BMC Exit Poll 2026 : मुंबई में भाजपा गठबंधन बनाएगा सरकार
महाराष्ट्र की 29 महानगरपालिकाओं के लिए मतदान प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, लेकिन सबसे ज़्यादा चर्चा बीएमसी (मुंबई महानगरपालिका ) चुनाव को लेकर है।

शिवसेना और एनसीपी में विभाजन के बाद यह पहला बीएमसी चुनाव है, जिस पर पूरे राज्य की राजनीतिक नज़रें टिकी हुई हैं। बीएमसी की 227 वार्ड सीटों के नतीजे कल यानी 16 जनवरी को घोषित किए जाएंगे, लेकिन उससे पहले आए एग्जिट पोल ने तस्वीर काफी हद तक साफ कर दी है।
बता दें कि एग्जिट पोल के आंकड़ों के मुताबिक फिर से भाजपा (भाजपा–शिंदे गुट) बीएमसी में सरकार की स्थिति में दिखाई दे रही है, जबकि उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे का गठबंधन पीछे रह सकता है।
डीवी रिसर्च का आकलन
डीवी रिसर्च के एग्जिट पोल के अनुसार महायुति को 107 से 122 सीटें मिलने का अनुमान है। ठाकरे बंधुओं के गठबंधन को 68 से 83 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस और वंचित बहुजन अघाड़ी को 18 से 25 सीटें, एनसीपी (अजित पवार गुट) को 2 से 4 सीटें, जबकि अन्य के खाते में 8 से 15 सीटें जाने की संभावना जताई जा रही है। बता दें कि वोट शेयर के लिहाज से महायुति को 41 प्रतिशत, ठाकरे गठबंधन को 33 प्रतिशत, कांग्रेस-वंचित गठबंधन को 13 प्रतिशत, एनसीपी (अजित पवार) को 3 प्रतिशत और अन्य को 10 प्रतिशत वोट मिलने का अनुमान है।
एक्सिस माई इंडिया का सर्वे
एक्सिस माई इंडिया के एग्जिट पोल में भी महायुति को बढ़त दिखाई गई है। इस सर्वे के अनुसार भाजपा गठबंधन को 131 से 151 सीटें, शिवसेना (यूबीटी) गठबंधन को 58 से 68 सीटें, कांग्रेस गठबंधन को 12 से 16 सीटें और अन्य को 6 से 12 सीटें मिल सकती हैं। महिलाओं और पुरुषों के वोट प्रतिशत में भी महायुति को बढ़त मिलती दिख रही है।
JVC एग्जिट पोल
बता दें कि JVC के अनुमान के मुताबिक महायुति को 42 से 45 प्रतिशत वोट शेयर और करीब 138 सीटें, ठाकरे ब्रदर्स के गठबंधन को 59 सीटें, कांग्रेस गठबंधन को 23 सीटें, जबकि अन्य को 7 सीटें मिल सकती हैं।
किसने कितनी सीटों पर लड़ा चुनाव
बता दें कि अंतिम सीट बंटवारे के अनुसार भाजपा ने 137 सीटों पर, एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने 90 सीटों पर चुनाव लड़ा। एनसीपी ने 94 सीटों पर अलग से उम्मीदवार उतारे। शिवसेना (यूबीटी) ने 163, मनसे ने 52, कांग्रेस ने 143 और वीबीए ने 46 उम्मीदवार मैदान में उतारे।
शिवसेना और एनसीपी में विभाजन के बाद यह पहला बीएमसी चुनाव है, जिस पर पूरे राज्य की राजनीतिक नज़रें टिकी हुई हैं। बीएमसी की 227 वार्ड सीटों के नतीजे कल यानी 16 जनवरी को घोषित किए जाएंगे, लेकिन उससे पहले आए एग्जिट पोल ने तस्वीर काफी हद तक साफ कर दी है।
बता दें कि एग्जिट पोल के आंकड़ों के मुताबिक फिर से भाजपा (भाजपा–शिंदे गुट) बीएमसी में सरकार की स्थिति में दिखाई दे रही है, जबकि उद्धव ठाकरे और राज ठाकरे का गठबंधन पीछे रह सकता है।
डीवी रिसर्च का आकलन
डीवी रिसर्च के एग्जिट पोल के अनुसार महायुति को 107 से 122 सीटें मिलने का अनुमान है। ठाकरे बंधुओं के गठबंधन को 68 से 83 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस और वंचित बहुजन अघाड़ी को 18 से 25 सीटें, एनसीपी (अजित पवार गुट) को 2 से 4 सीटें, जबकि अन्य के खाते में 8 से 15 सीटें जाने की संभावना जताई जा रही है। बता दें कि वोट शेयर के लिहाज से महायुति को 41 प्रतिशत, ठाकरे गठबंधन को 33 प्रतिशत, कांग्रेस-वंचित गठबंधन को 13 प्रतिशत, एनसीपी (अजित पवार) को 3 प्रतिशत और अन्य को 10 प्रतिशत वोट मिलने का अनुमान है।
एक्सिस माई इंडिया का सर्वे
एक्सिस माई इंडिया के एग्जिट पोल में भी महायुति को बढ़त दिखाई गई है। इस सर्वे के अनुसार भाजपा गठबंधन को 131 से 151 सीटें, शिवसेना (यूबीटी) गठबंधन को 58 से 68 सीटें, कांग्रेस गठबंधन को 12 से 16 सीटें और अन्य को 6 से 12 सीटें मिल सकती हैं। महिलाओं और पुरुषों के वोट प्रतिशत में भी महायुति को बढ़त मिलती दिख रही है।
JVC एग्जिट पोल
बता दें कि JVC के अनुमान के मुताबिक महायुति को 42 से 45 प्रतिशत वोट शेयर और करीब 138 सीटें, ठाकरे ब्रदर्स के गठबंधन को 59 सीटें, कांग्रेस गठबंधन को 23 सीटें, जबकि अन्य को 7 सीटें मिल सकती हैं।
किसने कितनी सीटों पर लड़ा चुनाव
बता दें कि अंतिम सीट बंटवारे के अनुसार भाजपा ने 137 सीटों पर, एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने 90 सीटों पर चुनाव लड़ा। एनसीपी ने 94 सीटों पर अलग से उम्मीदवार उतारे। शिवसेना (यूबीटी) ने 163, मनसे ने 52, कांग्रेस ने 143 और वीबीए ने 46 उम्मीदवार मैदान में उतारे।












