
उत्तराखंड और अन्य पहाड़ी राज्यों में इन दिनों मौसम ने जैसे अपना गुस्सा दिखाना शुरू कर दिया है। हर तरफ बादल फटने और लगातार लैंडस्लाइड की घटनाओं ने लोगों के दिलों में डर बैठा दिया है। इसी बीच बीजेपी सांसद अनिल बलूनी भी इस प्राकृतिक तमाशे में बाल-बाल बच गए। उनके सामने अचानक पूरा पहाड़ भरभराकर सड़क पर गिरा। चमत्कार यह रहा कि सांसद को कोई चोट नहीं आई—अगर वे एक कदम और आगे बढ़ते, तो यह पहाड़ी नाटक किसी गंभीर हादसे में बदल सकता था। Uttarakhand landslides
बीजेपी सांसद अनिल बलूनी ने इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया, जिसमें साफ देखा जा सकता है कि पहाड़ का मलबा सड़क पर फैल गया। हैरानी की बात यह रही कि न कोई वाहन मलबे में फंसा और न ही किसी को चोट लगी। सांसद ने मजाकिया अंदाज में लिखा कि अगर वे थोड़ी देर आगे बढ़ते, तो यह पहाड़ी नाटक किसी बड़े हादसे में बदल सकता था। वीडियो साझा करते हुए उन्होंने कहा कि इस वर्ष उत्तराखंड में हुई अतिवृष्टि और भूस्खलनों ने जनजीवन पर गहरा असर डाला है। साथ ही उन्होंने आपदा प्रबंधन में जुटे अधिकारियों, NDRF, SDRF और सड़क पर मलबा हटाने वाले कर्मचारियों की बहादुरी और सेवाभाव की भी जमकर तारीफ की।
उत्तराखंड और आस-पास के पहाड़ी इलाकों में मौसम ने जैसे अपनी ताकत दिखाना शुरू कर दिया है। देहरादून और चमोली में भारी बारिश और बादल फटने के कारण हालात चिंताजनक बने हुए हैं। कई घरों में पानी भर गया है और लोगों की आवाजाही मुश्किल हो गई है। प्रशासन ने नागरिकों से सलाह दी है कि वे फिलहाल घरों में ही सुरक्षित रहें।
चमोली में हुई भीषण अतिवृष्टि में 10 से अधिक लोग लापता हैं। इस दुखद घटना पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गहरा दुःख जताया और कहा कि स्थानीय प्रशासन और पुलिस राहत एवं बचाव कार्य में पूरी तरह जुटी हुई हैं। सीएम ने सोशल मीडिया पर लिखा कि वह लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और ईश्वर से सभी के सुरक्षित रहने की प्रार्थना कर रहे हैं। मौसम की इस अप्रत्याशित शरारत ने सभी को सतर्क कर दिया है, लेकिन प्रशासन और राहतकर्मी पूरी मेहनत से लोगों की मदद में लगे हैं। Uttarakhand landslides