राह मुश्किल है… कहीं भारी न पड़ जाएं टीम इंडिया को ये 5 कमजोरियां

आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप का इतिहास भी यही बताता है अब तक कोई टीम लगातार दो बार टी20 वर्ल्ड कप नहीं जीत पाई, न ही कोई टीम तीन बार इस ट्रॉफी पर कब्जा जमा सकी। घरेलू मैदान पर खिताब जीतने का कारनामा भी अब तक अधूरा ही है।

टीम इंडिया के सामने 5 बड़ी चुनौतियां
टीम इंडिया के सामने 5 बड़ी चुनौतियां
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar07 Feb 2026 06:02 PM
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ICC T20 World Cup 2026 : आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 में टीम इंडिया एक बार फिर खिताब की सबसे प्रबल दावेदार बनकर मैदान में उतरेगी। मौजूदा फॉर्म और खिलाड़ियों की गहराई को देखते हुए भारत को इस वक्त टूर्नामेंट की सबसे मजबूत टीम माना जा रहा है। लेकिन टी20 के खेल में एक छोटी चूक को भी बड़ी हार में बदल देता है। आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप का इतिहास भी यही बताता है अब तक कोई टीम लगातार दो बार टी20 वर्ल्ड कप नहीं जीत पाई, न ही कोई टीम तीन बार इस ट्रॉफी पर कब्जा जमा सकी। घरेलू मैदान पर खिताब जीतने का कारनामा भी अब तक अधूरा ही है। ऐसे में शनिवार, 7 फरवरी को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में अमेरिका के खिलाफ उतरते ही सूर्यकुमार यादव की कप्तानी वाली टीम इंडिया रिकॉर्ड बदलने का अभियान शुरू करेगी। मगर इस चमकदार तस्वीर के पीछे कुछ कमजोर कड़ियां भी हैं, जो टूर्नामेंट में भारत की राह मुश्किल कर सकती हैं।

1) भारत को कीपिंग में चाहिए परफेक्ट कंट्रोल

भारतीय स्क्वॉड में विकेटकीपर-बल्लेबाज के तौर पर संजू सैमसन और ईशान किशन को चुना गया है। दोनों विकेट के सामने जितने खतरनाक हैं, स्टंप्स के पीछे उतने ही सवालों में घिरे दिखते हैं। संकेत यही हैं कि ओपनर-विकेटकीपर की भूमिका ईशान निभा सकते हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में उन्हें एक मैच में कीपिंग मिली और उसी में 8 बाई के साथ 2 स्टंपिंग मौके भी छूटे। वहीं संजू भी स्टंपिंग में लगातार प्रभाव नहीं छोड़ पाए हैं।

2) कैचिंग बनी सबसे बड़ी चिंता

टीम इंडिया के पास सूर्या, हार्दिक और रिंकू जैसे टॉप-ग्रेड फील्डर्स हैं, बावजूद इसके कैचिंग में टीम का रिकॉर्ड चिंता बढ़ाता है। पिछले साल एशिया कप से लेकर हालिया न्यूजीलैंड टी20 सीरीज तक भारत की कैच पकड़ने की सफलता 75% से नीचे रही जो बड़ी टीमों में सबसे कमजोर आंकड़ों में गिनी जाती है। 2024 के टी20 वर्ल्ड कप फाइनल में सूर्या का कैच भारत की जीत का निर्णायक क्षण था, लेकिन अगर इस बार कैचिंग ढीली रही तो ट्रॉफी हाथ से निकल सकती है।

3) ओपनिंग जोड़ी का तय न होना

ये परेशानी दो हफ्ते पहले तक चर्चा में नहीं थी, खासकर अभिषेक शर्मा की विस्फोटक बल्लेबाजी को देखते हुए। लेकिन असली सवाल उनके जोड़ीदार का है। संजू सैमसन को ओपनिंग में फिक्स माना जा रहा था, मगर न्यूजीलैंड के खिलाफ सीरीज में वह बुरी तरह फ्लॉप रहे 5 पारियों में सिर्फ 45 रन। अब ईशान किशन इस भूमिका के लिए मजबूत दावेदार दिखते हैं। पर अगर शुरुआती 1-2 मैचों में ईशान भी नहीं चले, तो टीम फिर से बदलाव के दबाव में आ सकती है। ओपनिंग का बार-बार बदलना टी20 में सबसे बड़ा जोखिम है।

