'सशक्त नारी, समृद्ध दिल्ली' का संकल्प, राष्ट्रपति मुर्मू ने शुरू की तीन बड़ी योजनाएं
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि भारतीय परंपरा में नारी शक्ति और समृद्धि का प्रतीक रही है। उन्होंने लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर, रानी लक्ष्मीबाई और सावित्रीबाई फुले जैसी महान महिलाओं का स्मरण कराते हुए कहा, “आधी आबादी को सशक्त किए बिना 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य हासिल नहीं किया जा सकता।

Delhi News : राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने महिलाओं और बेटियों के उत्थान के लिए कई महत्वाकांक्षी योजनाओं का शुभारंभ किया। इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित ‘सशक्त नारी, समृद्ध दिल्ली’ कार्यक्रम में उन्होंने ‘दिल्ली लखपति बिटिया योजना’, ‘सहेली पिंक स्मार्ट कार्ड’ और त्योहारों पर निशुल्क गैस सिलेंडर योजना की शुरुआत कर दिल्ली की महिलाओं को बड़ी सौगात दी।
जमीनी स्तर पर दिखा असर, 100 करोड़ रुपये का हुआ हस्तांतरण
इस अवसर पर सरकार ने केवल घोषणाओं तक ही सीमित नहीं रहते हुए जमीनी स्तर पर भी बड़ा कदम उठाया। ‘लाडली योजना’ के तहत 40,642 बालिकाओं के खातों में 100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे डीबीटी (DBT) के माध्यम से भेजी गई। यह कदम बेटियों की शिक्षा और उनके भविष्य को मजबूती प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा। कार्यक्रम में उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
योजनाओं की विशेष झलक:
- दिल्ली लखपति बिटिया योजना: इस योजना का उद्देश्य बेटियों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है। इसके तहत बेटी के जन्म से लेकर स्नातक तक अलग-अलग चरणों में कुल 61 हजार रुपये जमा किए जाएंगे, जो ब्याज सहित परिपक्व होकर लगभग सवा लाख रुपये हो जाएंगे। इसके लिए 128 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है।
- सहेली पिंक स्मार्ट कार्ड: महिलाओं की सुरक्षित और स्वतंत्र आवाजाही को ध्यान में रखते हुए यह कार्ड शुरू किया गया है, जिसे मुख्यमंत्री ने ‘गरिमा कार्ड’ (Dignity Card) बताया। यह डीटीसी बसों और अन्य सार्वजनिक परिवहन में उपयोगी साबित होगा।
- मुफ्त गैस सिलेंडर: पात्र महिलाओं को होली और दिवाली पर मुफ्त गैस सिलेंडर मिलेंगे। इस योजना के लिए 130 करोड़ रुपये की राशि पहले ही डीबीटी के माध्यम से लाभार्थियों के खातों में भेजी जा चुकी है।
राष्ट्रपति का संदेश: विकसित भारत के लिए महिला सशक्तिकरण जरूरी
अपने संबोधन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि भारतीय परंपरा में नारी शक्ति और समृद्धि का प्रतीक रही है। उन्होंने लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर, रानी लक्ष्मीबाई और सावित्रीबाई फुले जैसी महान महिलाओं का स्मरण कराते हुए कहा, “आधी आबादी को सशक्त किए बिना 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य हासिल नहीं किया जा सकता। जीवन रूपी रथ के दो पहिए- स्त्री और पुरुष, दोनों के समान रूप से मजबूत होने पर ही राष्ट्र आगे बढ़ सकता है।” उन्होंने दिल्ली सरकार की इन पहलों को महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का आभार
