सरकार के दौरान प्रदेश के सबसे बड़े होलसेलर को लाइसेंस जारी किया गया था, जिसे बाद में एसटीएफ ने पकड़ा। मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि जब देश में गंभीर मुद्दों पर चर्चा होती है, तब कुछ लोग विदेश भ्रमण पर निकल जाते हैं। मुख्यमंत्री ने साफ किया कि उत्तर प्रदेश में कोडिन कफ सिरप का निर्माण नहीं होता। यहां केवल इसके स्टॉकिस्ट और होलसेलर मौजूद हैं। इसका उत्पादन मध्य प्रदेश, हिमाचल प्रदेश और अन्य राज्यों में होता है। यूपी में इस सिरप से किसी की मृत्यु की कोई सूचना शासन को नहीं मिली है। जिन राज्यों में मौत के मामले सामने आए हैं, वे अन्य राज्यों में बने सिरप से जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि यह पूरा मामला अवैध आपूर्ति और गलत इस्तेमाल से जुड़ा है। सहारनपुर, गाजियाबाद, लखनऊ, कानपुर और वाराणसी के कुछ होलसेलरों द्वारा इसे उन राज्यों और देशों में भेजा गया, जहां शराबबंदी लागू है और नशे के आदी लोग इसका दुरुपयोग करते हैं।