दादरी के भाजपा नेता जगभूषण गर्ग और परिवार के खिलाफ गाजियाबाद के नंदग्राम थाने में दहेज उत्पीड़न की FIR दर्ज। बहू से मारपीट और नस काटने का आरोप, जानें मामला।

Dadri News : ग्रेटर नोएडा के दादरी क्षेत्र में रहने वाले भारतीय जनता पार्टी के एक वरिष्ठ नेता पर दहेज उत्पीड़न के साथ ही कई संगीन आरोप लगाए गए हैं। भाजपा के वरिष्ठ नेता पर अपनी बहु को दहेज के लिए प्रताड़ित करने तथा बहु की हाथ की नस काटकर उसे आत्महत्या का रूप देने की साजिश करने का भी बड़ा आरोप है। भाजपा नेता व उनके परिवार पर आरोप है कि दहेज में 20 लाख रूपए नकद तथा फॉर्च्यूनर कार की मांग पूरी न होने पर बहु के साथ मारपीट व उसे प्रताड़ित किया गया। भाजपा नेता के बेटे पर आरोप है कि उसने शराब पीकर अपनी पत्नी के साथ मारपीट की। इस मामले में भाजपा नेता के भाई के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
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ग्रेटर नोएडा के दादरी क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता तथा दादरी नगर पालिका के अध्यक्ष का चुनाव लड़ चुके जगभूषण गर्ग उनकी पत्नी मोहिनी गर्ग, पुत्र शुभम गर्ग तथा चचिया ससुर विश्वनाथ गर्ग के खिलाफ दहेज उत्पीड़न की एफआईआर दर्ज की गई है। गाजियाबाद के टी—6, 303 एमसीसी सिग्नेचर, राजनगर एक्सटेंशन नंदग्राम निवासी मुकेश कुमार गुप्ता ने थाना नंदग्राम में भाजपा के वरिष्ठ नेता जगभूषण गर्ग उनकी पत्नी मोहिनी गर्ग, पुत्र शुभम गर्ग तथा चचिया ससुर विश्वनाथ गर्ग के विरूद्ध भारतीय न्याय संहिता— 2023 की धारा—85, 115 (2) 352 तथा 3(5) के तहत एफआईआर दर्ज कराई है। मुकेश कुमार गुप्ता ने नंदग्राम थाने में दर्ज कराई एफआईआर में कहा है कि उन्होंने अपनी बेटी शिखा गुप्ता की शादी 30.04.2012 को शुभम गर्ग पुत्र जगभूषण गर्ग, निवासी अयोध्यागंज, काठ मंडी, दादरी, जिला गौतमबुद्धनगर के साथ की थी। शादी से पहले सगाई में 5 लाख रूपये नगद, स्वर्ण आभूषण, चांदी के आभूषण डिनर सेट, सोफा सेट, डबल बेड, बाशिंग मशीन, माइक्रोवेव, एल.सी.डी., फ्रिज, अलमारी, श्रृंगार व अन्य घरेलू सामान दिया था। सगाई के बाद शुभम गर्ग व उसकी माता श्रीमती मोहिनी गर्ग ने फोन के माध्यम से 20 लाख रुपये नगद व एक कार की अतिरिक्त दहेज की मांग करनी शुरू कर दी। शादी में मैंने 5 लाख रुपये अलग से उपहार दिया व शादी में भी 30-35 लाख रुपये खर्च किये। फिर भी शिखा के पति शुभम गर्ग, सास श्रीमती मोहिनी गर्ग, ससुर जगभूषण गर्ग व चचिया ससुर विकानाथ गर्ग ने शादी के दिन ही दहेज कम बताते हुए ताने देने शुरू कर दिये। चारों लोग शिखा से 20 लाख रुपया नगद व एक फार्च्यूनर कार की मांग करने लगे तथा उसके साथ मारपीट व प्रताड़ित करने लगे। हम लोगों ने शिखा को समझाया कि बेटा तू ठीक से अपनी ससुराल में रह, अभी नई बात है और कुछ दिन में सब ठीक हो जाएगा। Dadri News :

