फरवरी से तेज होगी नोएडा की कनेक्टिविटी, इंटरसिटी रूटों पर बढ़ेंगी बस सेवाएं
इसका सीधा फायदा यह होगा कि सुबह-शाम की भीड़ घटेगी, बस मिलने में होने वाला लंबा इंतजार कम होगा, और नोएडा से मेरठ-बुलंदशहर जाने वाले यात्रियों को ज्यादा नियमित व सुविधाजनक सेवा मिल सकेगी।

Noida News : नोएडा के यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। नोएडा डिपो से मेरठ, बुलंदशहर समेत आसपास के कई शहरों की ओर चलने वाली बस सेवाओं में फेरों (ट्रिप्स) की संख्या बढ़ाई जा रही है। यह बदलाव फरवरी के पहले सप्ताह से लागू होने की तैयारी में है। परिवहन विभाग का फोकस उन रूटों पर है, जहां नोएडा और एनसीआर से रोजाना बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही रहती है और भीड़ के चलते समय पर बस मिलना मुश्किल हो जाता है। बताया जा रहा है कि नोएडा डिपो में फिलहाल 188 बसें तैनात हैं, जिनमें साधारण और सीएनजी बसें शामिल हैं। इन बसों के जरिए नोएडा से आगरा, मथुरा, एटा, कासगंज, बदायूं, हाथरस, कालागढ़, शिकोहाबाद, बिजनौर, लखनऊ, बरेली, हरिद्वार, कोटद्वार, देहरादून और मेरठ जैसे प्रमुख शहरों के लिए नियमित सेवाएं संचालित होती हैं। कई बसें कौशांबी (गाजियाबाद) डिपो से यात्रियों को लेकर आगे अपने रूट पर रवाना होती हैं, जिससे नोएडा के यात्रियों को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलती है।
मेरठ-बुलंदशहर रूट पर सबसे ज्यादा असर
परिवहन विभाग की मानें तो नोएडा डिपो से मेरठ रूट पर फिलहाल 24 बसें नियमित रूप से चल रही हैं, जबकि करीब 20 अन्य रूटों की बसें भी मेरठ तक पहुंचती हैं। दूसरी ओर, बुलंदशहर के लिए अभी 12 बसें संचालित हैं। लेकिन यात्रियों की बढ़ती संख्या और पीक आवर्स में बढ़ते दबाव को देखते हुए विभाग अब इन्हीं प्रमुख रूटों पर फेरों (ट्रिप्स) में इजाफा करने जा रहा है। इसका सीधा फायदा यह होगा कि सुबह-शाम की भीड़ घटेगी, बस मिलने में होने वाला लंबा इंतजार कम होगा, और नोएडा से मेरठ-बुलंदशहर जाने वाले यात्रियों को ज्यादा नियमित व सुविधाजनक सेवा मिल सकेगी।
फरवरी से लागू होगा नया प्लान
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम गौतमबुद्ध नगर के क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार के मुताबिक नोएडा डिपो की बसों से प्रतिदिन औसतन 29 से 30 हजार यात्री सफर कर रहे हैं। गर्मी के मौसम में यात्रियों की संख्या और बढ़ने की संभावना रहती है। यही वजह है कि इस बार पहले से तैयारी करते हुए फेरों में इजाफा किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि नोएडा से पड़ोसी शहरों की ओर जाने वाले यात्रियों की संख्या में हर साल बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। जरूरत के हिसाब से पहले भी बसों के चक्कर बढ़ाए जाते रहे हैं और अतिरिक्त बसें जोड़ी जाती रही हैं। इस बार नोएडा को केंद्र में रखते हुए रूट मैनेजमेंट को और मजबूत किया जाएगा, ताकि मेरठ-बुलंदशहर समेत अन्य जिलों के यात्रियों को ज्यादा सुविधाजनक और नियमित बस सेवा मिल सके। Noida News
Noida News : नोएडा के यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। नोएडा डिपो से मेरठ, बुलंदशहर समेत आसपास के कई शहरों की ओर चलने वाली बस सेवाओं में फेरों (ट्रिप्स) की संख्या बढ़ाई जा रही है। यह बदलाव फरवरी के पहले सप्ताह से लागू होने की तैयारी में है। परिवहन विभाग का फोकस उन रूटों पर है, जहां नोएडा और एनसीआर से रोजाना बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही रहती है और भीड़ के चलते समय पर बस मिलना मुश्किल हो जाता है। बताया जा रहा है कि नोएडा डिपो में फिलहाल 188 बसें तैनात हैं, जिनमें साधारण और सीएनजी बसें शामिल हैं। इन बसों के जरिए नोएडा से आगरा, मथुरा, एटा, कासगंज, बदायूं, हाथरस, कालागढ़, शिकोहाबाद, बिजनौर, लखनऊ, बरेली, हरिद्वार, कोटद्वार, देहरादून और मेरठ जैसे प्रमुख शहरों के लिए नियमित सेवाएं संचालित होती हैं। कई बसें कौशांबी (गाजियाबाद) डिपो से यात्रियों को लेकर आगे अपने रूट पर रवाना होती हैं, जिससे नोएडा के यात्रियों को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलती है।
मेरठ-बुलंदशहर रूट पर सबसे ज्यादा असर
परिवहन विभाग की मानें तो नोएडा डिपो से मेरठ रूट पर फिलहाल 24 बसें नियमित रूप से चल रही हैं, जबकि करीब 20 अन्य रूटों की बसें भी मेरठ तक पहुंचती हैं। दूसरी ओर, बुलंदशहर के लिए अभी 12 बसें संचालित हैं। लेकिन यात्रियों की बढ़ती संख्या और पीक आवर्स में बढ़ते दबाव को देखते हुए विभाग अब इन्हीं प्रमुख रूटों पर फेरों (ट्रिप्स) में इजाफा करने जा रहा है। इसका सीधा फायदा यह होगा कि सुबह-शाम की भीड़ घटेगी, बस मिलने में होने वाला लंबा इंतजार कम होगा, और नोएडा से मेरठ-बुलंदशहर जाने वाले यात्रियों को ज्यादा नियमित व सुविधाजनक सेवा मिल सकेगी।
फरवरी से लागू होगा नया प्लान
उत्तर प्रदेश परिवहन निगम गौतमबुद्ध नगर के क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार के मुताबिक नोएडा डिपो की बसों से प्रतिदिन औसतन 29 से 30 हजार यात्री सफर कर रहे हैं। गर्मी के मौसम में यात्रियों की संख्या और बढ़ने की संभावना रहती है। यही वजह है कि इस बार पहले से तैयारी करते हुए फेरों में इजाफा किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि नोएडा से पड़ोसी शहरों की ओर जाने वाले यात्रियों की संख्या में हर साल बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। जरूरत के हिसाब से पहले भी बसों के चक्कर बढ़ाए जाते रहे हैं और अतिरिक्त बसें जोड़ी जाती रही हैं। इस बार नोएडा को केंद्र में रखते हुए रूट मैनेजमेंट को और मजबूत किया जाएगा, ताकि मेरठ-बुलंदशहर समेत अन्य जिलों के यात्रियों को ज्यादा सुविधाजनक और नियमित बस सेवा मिल सके। Noida News












