कौन सा टूर्नामेंट कब? 2026 में होने वाले बड़े इवेंट्स की पूरी टाइमलाइन
भारत के लिहाज से खास बात यह है कि साल की शुरुआत ही क्रिकेट के बड़े आकर्षण के साथ होती नजर आ रही है, जबकि आगे बढ़ते-बढ़ते 2026 कई खेलों में भारत की प्रतिष्ठा और पदक उम्मीदों की कड़ी परीक्षा भी लेगा।

Sports Calendar 2026 : अगर आप खेलों के शौकीन हैं, तो 2026 आपके लिए किसी उत्सव से कम नहीं होने वाला। क्रिकेट के बड़े मुकाबलों से लेकर फुटबॉल विश्व कप, कॉमनवेल्थ गेम्स, हॉकी वर्ल्ड कप, बैडमिंटन के टॉप टूर्नामेंट और एथलेटिक्स के हाई-वोल्टेज मुकाबले इस साल का स्पोर्ट्स कैलेंडर रोमांच से भरा दिख रहा है। भारत के लिहाज से खास बात यह है कि साल की शुरुआत ही क्रिकेट के बड़े आकर्षण के साथ होती नजर आ रही है, जबकि आगे बढ़ते-बढ़ते 2026 कई खेलों में भारत की प्रतिष्ठा और पदक उम्मीदों की कड़ी परीक्षा भी लेगा।
वर्ल्ड कप से पहले टीम का रोडमैप तय
2026 के शुरुआती महीने भारत में क्रिकेट का माहौल गर्म रख सकते हैं। जनवरी में भारतीय टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे और टी20 सीरीज में भिड़ेगी। फैंस की नजरें खास तौर पर उन सीनियर खिलाड़ियों पर रहेंगी, जिनका अनुभव बड़े टूर्नामेंट से पहले टीम को संतुलन दे सकता है। इसके तुरंत बाद फरवरी-मार्च का फोकस ICC T20 वर्ल्ड कप 2026 पर जाएगा। यह टूर्नामेंट टीम इंडिया के लिए सिर्फ ट्रॉफी का लक्ष्य नहीं, बल्कि रणनीति, संयोजन और दबाव में प्रदर्शन की कसौटी भी होगा। कप्तान सूर्यकुमार यादव और कोचिंग सेटअप के लिए यह अभियान ‘करो या दिखाओ’ वाले माहौल जैसा माना जा सकता है।
बैडमिंटन और WPL
क्रिकेट के साथ-साथ दिल्ली में इंडियन ओपन बैडमिंटन जैसे आयोजन भी चर्चा में रहेंगे। वहीं महिला क्रिकेट में WPL का आयोजन भी इस साल आकर्षण बढ़ाएगा। भारत में महिला क्रिकेट का ग्राफ जिस तरह ऊपर जा रहा है, उसके बीच WPL का हर सीजन अब सिर्फ टूर्नामेंट नहीं—एक बड़े स्पोर्टिंग प्रोडक्ट की तरह देखा जा रहा है।
2026 का स्पोर्ट्स टाइमलाइन
- मार्च–अप्रैल: IPL का हाई-वोल्टेज सीजन—स्टार खिलाड़ियों, नए टैलेंट और प्लेऑफ रेस का रोमांच चरम पर रहेगा।
- जून–जुलाई: FIFA World Cup 2026 (11 जून से 19 जुलाई) — फुटबॉल की दुनिया का सबसे बड़ा मंच, जहां हर मुकाबला ‘फाइनल’ जैसा लगेगा। इसी दौर में भारत की महिला टीम यूके में वर्ल्ड T20 (महिला) खेलने जा सकती है, जबकि पुरुष टीम का भी जुलाई में यूके दौरा चर्चा में रहेगा।
- 23 जुलाई–2 अगस्त: कॉमनवेल्थ गेम्स (ग्लासगो) — मल्टी-स्पोर्ट इवेंट में भारत के लिए पदकों की दौड़, खासकर शूटिंग/रेसलिंग/बैडमिंटन/एथलेटिक्स जैसे खेलों में उम्मीदें रहेंगी।
कॉमनवेल्थ के बाद हॉकी की बड़ी परीक्षा
कॉमनवेल्थ गेम्स की रौनक थमते ही भारतीय खेल जगत की निगाहें सीधे हॉकी पर टिक जाएंगी। कुछ ही हफ्तों के भीतर नीदरलैंड्स और बेल्जियम की धरती पर होने वाला हॉकी वर्ल्ड कप टीम इंडिया के लिए सिर्फ एक टूर्नामेंट नहीं, बल्कि ‘मेडल मिशन’ होगा जहां हर मैच में गलती की गुंजाइश बेहद कम रहेगी। लेकिन असली चुनौती यहीं खत्म नहीं होती। वर्ल्ड कप की थकान उतरने से पहले ही टीम के सामने एशियन गेम्स का बड़ा इम्तिहान होगा।
दिल्ली में बैडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप
हॉकी के साथ-साथ दिल्ली में बैडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप की मेजबानी भी चर्चा का केंद्र रहेगी। भारतीय जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी–चिराग शेट्टी जैसे स्टार खिलाड़ी घरेलू दर्शकों के सामने बड़ा संदेश देना चाहेंगे खासकर एशियन गेम्स से पहले यह टूर्नामेंट लय और आत्मविश्वास दोनों के लिए निर्णायक साबित हो सकता है। इसके बाद भारतीय दल का फोकस नागोया (जापान) में होने वाले एशियन गेम्स की ओर शिफ्ट होगा, जहां कई खेलों में भारत की पदक तालिका और प्रतिष्ठा की परीक्षा होगी।
नीरज चोपड़ा की वापसी
इन तमाम बड़े आयोजनों के बीच भारतीय एथलेटिक्स की सबसे बड़ी उम्मीद नीरज चोपड़ा एक बार फिर डायमंड लीग के मंच पर अपनी चमक बिखेरने उतरेंगे। यह सिर्फ एक और सीजन नहीं होगा, बल्कि उनके लिए री-स्टार्ट बटन दबाने जैसा मौका होगा जहां वह पिछले साल की चूकों और निराशाओं को पीछे छोड़कर नई लय में लौटना चाहेंगे।
साल का आखिरी हिस्सा
जैसे-जैसे 2026 आगे बढ़ेगा, भारतीय क्रिकेट की कहानी टी20 की चमक से निकलकर टेस्ट की सख्त धूप में आ जाएगी। अगस्त में श्रीलंका के खिलाफ होने वाली टेस्ट सीरीज टीम इंडिया के लिए लय बनाने और संयोजन परखने का अहम पड़ाव होगी, लेकिन असली ‘लिटमस टेस्ट’ अक्टूबर के न्यूजीलैंड दौरे पर लिखा होगा। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की रेस में यह सीरीज निर्णायक मोड़ ला सकती है क्योंकि कीवी पिचों पर सीम मूवमेंट, स्विंग और मौसम तीनों मिलकर बल्लेबाजों का इम्तिहान लेते हैं। इतिहास यही बताता है कि न्यूजीलैंड में जीतना आसान नहीं, और इसी वजह से यह दौरा टीम इंडिया के लिए तकनीक, धैर्य और मानसिक मजबूती की असली परीक्षा बनने जा रहा है। Sports Calendar 2026
Sports Calendar 2026 : अगर आप खेलों के शौकीन हैं, तो 2026 आपके लिए किसी उत्सव से कम नहीं होने वाला। क्रिकेट के बड़े मुकाबलों से लेकर फुटबॉल विश्व कप, कॉमनवेल्थ गेम्स, हॉकी वर्ल्ड कप, बैडमिंटन के टॉप टूर्नामेंट और एथलेटिक्स के हाई-वोल्टेज मुकाबले इस साल का स्पोर्ट्स कैलेंडर रोमांच से भरा दिख रहा है। भारत के लिहाज से खास बात यह है कि साल की शुरुआत ही क्रिकेट के बड़े आकर्षण के साथ होती नजर आ रही है, जबकि आगे बढ़ते-बढ़ते 2026 कई खेलों में भारत की प्रतिष्ठा और पदक उम्मीदों की कड़ी परीक्षा भी लेगा।
वर्ल्ड कप से पहले टीम का रोडमैप तय
2026 के शुरुआती महीने भारत में क्रिकेट का माहौल गर्म रख सकते हैं। जनवरी में भारतीय टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे और टी20 सीरीज में भिड़ेगी। फैंस की नजरें खास तौर पर उन सीनियर खिलाड़ियों पर रहेंगी, जिनका अनुभव बड़े टूर्नामेंट से पहले टीम को संतुलन दे सकता है। इसके तुरंत बाद फरवरी-मार्च का फोकस ICC T20 वर्ल्ड कप 2026 पर जाएगा। यह टूर्नामेंट टीम इंडिया के लिए सिर्फ ट्रॉफी का लक्ष्य नहीं, बल्कि रणनीति, संयोजन और दबाव में प्रदर्शन की कसौटी भी होगा। कप्तान सूर्यकुमार यादव और कोचिंग सेटअप के लिए यह अभियान ‘करो या दिखाओ’ वाले माहौल जैसा माना जा सकता है।
बैडमिंटन और WPL
