धर्म बदला जा सकता है किन्तु जाति नहीं बदलती

उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी जाति व्यवस्था से जुड़े हुए एक मामले का फैसला सुनाते हुए की है। महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट ने कहा है कि किसी इंसान की जाति उसके जन्म से तय होती है।

इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar13 Feb 2026 03:29 PM
bookmark

UP News : उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी अदालत यानी कि हाईकोर्ट ने बहुत महत्वपूर्ण टिप्पणी की है। उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी जाति व्यवस्था से जुड़े हुए एक मामले का फैसला सुनाते हुए की है। महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट ने कहा है कि किसी इंसान की जाति उसके जन्म से तय होती है। कोई भी व्यक्ति अपना धर्म तो बदल सकता है किन्तु अपनी जाति को नहीं बदल सकता। जाति वहीं रहती है जिस जाति के परिवार में किसी इंसान ने जन्म लिया है।

क्या है उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट की पूरी टिप्पणी

जाति व्यवस्था को लेकर की गई उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट की पूरी टिप्पणी आपको विस्तार से बता देते हैं। उत्तर प्रदेश के हाईकोर्ट का नाम इलाहाबाद हाईकोर्ट है। शुक्रवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक मामले में महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा है कि किसी व्यक्ति की जाति जन्म से निर्धारित होती है। धर्म परिवर्तन करने पर भी उसमें कोई बदलाव नहीं होता। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी महिला का विवाह यदि दूसरी जाति में हो जाए, तब भी उसकी मूल जाति समाप्त नहीं होती। यह टिप्पणी न्यायमूर्ति अनिल कुमार दशम ने दिनेश व अन्य की आपराधिक अपील खारिज करते हुए की। अपील में एससी/एसटी एक्ट के विशेष न्यायाधीश अलीगढ़ के सम्मन आदेश को चुनौती दी गई थी। उक्त आदेश में आरोपियों को एससी/एसटी एक्ट के तहत केस में तलब किया गया था।

दर्ज कराया गया था जाति सूचक शब्दों से अपमानित करने का मामला

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ जिले की रहने वाली एक महिला ने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने उससे मारपीट की, अभद्र भाषा का प्रयोग किया और जातिसूचक शब्दों से अपमानित किया। घटना में शिकायतकर्ता सहित तीन लोग घायल भी हुए थे। सम्मन आदेश को चुनौती देते हुए आरोपियों ने हाईकोर्ट में दलील दी कि शिकायतकर्ता भले ही जन्म से अनुसूचित जाति/जनजाति समुदाय से संबंधित है और मूल रूप से पश्चिम बंगाल की निवासी है, लेकिन जाट समुदाय के व्यक्ति से विवाह करने के बाद उसने अपनी मूल जाति का दर्जा खो दिया है। आरोपियों का तर्क था कि विवाह के बाद महिला अपने पति की जाति में सम्मिलित हो जाती है। इसलिए एससी/एसटी एक्ट के तहत की गई कार्रवाई अनुचित है। यह भी कहा गया कि यह शिकायत, आरोपियों की ओर से पहले दर्ज कराई गई FIR के प्रतिशोध में दर्ज की गई है।

राज्य सरकार ने किया तर्क का विरोध

राज्य सरकार की ओर से इस तर्क का विरोध किया गया। सरकारी पक्ष ने कोर्ट को बताया कि शिकायत और FIR में वर्णित घटनाएं एक ही दिन और समान समय की हैं, इसलिए इसे प्रतिशोध की कार्रवाई नहीं माना जा सकता। हाईकोर्ट ने पाया कि ट्रायल कोर्ट ने शिकायतकर्ता और गवाहों के बयान और मेडिकल तथ्यों पर विचार के बाद ही आरोपियों को तलब किया था। कोर्ट ने यह भी कहा कि किसी मामले में क्रॉस-केस (विपरीत पक्ष द्वारा दर्ज मामला) होना शिकायत को खारिज करने का आधार नहीं बन सकता। जहां तक विवाह के बाद जाति बदलने के तर्क का प्रश्न है, कोर्ट ने उसे अस्वीकार करते हुए कहा कि कोई व्यक्ति धर्म परिवर्तन कर सकता है, लेकिन उसकी जाति वही रहती है, जो जन्म से निर्धारित होती है। विवाह से भी किसी व्यक्ति की जाति में परिवर्तन नहीं होता। इसलिए यह तर्क स्वीकार करने योग्य नहीं है। इन सभी तथ्यों और कानूनी पहलुओं पर विचार के बाद हाईकोर्ट ने आरोपियों की आपराधिक अपील खारिज कर दी और ट्रायल कोर्ट का सम्मन आदेश बरकरार रखा है। UP News

संबंधित खबरें

अगली खबर पढ़ें

उत्तर प्रदेश में मुख्तार अंसारी के शूटर की दिनदहाड़े हत्या

उत्तर प्रदेश की बड़ी खबर यह है कि कुख्यात माफिया सरगना मुख्तार अंसारी के शूटर रहे शोएब उर्फ बॉबी की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई है। दिनदहाड़े हुई हत्या की यह घटना भरे बाजार में हुई है।

मुख्तार अंसारी के शूटर शोएब उर्फ बॉबी
मुख्तार अंसारी के शूटर शोएब उर्फ बॉबी
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar13 Feb 2026 03:02 PM
bookmark

