उत्तर प्रदेश पुलिस को नोएडा के इस फर्जी नेता के दो-दो आधार कार्ड, फर्जी पद वाले विजिटिंग कार्ड तथा अनेक फर्जी दस्तावेज मिले हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस ने नोएडा के इस फर्जी नेता को जेल भेज दिया है। उत्तर प्रदेश पुलिस इस फर्जी नेता के कारनामों की जांच में जुटी हुई है।

UP News : उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के घर से पकड़ा गया नोएडा का फर्जी नेता बड़ा भौकाल बना रहा था। उत्तर प्रदेश पुलिस की जांच में पता चला है कि नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा में सक्रिय रहने वाला भाजपा का फर्जी नेता भाजपा का फर्जी जिलाध्यक्ष भी बना हुआ था। उत्तर प्रदेश पुलिस को नोएडा के इस फर्जी नेता के दो-दो आधार कार्ड, फर्जी पद वाले विजिटिंग कार्ड तथा अनेक फर्जी दस्तावेज मिले हैं। उत्तर प्रदेश पुलिस ने नोएडा के इस फर्जी नेता को जेल भेज दिया है। उत्तर प्रदेश पुलिस इस फर्जी नेता के कारनामों की जांच में जुटी हुई है।
उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के घर से पकड़े गए फर्जी नेता के विषय में हमने आपको बताया था कि बृहस्पतिवार को उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने पुलिस बुलाकर नोएडा के फर्जी नेता को गिरफ्तार कराया था। पकड़े गए फर्जी नेता का नाम दशरथ पाल है। यह दशरथ पाल ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के घोड़ी बछेड़ा गांव का रहने वाला है। दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र सचदेवा का प्रतिनिधि बनकर दशरथ पाल उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से मिलने के लिए उनके लखनऊ स्थित आवास पर पहुंचा था। शक होने पर उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने पुलिस बुलाकर दशरथ पाल को गिरफ्तार करने के निर्देश दे दिए थे।
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में स्थित गौतम पल्ली थाने की पुलिस ने फर्जी नेता दशरथ पाल को जेल भेज दिया है। उत्तर प्रदेश पुलिस की पूछताछ में सामने आया है कि उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के आवास पर पहुंचा फर्जी नेता उत्तर प्रदेश के एक बड़े मंत्री से भी मिला था। ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के बिलासपुर नगर की नगर पंचायत की चेयरमैन लता सिंह का पति संजय सिंह तथा मानसिंह नाम का एक व्यापारी भी दशरथ पाल के साथ उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से मिलने पहुंचा था। दशरथ पाल अपने साथ लाए गए लोगों के ऊपर अपनी पहुंच का रौब गांठ रहा था। उसने कहा था कि वह कोई भी बड़े से बड़ा काम करवा सकता है। उसके साथ लखनऊ पहुंचे संजय सिंह तथा मान सिंह को पुलिस ने निर्दोष मानकर छोड़ दिया है।
आपको बता दें कि 8 दिसंबर 2025 को उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य नोएडा आए थे। श्री मौर्य नोएडा में नोएडा के सांसद डॉ. महेश शर्मा की माताजी की तेहरवीं की शोकसभा में शामिल हुए थे। इस दौरान दशरथ पाल ने उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से मिलने का प्रयास किया था। श्री मौर्य से मिलने में असफल रहने पर इस फर्जी नेता दशरथ पाल ने कुछ दूरी पर खड़े होकर एक सेल्फी ली थी। बाद में उस सेल्फी को एडिट करके यह दर्शाया था कि वह श्री मौर्य से मिल रहा है।
नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा में सक्रिय रहा यह फर्जी नेता दशरथ पाल अपने आपको भाजपा में बुलंदशहर जिले का पूर्व जिलाध्यक्ष भी बताता था। उत्तर प्रदेश पुलिस को उसके कब्जे से उसके नाम के दो अलग-अलग आधार कार्ड तथा बुलंदशहर जिले में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष का विजिटिंग कार्ड भी मिला है। इस विषय में उत्तर प्रदेश पुलिस ने बुलंदशहर के भाजपा जिलाध्यक्ष विकास चौहान से संपर्क किया तो उन्होंने सिरे से नकार दिया। बुलंदशहर में भाजपा के जिलाध्यक्ष विकास चौहान ने अपने लेटर पैड पर एक पत्र जारी करके स्पष्ट किया है कि दशरथ नाम का कोई भी व्यक्ति बुलंदशहर में भाजपा का जिलाध्यक्ष नहीं रहा। लखनऊ में तैनात उत्तर प्रदेश पुलिस के ACP विकास कुमार जायसवाल के अनुसार दशरथ को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। उसके अपराधिक इतिहास का पता लगाया जा रहा है। वह चेयरमैन के पति, व्यवसायी और ड्राइवर को बरगला कर यहां लाया था। प्राथमिक जांच में साथ आए लोगों की भूमिका संदिग्ध नहीं मिली है। इस लिए लिखा-पढ़ी कर उन्हें छोड़ दिया गया है। UP News