
Kargil Vijay Diwas 2023[/caption]
यह जंग कितनी पुरानी है?
Greater Noida News, Kargil Vijay Diwas 2023 : हमारा पड़ोसी देश पाकिस्तान जब से जन्मा है या यह कहे की जबसे उसका नामकरण हुआ है, तबसे ही संघर्ष कर रहा है भारत को किसी न किसी तरह नीचे गिराने के लिए। लेकिन अपनी असली हैसियत पाकिस्तान को 1971 में पता चली जब पाकिस्तान की सेना ने भारत की सेना के आगे घुटने टेक दिये और आत्मसमर्पण कर दिया। परिणामस्वरूप, बांग्लादेश का निर्माण हुआ। तबसे चाहे प्रत्यक्ष सशस्त्र संघर्ष सीमित हो, लेकिन पास की पहाड़ी चोटियों पर सैन्य चौकियाँ स्थापित करके सियाचिन ग्लेशियर पर नियंत्रण करने के लिए पाकिस्तान हमेशा बेचैन रहता है।
वोह धमाके बड़े थे
नोएडा न्यूज़, Kargil Vijay Diwas 2023 : स्थिति काबू से बाहर तब होने लगी जब 1998 में दोनों देशों ने परमाणु परीक्षण किए। फरवरी 1999 में लाहौर घोषणा से सब गलतफहमी में थे कि तनाव कम होगा और कश्मीर संघर्ष का शांतिपूर्ण और द्विपक्षीय समाधान निकलेगा। लेकिन 1998-1999 की सर्दियों के दौरान, पाकिस्तानी सशस्त्र बलों ने नियंत्रण रेखा (एलओसी) को पार करने और कारगिल, लद्दाख क्षेत्र के द्रास और बटालिक सेक्टरों में एनएच 1 ए की अनदेखी करने वाले गढ़वाले स्थानों पर कब्जा करने के लिए सैनिकों को गुप्त रूप से प्रशिक्षित और तैनात किया। उनका उद्देश्य क्षेत्र में सैन्य और नागरिक दोनों आंदोलनों पर नियंत्रण हासिल करना था।
[caption id="attachment_103943" align="aligncenter" width="700"]
Kargil Vijay Diwas 2023[/caption]
भारतीय खूफिया दिमाग
शुरुआत में, भारतीय सैनिकों को यह इंटेलिजेंस मिली कि घुसपैठिए कट्टरपंथी एजेंडे वाले आतंकवादी या 'जिहादी' है। लेकिन यहा कहानी कुछ और थी। जैसे ही भारतीय इंटेलिजेंस एजेन्सीस को पक्की खबर मिली, यह स्पष्ट हो गया कि हमला एक बड़ी और अधिक संगठित योजना का हिस्सा था। जवाब में, भारतीय पक्ष को जवाबी कार्रवाई करने और क्षेत्र में 200,000 से अधिक भारतीय जवानों की एक भीम्काय सेना तैनात करनी पड़ी।
कारगिल युद्ध का अंत
ग्रेटर नोएडा न्यूज़, Kargil Vijay Diwas 2023 : साल 1999 में पाकिस्तानी घुसपैठी आतंकवादी व सैनिक छिपकर कारगिल की पहाड़ियों में घुस आए थे। उसी दौरान भारतीय सैनिकों ने पाकिस्तानी आतंकवादियों व सैनिकों के खिलाफ ऑपरेशन विजय की शुरुआत की। भारत और पाकिस्तान के बीच लगभग 60 दिनों तक युद्ध चला। और आखिरकार 26 जुलाई को भारतीय सेना ने अपने पराक्रम के दम पर कारगिल की पहाड़ियों को पाकिस्तानी आतंकवादियों व सैनिकों के चंगुल से मुक्त कराया। 60 दिन तक चले इस कारगिल युद्ध में 500 से भी ज्यादा भारतीय सेना के जवान शहीद हुए।
"आओ झुककर सलाम करें उनको
जिनके हिस्से मे ये मुकाम आता है,
खुशनसीब हैं वो जिनका
खून देश के काम आता है"
विजयी भवः
राष्ट्रिय न्यूज़, Kargil Vijay Diwas 2023 : 26 जुलाई 2023 को कारगिल 1999 के युद्ध में भारतीय सशस्त्र बलों की जीत के जश्न के रूप मे मनाया जाता है। कारगिल युद्ध ऑपरेशन विजय के तहत मई से जुलाई 1999 तक चला। आज का दिन भारतीय सैनिकों की बहादुरी और बलिदान को श्रद्धांजलि देने का दिन है। यह सिर्फ उन 527 वीर सपूतो का दिन नहीं है जिनहोने भारत माँ के आंचल कि रक्षा करने के लिए शहादत देदी थी। बल्कि, यह उस हर भारतीय का दिन है जिनके दिल मे देश के लिए कुर्बान होने का जज़्बा है।