
महिला वनडे वर्ल्ड कप 2025 के सेमीफाइनल में टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया जैसी दिग्गज टीम को 5 विकेट से मात देकर फाइनल में धमाकेदार एंट्री की। डीवाई पाटिल स्टेडियम में हुआ ये मुकाबला सिर्फ जीत नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट के नए युग की घोषणा था। पूरे देश में जश्न का माहौल है और इसी रोमांचक जीत पर भारतीय मेंस टीम के हेड कोच गौतम गंभीर ने ऐसा बयान दिया, जिसने क्रिकेटप्रेमियों को 14 साल पीछे, 2011 के उस सुनहरे पल में पहुंचा दिया जब मुंबई की मिट्टी ने भारत को विश्वविजेता बनाया था। ICC Women's ODI World Cup 2025
सेमीफाइनल में भारत की ऐतिहासिक जीत के बाद गौतम गंभीर ने जो कहा, उसने हर क्रिकेटप्रेमी के दिल में जोश भर दिया। उनका बधाई संदेश सुनकर मानो ‘मांझी: द माउंटेन मैन’ की वो पंक्ति कानों में गूंज उठी - “जब तक तोड़ेंगे नहीं, तब तक छोड़ेंगे नहीं!” गंभीर ने अपने X (Twitter) अकाउंट पर लिखा - जब तक खेल खत्म नहीं हो जाता, तब तक उसे खत्म नहीं माना जाता! शानदार खेल दिखाया लड़कियों
भारत ने सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 339 रन का विशाल लक्ष्य चेज़ कर वर्ल्ड कप इतिहास की सबसे बड़ी जीत दर्ज की। इस जीत की असली हीरो बनीं जेमिमा रॉड्रिग्ज़, जिन्होंने नंबर 3 पर उतरकर नाबाद 127 रन (134 गेंद) की करिश्माई पारी खेली। उन्होंने शुरुआत से लेकर अंत तक मोर्चा संभाले रखा और टीम को फाइनल में पहुंचाया। यह सिर्फ एक जीत नहीं, बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट की सीमाओं को तोड़ने वाला क्षण था।
जेमिमा रॉड्रिग्ज़ की यह इनिंग सिर्फ रन बनाने की कहानी नहीं थी, यह भारतीय क्रिकेट की दो पीढ़ियों को जोड़ देने वाला पल था। उनकी पारी ने 14 साल पुरानी यादों की धूल झाड़ दी जब 2011 में मुंबई के वानखेड़े पर गौतम गंभीर ने विश्व कप फाइनल में 97 रन ठोककर भारत को जीत की राह दिखाई थी। 2025 में वही जज़्बा, वही आत्मविश्वास जेमिमा के बल्ले में दिखा फर्क बस इतना था कि अब वानखेड़े की जगह डीवाई पाटिल था, और पुरुष टीम की जगह महिला टीम थी। ICC Women's ODI World Cup 2025