क्रिकेट के साथ-साथ दिल्ली में इंडियन ओपन बैडमिंटन जैसे आयोजन भी चर्चा में रहेंगे। वहीं महिला क्रिकेट में WPL का आयोजन भी इस साल आकर्षण बढ़ाएगा। भारत में महिला क्रिकेट का ग्राफ जिस तरह ऊपर जा रहा है, उसके बीच WPL का हर सीजन अब सिर्फ टूर्नामेंट नहीं—एक बड़े स्पोर्टिंग प्रोडक्ट की तरह देखा जा रहा है।
2026 का स्पोर्ट्स टाइमलाइन
- मार्च–अप्रैल: IPL का हाई-वोल्टेज सीजन—स्टार खिलाड़ियों, नए टैलेंट और प्लेऑफ रेस का रोमांच चरम पर रहेगा।
- जून–जुलाई: FIFA World Cup 2026 (11 जून से 19 जुलाई) — फुटबॉल की दुनिया का सबसे बड़ा मंच, जहां हर मुकाबला ‘फाइनल’ जैसा लगेगा। इसी दौर में भारत की महिला टीम यूके में वर्ल्ड T20 (महिला) खेलने जा सकती है, जबकि पुरुष टीम का भी जुलाई में यूके दौरा चर्चा में रहेगा।
- 23 जुलाई–2 अगस्त: कॉमनवेल्थ गेम्स (ग्लासगो) — मल्टी-स्पोर्ट इवेंट में भारत के लिए पदकों की दौड़, खासकर शूटिंग/रेसलिंग/बैडमिंटन/एथलेटिक्स जैसे खेलों में उम्मीदें रहेंगी।
कॉमनवेल्थ के बाद हॉकी की बड़ी परीक्षा
कॉमनवेल्थ गेम्स की रौनक थमते ही भारतीय खेल जगत की निगाहें सीधे हॉकी पर टिक जाएंगी। कुछ ही हफ्तों के भीतर नीदरलैंड्स और बेल्जियम की धरती पर होने वाला हॉकी वर्ल्ड कप टीम इंडिया के लिए सिर्फ एक टूर्नामेंट नहीं, बल्कि ‘मेडल मिशन’ होगा जहां हर मैच में गलती की गुंजाइश बेहद कम रहेगी। लेकिन असली चुनौती यहीं खत्म नहीं होती। वर्ल्ड कप की थकान उतरने से पहले ही टीम के सामने एशियन गेम्स का बड़ा इम्तिहान होगा।
दिल्ली में बैडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप
हॉकी के साथ-साथ दिल्ली में बैडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप की मेजबानी भी चर्चा का केंद्र रहेगी। भारतीय जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी–चिराग शेट्टी जैसे स्टार खिलाड़ी घरेलू दर्शकों के सामने बड़ा संदेश देना चाहेंगे खासकर एशियन गेम्स से पहले यह टूर्नामेंट लय और आत्मविश्वास दोनों के लिए निर्णायक साबित हो सकता है। इसके बाद भारतीय दल का फोकस नागोया (जापान) में होने वाले एशियन गेम्स की ओर शिफ्ट होगा, जहां कई खेलों में भारत की पदक तालिका और प्रतिष्ठा की परीक्षा होगी।
नीरज चोपड़ा की वापसी
इन तमाम बड़े आयोजनों के बीच भारतीय एथलेटिक्स की सबसे बड़ी उम्मीद नीरज चोपड़ा एक बार फिर डायमंड लीग के मंच पर अपनी चमक बिखेरने उतरेंगे। यह सिर्फ एक और सीजन नहीं होगा, बल्कि उनके लिए री-स्टार्ट बटन दबाने जैसा मौका होगा जहां वह पिछले साल की चूकों और निराशाओं को पीछे छोड़कर नई लय में लौटना चाहेंगे।
साल का आखिरी हिस्सा
जैसे-जैसे 2026 आगे बढ़ेगा, भारतीय क्रिकेट की कहानी टी20 की चमक से निकलकर टेस्ट की सख्त धूप में आ जाएगी। अगस्त में श्रीलंका के खिलाफ होने वाली टेस्ट सीरीज टीम इंडिया के लिए लय बनाने और संयोजन परखने का अहम पड़ाव होगी, लेकिन असली ‘लिटमस टेस्ट’ अक्टूबर के न्यूजीलैंड दौरे पर लिखा होगा। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की रेस में यह सीरीज निर्णायक मोड़ ला सकती है क्योंकि कीवी पिचों पर सीम मूवमेंट, स्विंग और मौसम तीनों मिलकर बल्लेबाजों का इम्तिहान लेते हैं। इतिहास यही बताता है कि न्यूजीलैंड में जीतना आसान नहीं, और इसी वजह से यह दौरा टीम इंडिया के लिए तकनीक, धैर्य और मानसिक मजबूती की असली परीक्षा बनने जा रहा है। Sports Calendar 2026












