क्या जयंत चौधरी की पहल से भारतीय युवाओं के लिए विदेशों में करियर बनाने के नए रास्ते खुलेंगे ? भारत-कनाडा टैलेंट एंड इनोवेशन स्ट्रैटेजी के जरिए कौशल विकास, आधुनिक प्रशिक्षण, शिक्षा, शोध और तकनीकी सहयोग को नई दिशा देने की तैयारी है।

UP News : भारत के युवाओं को रोजगार के लिए बेहतर कौशल, आधुनिक प्रशिक्षण और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) तथा शिक्षा राज्य मंत्री चौधरी जयंत सिंह की भूमिका महत्वपूर्ण होती जा रही है। राष्ट्रीय लोक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष जयंत चौधरी कौशल विकास को केवल प्रशिक्षण तक सीमित रखने के बजाय उसे रोजगार, उद्यमिता, तकनीकी दक्षता और वैश्विक अवसरों से जोड़ने की दिशा में काम कर रहे हैं। इसी कड़ी में भारत और कनाडा के बीच कौशल विकास, प्रतिभा की आवाजाही, शिक्षा, शोध और नवाचार के क्षेत्र में सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा सामने आई है। कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद के साथ हुई बातचीत में उद्योगों की जरूरत के अनुरूप प्रशिक्षण, कौशल की पारस्परिक पहचान और Canada-India Talent and Innovation Strategy के माध्यम से दोनों देशों के युवाओं के लिए नए अवसर विकसित करने पर जोर दिया गया है। UP News
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भारत और कनाडा के बीच युवाओं के कौशल और शिक्षा को लेकर सहयोग की यह पहल केवल कूटनीतिक बातचीत तक सीमित नहीं है। इसका उद्देश्य दोनों देशों के शैक्षणिक संस्थानों, उद्योगों, शोधकर्ताओं और प्रतिभाशाली युवाओं के बीच ऐसे संबंध विकसित करना है, जिनसे ज्ञान और कौशल का वास्तविक आर्थिक लाभ मिल सके। कनाडा सरकार के आधिकारिक विवरण के अनुसार, Canada-India Talent and Innovation Strategy की शुरुआत 28 फरवरी 2026 को मुंबई में हुई थी। इस अवसर पर कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद, भारत के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी सहित शिक्षा एवं संस्थागत सहयोग से जुड़े प्रतिनिधि उपस्थित थे। इस रणनीति के तहत 13 नई साझेदारियों की घोषणा की गई थी और कनाडा के 20 से अधिक प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों को सहयोग के दायरे में लाने की बात कही गई। UP News
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इस रणनीति के प्रमुख उद्देश्य हैं:
यहां सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि जयंत चौधरी के नेतृत्व वाले कौशल विकास मंत्रालय के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग का व्यावहारिक लक्ष्य भारतीय युवाओं को बदलती अर्थव्यवस्था के अनुरूप तैयार करना है। हालांकि, इस रणनीति को कनाडा में सभी भारतीय युवाओं के लिए तत्काल नौकरी, वीजा या स्थायी निवास की गारंटी के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। UP News
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कौशल विकास मंत्रालय की जिम्मेदारी संभालने के बाद से जयंत चौधरी ने प्रशिक्षण, अप्रेंटिसशिप, उद्यमिता और भविष्य की जरूरतों वाले कौशल पर जोर दिया है। उनके मंत्रालय की नीतियों में यह दृष्टिकोण दिखाई देता है कि प्रशिक्षण की सफलता का मूल्यांकन केवल प्रशिक्षित लोगों की संख्या से नहीं, बल्कि उनके कौशल के इस्तेमाल, रोजगार और आजीविका के अवसरों से भी किया जाना चाहिए। जून 2025 में जारी Skills for the Future: Transforming India's Workforce Landscape रिपोर्ट के अवसर पर जयंत चौधरी ने कौशल विकास को उद्योगों की मांग के अनुरूप, बाजार से जुड़ा और परिणाम केंद्रित बनाने पर बल दिया था। यह दृष्टिकोण भारत-कनाडा सहयोग जैसे कार्यक्रमों के लिए भी प्रासंगिक है। UP News
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जयंत चौधरी की कौशल विकास संबंधी प्राथमिकताओं का एक महत्वपूर्ण पहलू उत्तर प्रदेश में प्रशिक्षण व्यवस्था को मजबूत करना भी है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश, नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों में युवाओं को उद्योगों की मांग के अनुसार तैयार करना रोजगार के लिहाज से महत्वपूर्ण है। 28 मार्च 2025 को कौशल विकास मंत्रालय और उत्तर प्रदेश सरकार के बीच हुई बैठक में प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप प्रोत्साहन योजना, पीएम विश्वकर्मा और महिला उद्यमिता से जुड़ी पहल पर चर्चा हुई थी। उस समय मंत्रालय की ओर से जारी जानकारी में उत्तर प्रदेश में प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत 24.73 लाख से अधिक अभ्यर्थियों को प्रशिक्षण दिए जाने का उल्लेख किया गया था। इस बैठक में ड्रोन सेवा तकनीशियन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इलेक्ट्रिक वाहन सर्विसिंग और सोलर फोटोवोल्टिक इंस्टॉलेशन जैसे नए रोजगार क्षेत्रों के लिए प्रशिक्षण को भी प्रमुखता दी गई थी। UP News