मेरी पुत्री ने बेटे वेदांत गर्ग को जन्म दिया तो ससुरालियों ने अपनी पुरानी दहेज की राशि के साथ छोछक में 5 लाख रुपये की अलग से मांग की। मैंने अपनी तरफ से ससुराल वालों को अच्छे से अच्छे उपहार भिजवाए। इसके बाद भी शिखा के ससुराल वाले काफी नाराज हुए। इसके बाद ये लोग सिखा को मानसिक व शारीरिक पीड़ा देने लगे। उसके बाद शिखा ने पुत्री दृष्टि गर्ग को जन्म दिया तो वे लोग कहने लगे कि अब 50 लाख रुपये नगद चाहिए। मैंने दृष्टि के जन्म के बाद भी इन लोगों को छोछक भिजवाया, लेकिन वो भी इन लोगों को पसन्द नहीं आया। यह बात मुझे पता चलने पर में अपने रिश्तेदारों के साथ शिखा की ससुराल गया तथा मैंने 2 लाख रुपये का इन्तजाम कर शिखा के ससुर, सास व चचिया ससुर को अपने घर बुलाकर 2 लाख रुपये नगद दिये और आगे भी रुपये का इन्तजाम करने का आश्वासन दिया। शिखा का पति अक्सर शराब पीकर शिखा को रोज-रोज रूपयों के लिये मारता-पीटता था और उसके सास-ससुर व चाचा-ससुर भी उसके पति का सहयोग करते थे। मैंने इस बीच कई बार शिखा की ससुराल जाकर इन लोगों को समझाने का प्रयास किया कि मेरी हैसियत ऐसी नहीं है कि में आप लोगों की मांग पूरी कर सके, फिर भी शिखा के ससुरान वाले अपनी दहेज की मांग पर अडे रहे।
शिखा के ससुर भारतीय जनता पार्टी में बड़े नेता है तथा उन्होंने पूर्व में नगर पालिका अध्यक्ष का चुनाव भी लड़ा है तथा शिखा के चाचा-ससुर का नाम विश्वनाथ गर्ग एक नामी डाक्टर है। इसलिए डरते हुए में पुलिस में इन लोगों के विरुद्ध कभी कोई कानूनी कार्यवाही करने की हिम्मत नहीं जुटा पाया था। शिखा लगातार इन लोगों का अत्याचार सहती आ रही। 06/07.10.2026 को रात्रि करीब 1:30-2:00 बजे शिखा का पति शुभम गर्ग शराब पीकर घर आया और शिखा से दहेज की मांग करने लगा तो शिखा ने मना किया कि मेरे मायके वाले तुम्हारी किसी भी मांग को पूरा नहीं कर पायेंगे। इस बात पर शुभम को गुस्सा आ गया और मेरी पुत्री को डंडे से मारने लगा, गला दबाया, लातों और घूंसों से पीटा। इसी दौरान शिखा के सास-ससुर व चाचा-ससुर भी आ गए और अपने लड़के के कहने पर इन लोगों ने एक योजना के तहत मेरी पुत्री के हाथ की नस काट दी, यह कह कर कि तेरा खून बह जाएगा तो तू मर जाएगी और लोगों से कह देंगे कि तूने खुदकुशी (आत्महत्या) कर ली है, नस काट कर जान दे दी है। बेटी जोर-जोर से रोने-चिल्लाने लगी और जैसे-तैसे करके अपनी जान बचाई और भाग कर मुझे फोन फोन किया। हमने तत्काल वहां पहुंचकर तुरंत थाना दादरी जाकर पुलिस में घटना की जानकारी दी। उसके बाद पुलिस ने मेडिकल करवाया, उसके बाद फिर यह लोग मामला सुलझा कर मेरी पुत्री को घर ले गए। इसके पश्चात मेरी पुत्री की तबीयत खराब होने और मन विचलित होने के कारण शिखा 07.10.2026 को रात के समय अपने दोनों बच्चों के साथ मेरे घर आ गयी। 10.10.2026 को मेरे समधी ने माफी मागते हुए कहा कि वह गाड़ी भेज रहे हैं, आप कानूनी कार्यवाही न करे। मेरा लड़का शिखा के साथ बदतमीजी, गाली-गलौज व मारपीट नहीं करेगा और न ही किसी प्रकार से दहेज की मांग की जाएगी। मैंने अपनी पुत्री व नाबालिग बच्चों की खातिर अपनी पुत्री व उसके बच्चों को दादरी भेज दिया। 10.10.2026 को समय करीब 2:00 बजे दोपहर को मेरी पुत्री का फोन मेरे पास आया और वह रोते हुए कहने लगी कि उसके पति ने अपनी मम्मी को फोन पर काफी खरी खोटी सुनवाई जिसके बाद उसकी सास ने उसे काफी साथ भला-बुरा कहा तथा हाथापाई भी कर रही है। यह सुनते ही मैं तुरंत दादरी गया। पहुंचने पर मैंने देखा कि कि मेरी पुत्री बदहवास अवस्था में है और दोनों बड़े भी सहमे हुए थे। मैं अपनी पुत्री व बच्चों को लेकर वापस अपने घर गाजियाबाद आ गया। Dadri News :
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