अभिभाषण के दौरान नारेबाजी से गरमाया सदन, राजभर ने सपा पर साधा निशाना

ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि प्रदेश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर बैठीं राज्यपाल के खिलाफ इस तरह के नारे लोकतांत्रिक विरोध नहीं, बल्कि मर्यादा की सीमा लांघने जैसा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा ने राज्यपाल के सम्मान को ठेस पहुंचाई है और इससे महिलाओं के प्रति विपक्ष के रवैये पर भी सवाल खड़े होते हैं।

ओम प्रकाश राजभर
ओम प्रकाश राजभर
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar10 Feb 2026 12:42 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र में सोमवार को उस वक्त सियासी तापमान बढ़ गया, जब उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के अभिभाषण के दौरान समाजवादी पार्टी के विधायकों ने नारेबाजी की। सदन में राज्यपाल गो बैक जैसे नारे लगे, जिसके बाद कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने सपा पर तीखा हमला बोला और इसे गरिमा का अपमान करार दिया। ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि प्रदेश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर बैठीं राज्यपाल के खिलाफ इस तरह के नारे लोकतांत्रिक विरोध नहीं, बल्कि मर्यादा की सीमा लांघने जैसा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा ने राज्यपाल के सम्मान को ठेस पहुंचाई है और इससे महिलाओं के प्रति विपक्ष के रवैये पर भी सवाल खड़े होते हैं। राजभर ने कहा कि ऐसे व्यवहार की जितनी निंदा की जाए, कम है और जनता आने वाले समय में इसका जवाब देगी।

SIR विवाद पर भी सपा को घेरा

उत्तर प्रदेश की मुख्य विपक्षी पार्टी समाजवादी पार्टी के एसआईआर (विशेष गहन पुनरीक्षण) को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर ओम प्रकाश राजभर ने सख्त लहजे में जवाब दिया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का यह पुनरीक्षण पूरी तरह चुनाव आयोग की निगरानी में चल रहा है और आयोग निष्पक्षता के साथ अपना संवैधानिक दायित्व निभा रहा है। राजभर ने आरोप लगाया कि सपा बिना ठोस तथ्यों के सरकार को निशाने पर लेकर बेवजह का हंगामा खड़ा कर रही है, ताकि असल मुद्दों से ध्यान भटकाया जा सके। राजभर के मुताबिक, विपक्ष की बेचैनी की वजह यह है कि आगे जाकर फर्जी मतदान जैसे मुद्दों पर सख्ती बढ़ेगी।

स्पीकर सतीश महाना ने भी दी नसीहत

इस पूरे प्रकरण पर उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने भी सख्त लेकिन संतुलित अंदाज में विपक्ष को मर्यादा का पाठ पढ़ाया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध और असहमति स्वाभाविक है, पर सदन की गरिमा और महामहिम राज्यपाल जैसे संवैधानिक पद का सम्मान हर हाल में बना रहना चाहिए। महाना ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अगर किसी दल को अभिभाषण नहीं सुनना था तो उत्तर प्रदेश विधानसभा की परंपरा के मुताबिक वे वॉकआउट कर सकते थे, लेकिन सदन के भीतर नारेबाजी कर माहौल बिगाड़ना संसदीय संस्कृति के अनुरूप नहीं है। उन्होंने भरोसा जताया कि आगे की कार्यवाही में सभी दल संयम दिखाएंगे और सदन विकास, बजट और जनहित के मुद्दों पर सुचारु रूप से चलेगा। UP News

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मथुरा में एक ही परिवार ने किया सामूहिक आत्महत्या, इलाके में दहशत

Mathura News: मथुरा से एक दर्दनाक मामला सामने आया है जिसने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है। यहां एक ही परिवार के पांच लोगों ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली है।

Mthura News
Marhura News
locationभारत
userअसमीना
calendar10 Feb 2026 11:55 AM
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उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जहां एक ही परिवार के पांच सदस्यों ने आत्महत्या की घटना को अंजाम दिया है। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। बताया जा रहा है कि मथुरा के दंपति सहित उनके तीन बच्चों ने रात के समय दूध में जहर मिलाकर पी लिया जिससे उनकी मौत हो गई।

क्या है पूरा मामला?

जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला मथुरा के महावन थाना क्षेत्र के खप्परपुर गांव है जहां एक दंपति और उनके बच्चों ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। सुबह जब घर से किसी प्रकार की हलचल नहीं हुई तो पड़ोसियों ने अनहोनी की आशंका जताते हुए पुलिस को इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने सभी को मृत पाया। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पहले बच्चों को दूध में जहर मिलाकर पिलाया गया और उसके बाद पति-पत्नी ने भी आत्महत्या कर ली। हालांकि, इसके पीछे की वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है।

पुलिस कर रही मामले की जांच

पुलिस द्वारा परिजनों व गांव के लोगों से पूछताछ की जा रही है। सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है ताकि मौत के कारणों की पुष्टि हो सके। इस खौफनाक घटना से पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।

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“ठाकुर हूं…” कहने पर घिर गईं बैंककर्मी, जवाबी वीडियो में रखा अपना पक्ष

कई यूजर्स ने इसे उत्तर प्रदेश के सामाजिक माहौल से जोड़कर भी बहस तेज कर दी। अब इस मामले में महिला बैंककर्मी का नया वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने वायरल क्लिप पर सफाई दी है और घटना की पूरी पृष्ठभूमि बताने का दावा किया है।

महिला कर्मचारी आस्था सिंह
महिला कर्मचारी आस्था सिंह
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar10 Feb 2026 10:06 AM
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UP News : उत्तर प्रदेश के कानपुर से जुड़ा एक 44 सेकंड का वीडियो सोशल मीडिया पर दो दिन से तेजी से वायरल है। वीडियो में एक निजी बैंक की महिला कर्मचारी गुस्से में बातचीत करती दिखती हैं और उनके शब्दों को लेकर लोगों ने इसे ग्राहक से विवाद बताकर बैंककर्मी पर सवाल खड़े कर दिए। कई यूजर्स ने इसे उत्तर प्रदेश के सामाजिक माहौल से जोड़कर भी बहस तेज कर दी। अब इस मामले में महिला बैंककर्मी का नया वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने वायरल क्लिप पर सफाई दी है और घटना की पूरी पृष्ठभूमि बताने का दावा किया है। बैंककर्मी ने कहा कि अब तक लोगों ने सिर्फ एक पक्ष देखा, इसलिए दूसरा पक्ष सामने आना जरूरी था।

क्या है वायरल वीडियो में?

वायरल क्लिप पनकी साइट नंबर-2 स्थित निजी सेक्टर की बैंक शाखा की बताई जा रही है। वीडियो में महिला कर्मचारी (आस्था सिंह) कथित तौर पर किसी व्यक्ति को नाराजगी में चेतावनी देती नजर आती हैं। इसी दौरान उन्होंने अपना परिचय देते हुए कुछ शब्द कहे, जिन पर सोशल मीडिया में विवाद खड़ा हो गया। बैंककर्मी के मुताबिक, वह 15 दिसंबर से शाखा में रिलेशनशिप अफसर के तौर पर तैनात हैं। नए वीडियो में बैंककर्मी ने स्पष्ट किया कि यह घटना किसी कस्टमर के साथ नहीं हुई और न ही उन्होंने किसी ग्राहक के साथ अभद्रता की है। उनका कहना है कि मामला बैंक की ही एक महिला कर्मचारी के इस्तीफे और उसी दिन रिलीविंग ऑर्डर से जुड़ा था, जिस पर शाखा में तनाव की स्थिति बनी। बैंककर्मी के अनुसार, संबंधित कर्मचारी की रिश्तेदार (ननद) सुबह से बैंक में मौजूद थीं और बातचीत के दौरान बहस बढ़ गई। इसके बाद शाम को संबंधित महिला कर्मचारी के पति को जानकारी दी गई।




वीडियो विवाद में नया दावा

बैंककर्मी ने आरोप लगाया कि वर्किंग आवर खत्म होने के बाद शाम करीब 4:30 बजे संबंधित कर्मचारी के पति बैंक में आए और उनके साथ अनुचित व्यवहार किया। उनका दावा है कि व्यक्ति ने स्टाफ के सामने धमकी देने जैसी भाषा का इस्तेमाल किया और विरोध करने पर वीडियो बनाना शुरू कर दिया। बैंककर्मी का कहना है कि इसी दौरान बात बिगड़ी और वही क्लिप अब अलग संदर्भ में वायरल की जा रही है। बैंककर्मी ने माना कि उस वक्त बोले गए कुछ शब्द उचित नहीं थे, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि जब कोई सार्वजनिक जगह पर धमकी दे, तो प्रतिक्रिया होना स्वाभाविक है। उन्होंने दावा किया कि पूरे मामले की जानकारी ईमेल के जरिए वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई है। वहीं, शाखा प्रबंधक की ओर से इस प्रकरण पर कुछ कहने से इनकार किए जाने की बात भी सामने आई है। UP News

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