सीएम फडणवीस 100 रोजगार का लक्ष्य, जानें महाराष्ट्र बजट में युवाओं के लिए क्या है खास
मुख्यमंत्री ने बजट पेश करते हुए स्पष्ट किया कि राज्य को 100% बुनियादी साक्षरता वाला बनाने का लक्ष्य है। साथ ही, कॉलेज से 80% से अधिक अंकों से पास होने वाले युवाओं को हर हाल में रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है।

Maharashtra Education City: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य के बजट में युवाओं और शिक्षा के क्षेत्र में बड़े और महत्वाकांक्षी ऐलान किए हैं। सरकार ने राज्य को 100% साक्षर बनाने के लक्ष्य के साथ ही कॉलेज पास आउट युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य तय किया है। बजट में शिक्षा के लिए 8,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिसका उद्देश्य राज्य में विकसित और आधुनिक शिक्षा का माहौल तैयार करना है।
100% साक्षरता और रोजगार का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने बजट पेश करते हुए स्पष्ट किया कि राज्य को 100% बुनियादी साक्षरता वाला बनाने का लक्ष्य है। साथ ही, कॉलेज से 80% से अधिक अंकों से पास होने वाले युवाओं को हर हाल में रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है। इसे प्राप्त करने के लिए राज्य में 8 से 10 ‘एजुकेशन सिटी’ (शिक्षा शहर) विकसित किए जाएंगे। इन शहरों में युवाओं को इंडस्ट्री-सेंट्रिक (उद्योगपरक) शिक्षा और स्किल डेवलपमेंट की ट्रेनिंग दी जाएगी। यहां इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप को बढ़ावा देने के लिए टैलेंट सेंटर भी होंगे।
नवी मुंबई में बनेगा देश का पहला इंटरनेशनल एजुसिटी
इसके तहत सबसे बड़ी पहल नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास शुरू की जा रही है। यहां भारत का पहला इंटरनेशनल स्टैंडर्ड एजुकेशन सिटी विकसित की जा रही है। इस प्रोजेक्ट के तहत अमेरिका, ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया और इटली की 6 अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर किए जा चुके हैं। इन विश्वविद्यालयों में इस साल से ही एजुकेशनल प्रोग्राम शुरू हो जाएंगे, जिससे देश-विदेश के छात्र यहां शिक्षा ग्रहण करने आएंगे।
युवाओं को विदेश में नौकरी दिलाने के लिए ‘दक्ष’ प्रोजेक्ट
सरकार विदेशों में रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए वर्ल्ड बैंक की मदद से ‘दक्ष’ प्रोजेक्ट लागू कर रही है। इसके लिए ‘महाराष्ट्र एजेंसी फॉर होलिस्टिक इंटरनेशनल मोबिलिटी एंड एडवांसमेंट’ नाम की संस्था बनाई जाएगी। यह युवाओं को विदेश में नौकरी के लिए जरूरी भाषा, स्किल ट्रेनिंग और वित्तीय मार्गदर्शन देगी। इसके अलावा, काउंसलिंग सर्विस को बेहतर बनाने के लिए 36 ‘नव-दिशा’ सेंटर खोले जाएंगे।
2036 ओलंपिक पर निशाना
बजट में खेलों को भी प्राथमिकता दी गई है। भारत 2036 में होने वाले ओलंपिक की मेजबानी का दावा कर रहा है। इसे ध्यान में रखते हुए महाराष्ट्र सरकार ‘मिशन लक्ष्य’ स्कीम के तहत एथलेटिक्स, बैडमिंटन, बॉक्सिंग, हॉकी, रेसलिंग सहित 12 खेलों के लिए 8 अत्याधुनिक केंद्र शुरू कर रही है। इसके अलावा डिवीजनल लेवल पर 25 ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ और जिला स्तर पर 96 ‘स्पोर्ट्स क्वालिटी डेवलपमेंट सेंटर’ बनाए जाएंगे, ताकि राज्य से अधिक से अधिक एथलीट ओलंपिक में हिस्सा ले सकें।
स्टार्टअप के लिए बंपर ऑफर
मुख्यमंत्री फडणवीस ने महाराष्ट्र को देश की स्टार्टअप कैपिटल बताया। राज्य को ग्लोबल स्टार्टअप हब बनाने के लिए ‘नई स्टार्टअप और इनोवेशन पॉलिसी-2025’ लाई गई है। अगले 5 सालों में 1 लाख 25 हजार उद्यमी बनाने और 50 हजार स्टार्टअप को मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है।
सबसे खास बात यह है कि सरकार ने चुनिंदा 50 स्टार्टअप को बिना टेंडर के सीधे 25-25 लाख रुपये तक के वर्क ऑर्डर देने का फैसला किया है। इसके लिए ‘मुख्यमंत्री एंटरप्रेन्योरशिप मेगा-फंड’ बनाया जा रहा है।
अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं:
- अमरावती: शिक्षा विभाग के सभी कार्यालयों को मिलाकर ‘डॉ. पंजाबराव देशमुख एजुकेशनल कॉम्प्लेक्स’ बनाया जाएगा।
- विज्ञान: ‘मुख्यमंत्री विज्ञान वारी’ पहल के तहत बेहतरीन छात्रों को इसरो और नासा भेजने का प्रावधान।
- मुंबई: बांद्रा में मॉडर्न लेदर आर्ट डिजाइन और प्रोडक्शन सेंटर बनाने का प्रस्ताव।
- आदिवासी युवाओं के लिए: ‘बिरसा’ (भारत इनोवेशन, रिसर्च, स्टार्टअप्स फॉर आत्मनिर्भरता) योजना की शुरुआत।
