जेवर एयरपोर्ट के 10 किमी दायरे में मीट बैन, नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई
विमानन सुरक्षा नियमों के तहत जेवर एयरपोर्ट की 10 किलोमीटर परिधि में मांस-मछली की बिक्री, पशु वध और खुले में कचरा फेंकने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर ₹1 करोड़ तक का जुर्माना और 3 साल तक की जेल की कार्रवाई का प्रावधान बताया गया है।।

Jewar Airport : जेवर एयरपोर्ट को लेकर एक बड़ी और बेहद अहम अपडेट सामने आई है। निर्माण के अंतिम चरण में पहुंच चुके जेवर एयरपोर्ट के चारों तरफ अब सुरक्षा मानकों को टॉप प्रायोरिटी पर रखकर प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। विमानन सुरक्षा नियमों के तहत जेवर एयरपोर्ट की 10 किलोमीटर परिधि में मांस-मछली की बिक्री, पशु वध और खुले में कचरा फेंकने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर ₹1 करोड़ तक का जुर्माना और 3 साल तक की जेल की कार्रवाई का प्रावधान बताया गया है।।
क्यों लिया गया ये सख्त फैसला?
प्रशासन के मुताबिक जेवर एयरपोर्ट के आसपास खुले में अपशिष्ट, पशु अवशेष या मांस-मछली की दुकानों से पक्षियों के जुटने की आशंका बढ़ जाती है। यही पक्षी उड़ान के दौरान विमान से टकरा सकते हैं, जिसे बर्ड हिट कहा जाता है। विमानन क्षेत्र में इसे एक बड़ा सुरक्षा जोखिम माना जाता है। इसी खतरे को न्यूनतम करने के लिए एयरपोर्ट के चारों तरफ 10 किमी की परिधि में यह कड़ा प्रतिबंध लागू किया गया है।
लाइसेंसी दुकानें भी होंगी बंद
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि यह अभियान केवल अवैध दुकानों के खिलाफ नहीं होगा। जेवर एयरपोर्ट की 10 किलोमीटर सीमा के भीतर आने वाली लाइसेंसधारी दुकानों पर भी मांस-मछली की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। साथ ही क्षेत्र में किसी भी तरह का कचरा या अपशिष्ट खुले में फेंकना सख्त तौर पर वर्जित कर दिया गया है। प्रशासन ने इस फैसले पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई है, नियम तोड़ने पर ₹1 करोड़ तक जुर्माना और 3 साल तक जेल की कार्रवाई हो सकती है।
जेवर एयरपोर्ट के लिए निगरानी बढ़ी
जैसे-जैसे जेवर एयरपोर्ट के संचालन की तैयारियां तेज हो रही हैं, वैसे-वैसे आसपास के इलाकों में निगरानी भी बढ़ाई जा रही है। संबंधित विभागों और स्थानीय निकायों को निर्देश दिए गए हैं कि वे क्षेत्र में नियमित निरीक्षण करें। प्रशासन की ओर से गांवों, बाजारों और प्रमुख मार्गों पर सार्वजनिक सूचना बोर्ड लगाए जा रहे हैं, ताकि लोगों को प्रतिबंधों की जानकारी स्पष्ट रूप से मिल सके। निरीक्षण टीमों को भी सक्रिय कर दिया गया है, जो तय दायरे में नियमित दौरा करेंगी। Jewar Airport
Jewar Airport : जेवर एयरपोर्ट को लेकर एक बड़ी और बेहद अहम अपडेट सामने आई है। निर्माण के अंतिम चरण में पहुंच चुके जेवर एयरपोर्ट के चारों तरफ अब सुरक्षा मानकों को टॉप प्रायोरिटी पर रखकर प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। विमानन सुरक्षा नियमों के तहत जेवर एयरपोर्ट की 10 किलोमीटर परिधि में मांस-मछली की बिक्री, पशु वध और खुले में कचरा फेंकने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। आदेश का उल्लंघन करने वालों पर ₹1 करोड़ तक का जुर्माना और 3 साल तक की जेल की कार्रवाई का प्रावधान बताया गया है।।
क्यों लिया गया ये सख्त फैसला?
प्रशासन के मुताबिक जेवर एयरपोर्ट के आसपास खुले में अपशिष्ट, पशु अवशेष या मांस-मछली की दुकानों से पक्षियों के जुटने की आशंका बढ़ जाती है। यही पक्षी उड़ान के दौरान विमान से टकरा सकते हैं, जिसे बर्ड हिट कहा जाता है। विमानन क्षेत्र में इसे एक बड़ा सुरक्षा जोखिम माना जाता है। इसी खतरे को न्यूनतम करने के लिए एयरपोर्ट के चारों तरफ 10 किमी की परिधि में यह कड़ा प्रतिबंध लागू किया गया है।
लाइसेंसी दुकानें भी होंगी बंद
खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि यह अभियान केवल अवैध दुकानों के खिलाफ नहीं होगा। जेवर एयरपोर्ट की 10 किलोमीटर सीमा के भीतर आने वाली लाइसेंसधारी दुकानों पर भी मांस-मछली की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। साथ ही क्षेत्र में किसी भी तरह का कचरा या अपशिष्ट खुले में फेंकना सख्त तौर पर वर्जित कर दिया गया है। प्रशासन ने इस फैसले पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई है, नियम तोड़ने पर ₹1 करोड़ तक जुर्माना और 3 साल तक जेल की कार्रवाई हो सकती है।
जेवर एयरपोर्ट के लिए निगरानी बढ़ी
जैसे-जैसे जेवर एयरपोर्ट के संचालन की तैयारियां तेज हो रही हैं, वैसे-वैसे आसपास के इलाकों में निगरानी भी बढ़ाई जा रही है। संबंधित विभागों और स्थानीय निकायों को निर्देश दिए गए हैं कि वे क्षेत्र में नियमित निरीक्षण करें। प्रशासन की ओर से गांवों, बाजारों और प्रमुख मार्गों पर सार्वजनिक सूचना बोर्ड लगाए जा रहे हैं, ताकि लोगों को प्रतिबंधों की जानकारी स्पष्ट रूप से मिल सके। निरीक्षण टीमों को भी सक्रिय कर दिया गया है, जो तय दायरे में नियमित दौरा करेंगी। Jewar Airport