4) चोट और बीमारी की आशंका

फिटनेस को लेकर टीम इंडिया ने हाल के वर्षों में अच्छी छवि बनाई, लेकिन इस बार कुछ खिलाड़ियों की फिटनेस टीम मैनेजमेंट की टेंशन बढ़ा रही है। हर्षित राणा चोट के कारण पहले ही बाहर हो चुके हैं, वॉशिंगटन सुंदर की वापसी पर तस्वीर साफ नहीं है। अमेरिका के खिलाफ मैच से पहले जसप्रीत बुमराह बुखार की चपेट में आ गए, वहीं उनकी पीठ की पुरानी समस्या का खतरा भी बना रहता है। हार्दिक पंड्या को लेकर भी यही चिंता रहती है। इसके अलावा ईशान किशन, अक्षर पटेल, शिवम दुबे जैसे कुछ खिलाड़ी भी फिटनेस को लेकर पहले परेशान रहे हैं।

5) वाइड-नोबॉल का सिरदर्द

क्रिकेट में एक्स्ट्रा देना खुद को नुकसान पहुंचाने जैसा है और नोबॉल तो टी20 में अपराध से कम नहीं। बुमराह कुछ मौकों पर नोबॉल से जूझ चुके हैं, लेकिन सबसे बड़ा सिरदर्द वाइड गेंदें हैं। इस मामले में अर्शदीप सिंह लगातार सवालों के घेरे में रहते हैं। उनके करियर में ऐसे कई मौके रहे हैं जब एक ही ओवर में 3-4 वाइड डालकर टीम पर दबाव बढ़ा। सिराज और हार्दिक के साथ भी कभी-कभी लाइन-लेंथ बिगड़ने की समस्या सामने आती है। बड़े मैचों में यही अतिरिक्त गेंदें मैच का पासा पलट देती हैं। ICC T20 World Cup 2026

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बड़ी खबर : बुमराह के बिना उतर सकती है टीम इंडिया, फिटनेस ने बढ़ाई चिंता

रिपोर्ट्स के मुताबिक 7 फरवरी को आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 के भारत-यूएसए मुकाबले में बुमराह का उतरना मुश्किल माना जा रहा है। अगर यह खबर पक्की होती है, तो भारत की पेस अटैक की पूरी रणनीति और शुरुआती मैच का गेमप्लान दोनों पर असर पड़ सकता है।

जसप्रीत बुमराह
जसप्रीत बुमराह
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar07 Feb 2026 05:51 PM
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ICC T20 World Cup 2026 : आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 की शुरुआत से ठीक पहले टीम इंडिया के लिए चिंताजनक खबरें लगातार सामने आ रही हैं। टूर्नामेंट से ठीक एक दिन पहले हर्षित राणा चोट के कारण बाहर हुए और अब सबसे बड़ा झटका जसप्रीत बुमराह को लेकर सामने आया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक 7 फरवरी को आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 के भारत-यूएसए मुकाबले में बुमराह का उतरना मुश्किल माना जा रहा है। अगर यह खबर पक्की होती है, तो भारत की पेस अटैक की पूरी रणनीति और शुरुआती मैच का गेमप्लान दोनों पर असर पड़ सकता है।

भारत-यूएसए मुकाबले में बुमराह का खेलना मुश्किल!

शनिवार 7 फरवरी को मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में शाम 7 बजे से भारत और अमेरिका के बीच ग्रुप-ए का मैच खेला जाना है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस मुकाबले में बुमराह का उतरना मुश्किल माना जा रहा है। दावा किया गया है कि बुमराह अचानक वायरल बुखार की चपेट में आ गए हैं, इसी वजह से टीम मैनेजमेंट उन्हें पहले मैच में आराम दे सकता है। बताया जा रहा है कि मैच से एक दिन पहले यानी 6 फरवरी को बुमराह टीम के प्रैक्टिस सेशन में मैदान पर जरूर पहुंचे थे, लेकिन उन्होंने अभ्यास नहीं किया। टूर्नामेंट की अहमियत और आगे के बड़े मुकाबलों को देखते हुए टीम मैनेजमेंट कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं है।

बुमराह की गैरमौजूदगी में किसे मिलेगा रोल?