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उत्तर प्रदेश के संदर्भ में इस दिशा के तीन बड़े लाभ हो सकते हैं:
इन संभावनाओं को वास्तविक परिणामों में बदलने के लिए उद्योगों की भागीदारी, गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण और प्रशिक्षित युवाओं को नियोक्ताओं से जोड़ना आवश्यक होगा। UP News
किसी भी युवा के लिए केवल प्रमाणपत्र हासिल करना पर्याप्त नहीं होता। वास्तविक कार्यस्थल पर अनुभव, तकनीकी ज्ञान और उद्योगों की कार्यप्रणाली की समझ भी जरूरी होती है। इसी जरूरत को देखते हुए अप्रेंटिसशिप कार्यक्रमों को कौशल विकास व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया गया है।
केंद्रीय कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के अंतर्गत संचालित प्रमुख कार्यक्रमों में शामिल हैं:
प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY)
युवाओं को रोजगार से जुड़े कौशल का प्रशिक्षण देने और नए क्षेत्रों में दक्षता विकसित करने का कार्यक्रम।
राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप प्रोत्साहन योजना (NAPS)
प्रतिष्ठानों में अप्रेंटिसशिप प्रशिक्षण को प्रोत्साहित करने और युवाओं को कार्यस्थल पर व्यावहारिक अनुभव देने की व्यवस्था।
जन शिक्षण संस्थान (JSS)
विभिन्न समुदायों, महिलाओं और वंचित वर्गों तक कौशल प्रशिक्षण पहुंचाने तथा आजीविका के अवसर बढ़ाने की पहल।
उद्यमिता और भविष्य के कौशल
युवाओं को स्वरोजगार, तकनीकी नवाचार और बदलते रोजगार बाजार के लिए तैयार करने पर जोर। UP News
मंत्रालय की फरवरी 2026 में जारी जानकारी के अनुसार, वित्त वर्ष 2024-25 में प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत 20,38,319, जन शिक्षण संस्थान के तहत 5,00,469 और राष्ट्रीय अप्रेंटिसशिप प्रोत्साहन योजना के तहत 9,85,041 अभ्यर्थियों को प्रशिक्षित, उन्मुख या कार्यक्रमों में शामिल किया गया था। ये अलग-अलग योजनाओं के आंकड़े हैं, इसलिए इन्हें अलग-अलग श्रेणियों के रूप में ही समझना चाहिए। जयंत चौधरी के लिए अब एक बड़ी कसौटी यह भी है कि प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं को स्थायी रोजगार, बेहतर आय और आगे बढ़ने के अवसर कितनी प्रभावी तरह से मिल पाते हैं। UP News
भारत और कनाडा के संबंधों में पिछले कुछ वर्षों के दौरान कई चुनौतियां रही हैं। इसके बावजूद शिक्षा, व्यापार, तकनीक और लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने के लिए दोनों देशों की ओर से प्रयास किए जा रहे हैं।
14 अक्टूबर 2026 को कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद की भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों के वरिष्ठ नेताओं के बीच द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने पर चर्चा हुई। व्यापार, प्रौद्योगिकी, शिक्षा और लोगों के बीच संपर्क जैसे विषय इस व्यापक संवाद का हिस्सा रहे। इस व्यापक संदर्भ में कौशल विकास और प्रतिभा सहयोग का महत्व और बढ़ जाता है। भारत के पास युवा मानव संसाधन है, जबकि कनाडा के साथ शैक्षणिक संस्थानों, शोध और उद्योगों में सहयोग से नई संभावनाएं बन सकती हैं। फिर भी इस सहयोग की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि घोषित साझेदारियां कितनी प्रभावी तरह से लागू होती हैं, प्रशिक्षण कार्यक्रमों तक युवाओं की पहुंच कैसी रहती है और उनके लिए रोजगार या शोध के कितने वास्तविक अवसर पैदा होते हैं। UP News
राष्ट्रीय लोक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में जयंत चौधरी की राजनीतिक पहचान पश्चिमी उत्तर प्रदेश और किसान पृष्ठभूमि वाले क्षेत्रों से भी जुड़ी रही है। केंद्र सरकार में कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय की जिम्मेदारी उन्हें युवाओं, रोजगार और उद्यमिता के सवालों पर राष्ट्रीय स्तर पर काम करने का अवसर देती है। UP News
उनके लिए कुछ प्रमुख प्राथमिकताएं विशेष रूप से महत्वपूर्ण हो सकती हैं:
इन प्रयासों का प्रभाव तभी व्यापक होगा, जब युवाओं को प्रशिक्षण के साथ करियर मार्गदर्शन, उद्योगों तक पहुंच और अपनी योग्यता के अनुसार आगे बढ़ने के अवसर भी मिलें। UP News
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