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस कार्यक्रम को नारी सम्मान और आत्मनिर्भरता का संकल्प बताया। उन्होंने कहा, “जब बेटी सशक्त होती है तो परिवार सशक्त होता है। राष्ट्रपति मुर्मू की उपस्थिति देश की बेटियों के लिए प्रेरणा है।” उन्होंने पूर्व में लंबित ‘लाडली योजना’ की राशि को लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए सरकार के प्रयासों पर प्रकाश डाला और ‘सशक्त नारी से समृद्ध दिल्ली’ के संकल्प को दोहराया।Delhi News
Delhi News : राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने महिलाओं और बेटियों के उत्थान के लिए कई महत्वाकांक्षी योजनाओं का शुभारंभ किया। इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित ‘सशक्त नारी, समृद्ध दिल्ली’ कार्यक्रम में उन्होंने ‘दिल्ली लखपति बिटिया योजना’, ‘सहेली पिंक स्मार्ट कार्ड’ और त्योहारों पर निशुल्क गैस सिलेंडर योजना की शुरुआत कर दिल्ली की महिलाओं को बड़ी सौगात दी।
जमीनी स्तर पर दिखा असर, 100 करोड़ रुपये का हुआ हस्तांतरण
इस अवसर पर सरकार ने केवल घोषणाओं तक ही सीमित नहीं रहते हुए जमीनी स्तर पर भी बड़ा कदम उठाया। ‘लाडली योजना’ के तहत 40,642 बालिकाओं के खातों में 100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे डीबीटी (DBT) के माध्यम से भेजी गई। यह कदम बेटियों की शिक्षा और उनके भविष्य को मजबूती प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा। कार्यक्रम में उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
योजनाओं की विशेष झलक:
- दिल्ली लखपति बिटिया योजना: इस योजना का उद्देश्य बेटियों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है। इसके तहत बेटी के जन्म से लेकर स्नातक तक अलग-अलग चरणों में कुल 61 हजार रुपये जमा किए जाएंगे, जो ब्याज सहित परिपक्व होकर लगभग सवा लाख रुपये हो जाएंगे। इसके लिए 128 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है।
- सहेली पिंक स्मार्ट कार्ड: महिलाओं की सुरक्षित और स्वतंत्र आवाजाही को ध्यान में रखते हुए यह कार्ड शुरू किया गया है, जिसे मुख्यमंत्री ने ‘गरिमा कार्ड’ (Dignity Card) बताया। यह डीटीसी बसों और अन्य सार्वजनिक परिवहन में उपयोगी साबित होगा।
- मुफ्त गैस सिलेंडर: पात्र महिलाओं को होली और दिवाली पर मुफ्त गैस सिलेंडर मिलेंगे। इस योजना के लिए 130 करोड़ रुपये की राशि पहले ही डीबीटी के माध्यम से लाभार्थियों के खातों में भेजी जा चुकी है।
राष्ट्रपति का संदेश: विकसित भारत के लिए महिला सशक्तिकरण जरूरी
अपने संबोधन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि भारतीय परंपरा में नारी शक्ति और समृद्धि का प्रतीक रही है। उन्होंने लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर, रानी लक्ष्मीबाई और सावित्रीबाई फुले जैसी महान महिलाओं का स्मरण कराते हुए कहा, “आधी आबादी को सशक्त किए बिना 2047 तक विकसित भारत का लक्ष्य हासिल नहीं किया जा सकता। जीवन रूपी रथ के दो पहिए- स्त्री और पुरुष, दोनों के समान रूप से मजबूत होने पर ही राष्ट्र आगे बढ़ सकता है।” उन्होंने दिल्ली सरकार की इन पहलों को महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का आभार
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस कार्यक्रम को नारी सम्मान और आत्मनिर्भरता का संकल्प बताया। उन्होंने कहा, “जब बेटी सशक्त होती है तो परिवार सशक्त होता है। राष्ट्रपति मुर्मू की उपस्थिति देश की बेटियों के लिए प्रेरणा है।” उन्होंने पूर्व में लंबित ‘लाडली योजना’ की राशि को लाभार्थियों तक पहुंचाने के लिए सरकार के प्रयासों पर प्रकाश डाला और ‘सशक्त नारी से समृद्ध दिल्ली’ के संकल्प को दोहराया।Delhi News