अगर बुमराह पहले मैच से बाहर रहते हैं, तो भारत के पास मुख्य तेज गेंदबाजों के रूप में अर्शदीप सिंह और मोहम्मद सिराज विकल्प होंगे। सिराज को हाल ही में स्क्वॉड में शामिल किया गया, क्योंकि हर्षित राणा घुटने की चोट के कारण टूर्नामेंट से बाहर हो चुके हैं। वहीं तीसरे पेस विकल्प की जिम्मेदारी हार्दिक पंड्या पर रहेगी, जो जरूरत पड़ने पर अहम ओवर डाल सकते हैं। इसी बीच वॉशिंगटन सुंदर की फिटनेस को लेकर भी तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं है। उन्हें न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज के दौरान चोट लगी थी, जिसके बाद वे टी20 सीरीज नहीं खेल पाए। फिलहाल वे बेंगलुरु स्थित BCCI सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (CoE) में मेडिकल टीम की निगरानी में रिहैब से गुजर रहे हैं। टीम इंडिया उनकी वापसी की उम्मीद में उन्हें स्क्वॉड में बनाए हुए है। ICC T20 World Cup 2026

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आज से शुरू होगा भारत का टाइटल डिफेंस मिशन, जानें मैच की पूरी डिटेल

शनिवार शाम मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में होने वाला यह मैच सिर्फ पहला मैच नहीं यह दोनों टीमों के इरादों का एलान है। भारत अपनी बादशाहत कायम रखने उतरेगा, तो अमेरिका यह दिखाने कि उसकी मौजूदगी महज कहानी नहीं, हकीकत है।

वानखेड़े में आज से भारत का टाइटल-डिफेंस मिशन शुरू
वानखेड़े में आज से भारत का टाइटल-डिफेंस मिशन शुरू
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar07 Feb 2026 12:08 PM
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ICC T20 World Cup 2026 : आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 में आज से भारत का टाइटल-डिफेंस मिशन शुरू हो रहा है। दो साल पहले फाइनल में सूर्यकुमार यादव के यादगार कैच ने भारत को चैंपियन बनाया था, और अब उन्हीं की कप्तानी में टीम इंडिया अमेरिका के खिलाफ मुकाबले से अपने अभियान का आगाज़ करेगी। शनिवार शाम मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में होने वाला यह मैच सिर्फ पहला मैच नहीं यह दोनों टीमों के इरादों का एलान है। भारत अपनी बादशाहत कायम रखने उतरेगा, तो अमेरिका यह दिखाने कि उसकी मौजूदगी महज कहानी नहीं, हकीकत है। इस मुकाबले को फैंस मज़ाक में आधार कार्ड बनाम ग्रीन कार्ड भी कह रहे हैं, क्योंकि अमेरिकी जर्सी में कई चेहरे ऐसे हैं जिन्होंने क्रिकेट का पाठ भारत में ही पढ़ा। लेकिन उलटफेर करने की क्षमता रखने वाली इस टीम को हल्के में लेना भारत की रणनीति का हिस्सा नहीं होगा।

भारत की बैटिंग अब और ज्यादा खतरनाक

टी20 वह मंच है जहाँ भारत सबसे ज्यादा खुलकर और कंट्रोल के साथ खेलता दिखता है। यह टीम सिर्फ बड़े शॉट नहीं लगाती वह मैच की रफ्तार तय करती है। पावरप्ले में आक्रामक शुरुआत, बीच के ओवरों में स्मार्ट रोटेशन और आखिरी पांच ओवरों में निर्दयी फिनिश भारत के पास हर फेज के लिए अलग हथियार है। पिछले एक साल (6 फरवरी 2025 से 6 फरवरी 2026) के टी20I आंकड़े भी इसी कहानी पर मुहर लगाते हैं अभिषेक शर्मा (SR 195) ने पावरप्ले को भारत का सबसे बड़ा हथियार बनाया, हार्दिक पंड्या (SR 168) ने मिडिल और डेथ ओवरों में रन-गति को गिरने नहीं दिया, जबकि कप्तान सूर्यकुमार यादव (SR 157) ने दबाव में भी गेम को अपनी लय में रखा। इस बीच ईशान किशन की वापसी ने टॉप-ऑर्डर को और धार दी 4 मैचों में 215 रन और 231 के स्ट्राइक रेट के साथ उन्होंने साफ संकेत दिया कि भारत की बैटिंग अब सिर्फ गहरी नहीं, विस्फोटक भी है।