इस बजट को युवाओं के लिए एक व्यापक और दूरदर्शी दस्तावेज के रूप में देखा जा रहा है, जो शिक्षा, रोजगार और खेलों के क्षेत्र में महाराष्ट्र को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का लक्ष्य रखता है। Maharashtra Education City
Maharashtra Education City: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य के बजट में युवाओं और शिक्षा के क्षेत्र में बड़े और महत्वाकांक्षी ऐलान किए हैं। सरकार ने राज्य को 100% साक्षर बनाने के लक्ष्य के साथ ही कॉलेज पास आउट युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य तय किया है। बजट में शिक्षा के लिए 8,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिसका उद्देश्य राज्य में विकसित और आधुनिक शिक्षा का माहौल तैयार करना है।
100% साक्षरता और रोजगार का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने बजट पेश करते हुए स्पष्ट किया कि राज्य को 100% बुनियादी साक्षरता वाला बनाने का लक्ष्य है। साथ ही, कॉलेज से 80% से अधिक अंकों से पास होने वाले युवाओं को हर हाल में रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है। इसे प्राप्त करने के लिए राज्य में 8 से 10 ‘एजुकेशन सिटी’ (शिक्षा शहर) विकसित किए जाएंगे। इन शहरों में युवाओं को इंडस्ट्री-सेंट्रिक (उद्योगपरक) शिक्षा और स्किल डेवलपमेंट की ट्रेनिंग दी जाएगी। यहां इनोवेशन और एंटरप्रेन्योरशिप को बढ़ावा देने के लिए टैलेंट सेंटर भी होंगे।
नवी मुंबई में बनेगा देश का पहला इंटरनेशनल एजुसिटी
इसके तहत सबसे बड़ी पहल नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास शुरू की जा रही है। यहां भारत का पहला इंटरनेशनल स्टैंडर्ड एजुकेशन सिटी विकसित की जा रही है। इस प्रोजेक्ट के तहत अमेरिका, ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया और इटली की 6 अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालयों के साथ एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर किए जा चुके हैं। इन विश्वविद्यालयों में इस साल से ही एजुकेशनल प्रोग्राम शुरू हो जाएंगे, जिससे देश-विदेश के छात्र यहां शिक्षा ग्रहण करने आएंगे।
युवाओं को विदेश में नौकरी दिलाने के लिए ‘दक्ष’ प्रोजेक्ट
सरकार विदेशों में रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए वर्ल्ड बैंक की मदद से ‘दक्ष’ प्रोजेक्ट लागू कर रही है। इसके लिए ‘महाराष्ट्र एजेंसी फॉर होलिस्टिक इंटरनेशनल मोबिलिटी एंड एडवांसमेंट’ नाम की संस्था बनाई जाएगी। यह युवाओं को विदेश में नौकरी के लिए जरूरी भाषा, स्किल ट्रेनिंग और वित्तीय मार्गदर्शन देगी। इसके अलावा, काउंसलिंग सर्विस को बेहतर बनाने के लिए 36 ‘नव-दिशा’ सेंटर खोले जाएंगे।
2036 ओलंपिक पर निशाना
बजट में खेलों को भी प्राथमिकता दी गई है। भारत 2036 में होने वाले ओलंपिक की मेजबानी का दावा कर रहा है। इसे ध्यान में रखते हुए महाराष्ट्र सरकार ‘मिशन लक्ष्य’ स्कीम के तहत एथलेटिक्स, बैडमिंटन, बॉक्सिंग, हॉकी, रेसलिंग सहित 12 खेलों के लिए 8 अत्याधुनिक केंद्र शुरू कर रही है। इसके अलावा डिवीजनल लेवल पर 25 ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ और जिला स्तर पर 96 ‘स्पोर्ट्स क्वालिटी डेवलपमेंट सेंटर’ बनाए जाएंगे, ताकि राज्य से अधिक से अधिक एथलीट ओलंपिक में हिस्सा ले सकें।
स्टार्टअप के लिए बंपर ऑफर
मुख्यमंत्री फडणवीस ने महाराष्ट्र को देश की स्टार्टअप कैपिटल बताया। राज्य को ग्लोबल स्टार्टअप हब बनाने के लिए ‘नई स्टार्टअप और इनोवेशन पॉलिसी-2025’ लाई गई है। अगले 5 सालों में 1 लाख 25 हजार उद्यमी बनाने और 50 हजार स्टार्टअप को मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है।
सबसे खास बात यह है कि सरकार ने चुनिंदा 50 स्टार्टअप को बिना टेंडर के सीधे 25-25 लाख रुपये तक के वर्क ऑर्डर देने का फैसला किया है। इसके लिए ‘मुख्यमंत्री एंटरप्रेन्योरशिप मेगा-फंड’ बनाया जा रहा है।
अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं:
- अमरावती: शिक्षा विभाग के सभी कार्यालयों को मिलाकर ‘डॉ. पंजाबराव देशमुख एजुकेशनल कॉम्प्लेक्स’ बनाया जाएगा।
- विज्ञान: ‘मुख्यमंत्री विज्ञान वारी’ पहल के तहत बेहतरीन छात्रों को इसरो और नासा भेजने का प्रावधान।
- मुंबई: बांद्रा में मॉडर्न लेदर आर्ट डिजाइन और प्रोडक्शन सेंटर बनाने का प्रस्ताव।
- आदिवासी युवाओं के लिए: ‘बिरसा’ (भारत इनोवेशन, रिसर्च, स्टार्टअप्स फॉर आत्मनिर्भरता) योजना की शुरुआत।
इस बजट को युवाओं के लिए एक व्यापक और दूरदर्शी दस्तावेज के रूप में देखा जा रहा है, जो शिक्षा, रोजगार और खेलों के क्षेत्र में महाराष्ट्र को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का लक्ष्य रखता है। Maharashtra Education City












