पप्पू यादव के साथ हो गया खेला,गठबंधन में शामिल हो कर भी नहीं मिली पूर्णिया की सीट
Bihar News
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 12:47 AM
Bihar News : पप्पू यादव कुछ समय पहले बड़े अरमान से कांग्रेस में शामिल हुए थे । उनको उम्मीद थी कि कांग्रेस में शामिल होने के बाद उन्हें गठबंधन के तहत पूर्णिया से लोकसभा चुनाव लड़ने का मौका मिल सकता है। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और गठबंधन की तरफ से बीमा भारती को राजद ने पूर्णिया का टिकट दे दिया ।
लालू यादव का ऑफर ठुकराना पप्पू यादव को पड़ा महंगा
दरअसल राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव का ऑफर ठुकराना पप्पू यादव को महंगा पड़ गया । लालू प्रसाद ने पूर्णिया सीट से बीमा भारती को टिकट दे दिया है। पप्पू यादव पिछले 1 साल से पूर्णिया सीट से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे और इसके लिए उन्होंने बाकायदा लालू यादव से हाथ जोड़कर गुहार भी की थी। लेकिन उनकी यह गुहार भी काम नहीं आई। आपको बता दें कि इस 20 मार्च को पप्पू यादव ने अपनी पार्टी 'जन अधिकार पार्टी" का कांग्रेस में विलय भी कर लिया था ।
बीमा भारती ने मारी बाजी
लेकिन वह कहते हैं ना की राजनीति जोड़-तोड़ का खेल है। इसी बीच 23 मार्च को जदयू की विधायक बीमा भारती ने नितीश कुमार का हाथ छोड़कर आरजेडी का दामन थाम लिया। और इसी बीच में राजद ने पूर्णिया की सीट बीमा भारती के नाम कर दी। पप्पू यादव अपनी सीट को हाथ से जाता देख ठगे से रह गए। इसलिए कहते हैं की राजनीति में कब क्या हो जाए कोई नहीं जानता। इधर बीमा भारती ने भी सोशल मीडिया पर पूर्णिया राजद द्वारा टिकट दिए जाने के बात सार्वजनिक कर दी। यह सब ऐसे मौके पर हुआ जब तेजस्वी यादव गठबंधन की सीटें तय करने के लिए कांग्रेस से बातचीत को दिल्ली गए हुये हैं ।
अखिलेश सिंह की भूमिका पर सवाल Bihar News
पूर्णिया से पप्पू यादव का टिकट काटने में कांग्रेस नेता अखिलेश सिंह की भूमिका महत्वपूर्ण बताई जा रही है। कहा जा रहा है कि अखिलेश सिंह पप्पू यादव के कांग्रेस ज्वाइन करने के भी खिलाफ थे उन्होंने पप्पू यादव को गुंडा एलिमेंट तक कह दिया था और अखिलेश सिंह की यही नाराजगी पप्पू यादव पर भारी पड़ गई और उन्हें पूर्णिया के टिकट से हाथ धोना पड़ा । आपको यह भी बता दें सूत्रों के हवाले से यह भी खबर मिल रही है कि इससे पहले पप्पू यादव ने लालू प्रसाद यादव से मुलाकात की थी तो लालू प्रसाद यादव ने उन्हें आरजेडी ज्वाइन करने का ऑफर दिया था साथ यह कहा था कि अगर वह अपनी पार्टी का विलय राजद में करते हैं तो उन्हें मधेपुरा से टिकट दिया जाएगा लेकिन पप्पू यादव ने यह ऑफर ठुकरा दिया और काँग्रेस में शामिल हो गए । कहा जा रहा है कि यह ऑफर ठुकराना भी उनके लिए आत्मघाती साबित हुआ।Bihar News