दादरी के ग्राम नई बस्ती में विजय सिंह पथिक इंस्टीट्यूट ऑफ लॉ की ओर से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में महिला कानूनी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। शिविर में ग्रामीण महिलाओं को उनके कानूनी और संवैधानिक अधिकारों की जानकारी दी गई।

Dadri News : महिलाओं को उनके कानूनी और संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक करने तथा उन्हें न्याय प्राप्त करने के लिए उपलब्ध कानूनी सहायता के माध्यमों की जानकारी देने के उद्देश्य से दादरी स्थित विजय सिंह पथिक इंस्टीट्यूट ऑफ लॉ की ओर से ग्राम नई बस्ती में विशेष विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा और कानून द्वारा दिए गए संरक्षण के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को यह समझाना था कि संविधान और कानून ने उन्हें कौन-कौन से अधिकार प्रदान किए हैं तथा किसी भी प्रकार के अन्याय, शोषण अथवा उत्पीड़न की स्थिति में वे किस प्रकार न्याय प्राप्त कर सकती हैं। कार्यक्रम में महिलाओं को निःशुल्क विधिक सहायता की उपलब्धता और इसका लाभ उठाने की प्रक्रिया के बारे में भी बताया गया। Dadri News
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संस्थान की प्राचार्या डॉ. सुषमा सागर के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम का संयोजन डॉ. राजेश यादव ने किया, जबकि सह-संयोजक की जिम्मेदारी सुश्री राधा शर्मा ने निभाई। कार्यक्रम के दौरान शिक्षकगण अरविंद यादव, डॉ. राजीव कुमार, अमित भाटी और प्रतिभा ने ग्रामीण महिलाओं को विभिन्न कानूनी प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी। वक्ताओं ने विशेष रूप से घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम, दहेज निषेध अधिनियम तथा कार्यस्थल पर महिलाओं का लैंगिक उत्पीड़न (निवारण, प्रतिषेध एवं प्रतितोष) अधिनियम के बारे में बताया। इसके अतिरिक्त महिलाओं के संपत्ति एवं उत्तराधिकार संबंधी अधिकारों, बाल विवाह निषेध कानून और महिलाओं की गरिमा एवं सुरक्षा से जुड़े कानूनी प्रावधानों पर भी विस्तार से चर्चा की गई। Dadri News
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कार्यक्रम में महिलाओं को बताया गया कि यदि उनके साथ घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न अथवा किसी अन्य प्रकार का शोषण होता है तो उन्हें चुप रहने की आवश्यकता नहीं है। वे कानून की मदद लेकर अपने अधिकारों की रक्षा कर सकती हैं। इसके लिए निःशुल्क कानूनी सहायता प्राप्त करने के उपलब्ध माध्यमों की जानकारी भी दी गई। वक्ताओं ने कहा कि कानूनी अधिकारों की जानकारी महिलाओं को न केवल अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने की शक्ति देती है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और आत्मविश्वासी बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। Dadri News
इस जागरूकता कार्यक्रम में संस्थान के विधि छात्र-छात्राओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। पंकज, अंकित, आलोक, शिवम, निधि और भारती सहित अन्य विद्यार्थियों ने ग्रामीण महिलाओं के साथ संवाद स्थापित किया और उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया। विद्यार्थियों ने महिलाओं की समस्याओं को समझने तथा उन्हें कानूनी जानकारी उपलब्ध कराने में सक्रिय भूमिका निभाई। इस दौरान ग्रामीण महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और किसी भी तरह के अन्याय की स्थिति में कानूनी सहायता लेने के लिए प्रोत्साहित किया गया। Dadri News
कार्यक्रम के सफल आयोजन में संस्थान के कर्मचारीगण सुनीता, बिजेंद्र और संजय का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। सभी के सामूहिक प्रयासों से कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम का समापन महिला सशक्तिकरण, कानूनी जागरूकता और समाज में न्याय की समान पहुंच सुनिश्चित करने के संकल्प के साथ हुआ। आयोजकों ने कहा कि महिलाओं को उनके अधिकारों की जानकारी देना एक जागरूक और न्यायपूर्ण समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। ऐसे कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं को जागरूक बनाने के साथ-साथ उन्हें अपने अधिकारों के लिए स्वयं आगे आने की प्रेरणा भी देते हैं। Dadri News :
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