इस बार श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में पूरे सावन माह के दौरान VIP और प्रोटोकॉल दर्शन व्यवस्था पूरी तरह बंद रहेगी। मंदिर प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी श्रद्धालु को विशेष सिफारिश या VIP सुविधा के आधार पर दर्शन नहीं कराया जाएगा।

UP News : सावन महीने में बाबा विश्वनाथ के दर्शन की तैयारी कर रहे श्रद्धालुओं के लिए बड़ी खबर है। इस बार श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में पूरे सावन माह के दौरान VIP और प्रोटोकॉल दर्शन व्यवस्था पूरी तरह बंद रहेगी। मंदिर प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी श्रद्धालु को विशेष सिफारिश या VIP सुविधा के आधार पर दर्शन नहीं कराया जाएगा। सभी भक्तों को सामान्य दर्शन व्यवस्था के तहत कतार में लगकर ही बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने होंगे। मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे VIP दर्शन कराने के नाम पर ठगी करने वाले दलालों और फर्जी दावों से सावधान रहें। प्रशासन ने कहा है कि किसी भी व्यक्ति को विशेष दर्शन के नाम पर कोई अलग सुविधा नहीं दी जाएगी। UP News
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इस वर्ष सावन का पवित्र महीना 30 जुलाई 2026 से शुरू होकर 28 अगस्त 2026 तक चलेगा। सावन और कांवड़ यात्रा को देखते हुए वाराणसी जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन और श्री काशी विश्वनाथ मंदिर प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। सावन की व्यवस्थाओं को लेकर हुई संयुक्त बैठक में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ नियंत्रण और सुचारू दर्शन व्यवस्था को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक में तय किया गया कि पूरे सावन महीने में VIP और प्रोटोकॉल दर्शन पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। UP News
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मंदिर प्रशासन ने कहा है कि सावन के दौरान किसी भी VIP, जनप्रतिनिधि या अन्य विशेष व्यक्ति के लिए प्रोटोकॉल दर्शन की व्यवस्था नहीं की जाएगी। विशेष दर्शन के लिए आने वाले किसी भी अनुरोध को स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे किसी भी व्यक्ति के झांसे में न आएं और सामान्य दर्शन व्यवस्था का ही पालन करें। मंदिर प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि VIP दर्शन के नाम पर पैसा लेने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सावन महीने में स्थानीय श्रद्धालुओं को राहत देने के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। सरकार के निर्देश पर काशीवासियों को सोमवार और प्रमुख पर्व वाले दिनों को छोड़कर अन्य दिनों में विशेष झांकी दर्शन की सुविधा दी जाएगी। इसके तहत स्थानीय लोग सुबह 4 बजे से 5 बजे तक और शाम 4 बजे से 5 बजे तक बाबा विश्वनाथ की झांकी के दर्शन कर सकेंगे। UP News
सावन के पावन महीने में बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा और भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए श्री काशी विश्वनाथ धाम में प्रवेश के लिए अलग-अलग मार्ग तय किए गए हैं। भक्त गेट नंबर-4, काशी द्वार मार्ग 4B, नंदू फारिया प्रवेश मार्ग, सिल्को प्रवेश मार्ग, ढुंढिराज प्रवेश मार्ग, सरस्वती फाटक प्रवेश मार्ग और भैरव द्वार प्रवेश मार्ग से धाम में प्रवेश कर सकेंगे।
प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे निर्धारित प्रवेश मार्गों का ही उपयोग करें, जिससे दर्शन व्यवस्था सुचारु बनी रहे। वहीं, गंगा के जलस्तर में बदलाव की स्थिति को देखते हुए घाट की ओर से प्रवेश व्यवस्था में जरूरत के अनुसार अस्थायी परिवर्तन किया जा सकता है।
जो भक्त किसी कारणवश सावन में काशी विश्वनाथ धाम नहीं पहुंच पाएंगे, उनके लिए भी विशेष व्यवस्था की गई है। श्रद्धालु घर बैठे बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर सकेंगे। पूरे सावन माह में मंदिर न्यास की आधिकारिक वेबसाइट, आधिकारिक YouTube चैनल और अधिकृत प्रसारण माध्यमों के जरिए बाबा के दर्शन का लाइव प्रसारण उपलब्ध कराया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य देश-विदेश में मौजूद श्रद्धालुओं को बाबा विश्वनाथ की आरती और पूजा से जोड़ना है, ताकि हर भक्त आस्था के इस पवित्र पर्व में अपनी भागीदारी निभा सके। UP News
सावन में बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए उमड़ने वाली भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया है। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे धाम में प्रवेश से पहले प्रतिबंधित वस्तुओं को अपने साथ न लाएं, ताकि दर्शन प्रक्रिया सुचारु और सुविधाजनक बनी रहे। प्रशासन के निर्देशों के अनुसार मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ईयरफोन, तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थ, कॉस्मेटिक सामान, बड़े बैग समेत कई वस्तुओं को मंदिर परिसर में ले जाने की अनुमति नहीं होगी। श्रद्धालुओं से कहा गया है कि वे इन सामानों को अपने होटल, घर या ठहरने के स्थान पर सुरक्षित रखकर ही दर्शन के लिए निकलें।
मंदिर प्रशासन का कहना है कि नियमों का पालन करने से न केवल सुरक्षा व्यवस्था बेहतर होगी, बल्कि श्रद्धालुओं को भी बिना किसी असुविधा के बाबा विश्वनाथ के दर्शन करने का अवसर मिलेगा। UP News
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