दिल्ली में अंतरराज्यीय ड्रग रैकेट का भंडाफोड़ किया गया है जिसमें से 31 किलो अल्प्राजोलम यानी 3 लाख गोलियां बरामद किए गए है। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया।

Delhi Crime Branch: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अंतरराज्यीय ड्रग्स रैकेट का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस दौरान 31 किलो अल्प्राजोलम टैबलेट बरामद की हैं, जो करीब तीन लाख गोलियों के बराबर हैं। यह बरामदगी NDPS एक्ट के तहत तय व्यावसायिक मात्रा से कई गुना अधिक बताई जा रही है। क्राइम ब्रांच को मिली गुप्त सूचना के आधार पर नंद नगरी बस डिपो के पास जाल बिछाया गया। यहां एक ग्लैंजा कार को रोककर तलाशी ली गई, जिसमें भारी मात्रा में प्रतिबंधित साइकोट्रॉपिक दवाएं बरामद हुईं। मौके से दो आरोपियों को हिरासत में लिया गया।
बता दें कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शमीम और राजीव शर्मा के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के निवासी हैं। जांच के दौरान पुलिस ने कार के मालिक मोहित गुप्ता को भी गिरफ्तार किया है। मोहित की एक मेडिकल फर्म है, जिसके माध्यम से इन नशीली दवाओं को स्थानीय मेडिकल स्टोर्स तक सप्लाई किया जाता था।
बता दें कि पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि हिमाचल प्रदेश के परवाणू क्षेत्र में अवैध रूप से अल्प्राजोलम टैबलेट का निर्माण किया जाता था। इसके बाद इन्हें उत्तर प्रदेश और NCR के विभिन्न इलाकों में सप्लाई किया जाता था। पुलिस के अनुसार यह एक संगठित रैकेट था, जो कई राज्यों में सक्रिय था।
बता दें कि पुलिस ने मौके से दवाओं के अलावा पैकिंग में इस्तेमाल होने वाला एल्यूमिनियम फॉयल, PVC शीट रोल, बैच नंबर और एक्सपायरी डेट अंकित करने के लिए रबर स्टैम्प भी बरामद किए हैं। इनका इस्तेमाल नकली दवाओं को असली दिखाने के लिए किया जाता था।
इस मामले में क्राइम ब्रांच थाने में NDPS एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस रैकेट से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियों की संभावना जताई जा रही है। Delhi Crime Branch