भारत का बॉलिंग अटैक पूरी तरह सेट

गेंदबाजी के मोर्चे पर भारत की सबसे बड़ी ढाल और सबसे तेज धार जसप्रीत बुमराह हैं, टी20 वर्ल्ड कप में 5.44 की कसी हुई इकॉनमी और 26 विकेट उनके असर को खुद बयां करते हैं। नई गेंद हो या डेथ ओवर, बुमराह का स्पेल अक्सर विपक्षी बैटिंग की रफ्तार पर ब्रेक लगा देता है। उन्हें दूसरे छोर से अर्शदीप सिंह का साथ मिलेगा, जो वर्ल्ड कप में 27 विकेट लेकर भारत के भरोसेमंद विकेट-टेकर रहे हैं यानी दबाव के ओवरों में भारत के पास दो ऐसे हथियार हैं, जो मैच का रुख पलट सकते हैं। स्पिन में भी भारत खाली हाथ नहीं। वरुण चक्रवर्ती की मिस्ट्री और कुलदीप यादव की कलाई का जादू बीच के ओवरों में बल्लेबाजों की लय तोड़ने का काम करता है। पिछले एक साल के टी20I आंकड़े बताते हैं कि वरुण ने 26 विकेट (इकॉनमी 9) और कुलदीप ने 25 विकेट (इकॉनमी 9.63) झटके हैं

अमेरिका को हल्के में लेना भारी पड़ सकता है

अमेरिका भले ही क्रिकेट के ग्लोबल मंच पर नई टीम लगे, लेकिन उसकी प्लेइंग स्टाइल बिल्कुल भी नौसिखिया नहीं। इस टीम में ऐसे खिलाड़ी हैं जो एक ओवर में मैच की कहानी बदलने का दम रखते हैं। कप्तान मोनांक पटेल पिछले एक साल में शानदार लय में रहे हैं 9 मैचों में 365 रन, साथ में 1 शतक और 3 अर्धशतक; यानी वह टीम की बैटिंग की धुरी हैं। उनके पीछे मध्यक्रम में साइतेजा मुक्कमाला और मिलिंद कुमार ने रन-धारा को स्थिर रखा है खासतौर पर साइतेजा, जिन्हें टीम का सबसे ऊंची रैंकिंग (करीब 25वीं) वाला बल्लेबाज माना जाता है और जिनके नाम दो फॉर्मेट में इंटरनैशनल सेंचुरी भी दर्ज हैं। ऊपर से शुभम रंजने और हरमीत सिंह जैसे खिलाड़ी भारतीय हालात को अच्छी तरह समझते हैं यही अनुभव अमेरिका को अंडरडॉग से खतरनाक चैलेंजर बनाता है। गेंदबाजी में सौरभ नेत्रवलकर उनकी सबसे बड़ी ताकत हैं टी20I में 40 विकेट और 6.85 की इकॉनमी के साथ वह लगातार सही जगह हिट करते हैं, जबकि अली खान डेथ ओवरों में अपनी रफ्तार और उछाल से बल्लेबाजों की टाइमिंग बिगाड़कर मैच को आखिरी मोड़ तक खींच ले जाने की क्षमता रखते हैं।

संभावित प्लेइंग XI

भारत: अभिषेक शर्मा, ईशान किशन (WK), तिलक वर्मा, सूर्यकुमार यादव (C), रिंकू सिंह, हार्दिक पंड्या, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, वरुण चक्रवर्ती, जसप्रीत बुमराह, अर्शदीप सिंह

अमेरिका: आंद्रिस गौस, साइतेजा मुक्कमाला, शायन जहांगीर, मोनांक पटेल (C & WK), मिलिंद कुमार, हरमीत सिंह, संजय कृष्णमूर्ति, शुभम रंजने, शाडले वान शाकविक, अली खान, सौरभ नेत्रवलकर

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