गाजियाबाद में बड़ी संख्या में मृत मिले मोर, जहरीले दाने बने काल
एक साथ बड़ी संख्या में मोरों की मौत की खबर फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और देखते ही देखते गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस और वन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और पूरे घटनास्थल को घेरकर जांच शुरू कर दी है।

UP News : उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में सोमवार सुबह एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले स्तिथ लोनी के ट्रॉनिका सिटी थाना क्षेत्र स्थित गांव पचायरा में ग्रामीणों ने जंगल और खेतों के अलग-अलग हिस्सों में राष्ट्रीय पक्षी मोर के कई शव पड़े देखे गए । एक साथ बड़ी संख्या में मोरों की मौत की खबर फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और देखते ही देखते गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस और वन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और पूरे घटनास्थल को घेरकर जांच शुरू कर दी है।
खेतों और झाड़ियों में बिखरे मिले शव
ग्रामीणों के मुताबिक, सुबह जब वे रोज़ की तरह खेतों की ओर गए तो अलग-अलग जगहों पर मोर बेजान पड़े दिखे। कुछ शव झाड़ियों के पास थे तो कुछ खुले खेत में पड़े मिले। इस अप्रत्याशित घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया और लोगों ने तुरंत ट्रॉनिका सिटी थाने को सूचना दी। मौके पर पहुंची टीम ने क्षेत्र का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए और शवों को पोस्टमार्टम/वैज्ञानिक परीक्षण के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू की। उत्तर प्रदेश में खेतों में इन दिनों कीट नियंत्रण के लिए बड़े पैमाने पर दवाओं का छिड़काव किया जा रहा है। इसी को आधार बनाकर गांव के कुछ लोगों ने आशंका जताई कि हाल में खेतों में डाले गए जहरीले कीटनाशक का असर मोरों पर पड़ा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि संभव है मोरों ने कीटनाशक लगे दाने चुग लिए हों या दूषित पानी पी लिया हो, जिससे उनकी मौत हुई।
रिपोर्ट के बाद साफ होगी तस्वीर
वन विभाग के अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक नमूने एकत्र किए हैं। अब पोस्टमार्टम/विसरा जांच और लैब रिपोर्ट के आधार पर ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि मोरों की मौत जहर/कीटनाशक से हुई या इसके पीछे कोई अन्य कारण है। वहीं पुलिस प्रशासन भी स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटा रहा है ताकि किसी तरह की लापरवाही या जानबूझकर नुकसान पहुंचाने की आशंका पर कार्रवाई की जा सके। UP News
UP News : उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में सोमवार सुबह एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले स्तिथ लोनी के ट्रॉनिका सिटी थाना क्षेत्र स्थित गांव पचायरा में ग्रामीणों ने जंगल और खेतों के अलग-अलग हिस्सों में राष्ट्रीय पक्षी मोर के कई शव पड़े देखे गए । एक साथ बड़ी संख्या में मोरों की मौत की खबर फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और देखते ही देखते गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस और वन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और पूरे घटनास्थल को घेरकर जांच शुरू कर दी है।
खेतों और झाड़ियों में बिखरे मिले शव
ग्रामीणों के मुताबिक, सुबह जब वे रोज़ की तरह खेतों की ओर गए तो अलग-अलग जगहों पर मोर बेजान पड़े दिखे। कुछ शव झाड़ियों के पास थे तो कुछ खुले खेत में पड़े मिले। इस अप्रत्याशित घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया और लोगों ने तुरंत ट्रॉनिका सिटी थाने को सूचना दी। मौके पर पहुंची टीम ने क्षेत्र का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए और शवों को पोस्टमार्टम/वैज्ञानिक परीक्षण के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू की। उत्तर प्रदेश में खेतों में इन दिनों कीट नियंत्रण के लिए बड़े पैमाने पर दवाओं का छिड़काव किया जा रहा है। इसी को आधार बनाकर गांव के कुछ लोगों ने आशंका जताई कि हाल में खेतों में डाले गए जहरीले कीटनाशक का असर मोरों पर पड़ा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि संभव है मोरों ने कीटनाशक लगे दाने चुग लिए हों या दूषित पानी पी लिया हो, जिससे उनकी मौत हुई।
रिपोर्ट के बाद साफ होगी तस्वीर
वन विभाग के अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक नमूने एकत्र किए हैं। अब पोस्टमार्टम/विसरा जांच और लैब रिपोर्ट के आधार पर ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि मोरों की मौत जहर/कीटनाशक से हुई या इसके पीछे कोई अन्य कारण है। वहीं पुलिस प्रशासन भी स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटा रहा है ताकि किसी तरह की लापरवाही या जानबूझकर नुकसान पहुंचाने की आशंका पर कार्रवाई की जा सके। UP News