UP News : उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले से बड़ी खबर आ रही है। उत्तर प्रदेश की बड़ी खबर यह है कि कुख्यात माफिया सरगना मुख्तार अंसारी के शूटर रहे शोएब उर्फ बॉबी की दिनदहाड़े हत्या कर दी गई है। दिनदहाड़े हुई हत्या की यह घटना भरे बाजार में हुई है। दिनदहाड़े इतनी बड़ी घटना से पूरे उत्तर प्रदेश में हड़कंप मच गया है।

लम्बे समय तक मुख्तार अंसारी के लिए काम करता था शूटर शोएब उर्फ बॉबी

आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में जिस शूटर शोएब उर्फ बॉबी की हत्या हुई है वह कुख्यात शूटर था। उत्तर प्रदेश पुलिस के अधिकारियों ने बताया है कि कुख्यात शूटर शोएब उर्फ बॉबी लम्बे समय तक माफिया सरगना मुख्तार अंसारी के लिए काम करता था। मुख्तार अंसारी की मौत के बाद शोएब उर्फ बॉबी मुख्तार अंसरी के गिरोह का संचालन कर रहा था। पुलिस सूत्रों ने आशंका जताई है कि मुख्तार अंसारी के गिरोह में वर्चस्व की लड़ाई के कारण शोएब उर्फ बॉबी की हत्या की गई हो सकती है। उत्तर प्रदेश पुलिस पूरे मामले की हर पहलू से जांच कर रही है।

उत्तर प्रदेश के चर्चित जेलर काण्ड में आया था शोएब उर्फ बॉबी का नाम

आपको यह भी बता दें कि कुछ वर्ष पहले शोएब उर्फ बॉबी का नाम उत्तर प्रदेश में हुए चर्चित जेलर हत्याकांड में भी सामने आया था। उत्तर प्रदेश पुलिस का दावा है कि कुख्यात शूटर शोएब उर्फ बॉबी जेल हत्याकांड का मुख्य आरोपी था। वह लम्बे समय से पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ था। उत्तर प्रदेश पुलिस ने यह भी बताया है कि शूटर शोएब उर्फ बॉबी के विरूद्ध हत्या, रंगदारी तथा गैंगस्टर से जुड़े हुए दो दर्जन से अधिक मामले दर्ज थे।

बाराबंकी में की जा रही है घेराबंदी

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में दिनदाहड़े हुए हत्याकांड के बाद हत्यारों की घेराबंदी की जा रही है। इस दौरान पुलिस ने बाराबंकी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि हमलावरों की पहचान की जा सके। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि शुरुआती जांच में यह सुनियोजित हमला प्रतीत होता है. फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य जुटाए हैं और कुछ संदिग्धों की तलाश में दबिश दी जा रही है। UP News

संबंधित खबरें

अगली खबर पढ़ें

उत्तर प्रदेश में आजम खान की भरपाई करेंगे नसीमुद्दीन सिद्दीकी

उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी समाजवादी पार्टी को आजम खान के स्थान पर एक बड़े मुस्लिम चेहरे की तलाश रही है। समाजवादी पार्टी की यह तलाश शुक्रवार को समाप्त हो गई है। एक समय में बहुजन समाज पार्टी के बड़े नेता रहे नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने समाजवादी पार्टी में शामिल होने की घोषणा कर दी है।

नसीमुद्दीन सिद्दीकी
नसीमुद्दीन सिद्दीकी
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar13 Feb 2026 02:42 PM
bookmark

UP News : उत्तर प्रदेश के कद्दावर मुस्लिम नेता आजम खान की राजनीतिक पारी लगभग समाप्त हो चुकी है। आजम खान इतने बड़े कानूनी जाल में फंस चुके हैं कि उनकी नई राजनीतिक पारी की कोई संभावना नहीं बची है। उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी विपक्षी पार्टी समाजवादी पार्टी को आजम खान के स्थान पर एक बड़े मुस्लिम चेहरे की तलाश रही है। समाजवादी पार्टी की यह तलाश शुक्रवार को समाप्त हो गई है। एक समय में बहुजन समाज पार्टी के बड़े नेता रहे नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने समाजवादी पार्टी में शामिल होने की घोषणा कर दी है।

सपा में शामिल होंगे नसीमुद्दीन सिद्दीकी

हाल ही में कांग्रेस पार्टी छोडऩे वाले नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने शुक्रवार को नई राजनीतिक पारी की घोषणा कर दी है। यह घोषणा करते हुए नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा है कि वें जल्दी ही समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण करेंगे। इस घोषणा के साथ ही समाजवादी पार्टी की बड़े मुस्लिम चेहरे की तलाश पूरी हो गई है। माना जा रहा है कि नसीमुद्दीन सिद्दीकी सपा में आजम खान का स्थान लेंगे।

बसपा में नम्बर-2 की हैसियत रही है नसीमुद्दीन सिद्दीकी की

आपको याद दिला दें कि उत्तर प्रदेश में कभी बसपा की सरकार के वक्त नसीमुद्दीन सिद्दीकी पार्टी में नंबर दो की पोजिशन पर माने जाते थे। सरकार और संगठन में उनका काफी बोलबाला रहता था। लेकिन सरकार जाने के बाद उनका रुतबा कम होता गया। रूतबा घटने के बाद उन्होंने कांग्रेस पार्टी का हाथ थाम लिया था। हाल ही में कांग्रेस छोडऩे पर नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा था- मुझे किसी के प्रति कोई नाराजगी नहीं है। मैं खडग़े, राहुल, प्रियंका, सोनिया जी का सम्मान करता हूं और करता रहूंगा। मेरे लिए वहां कोई काम नहीं था। मैं एक जमीनी स्तर का कार्यकर्ता हूं। 8 सालों तक मैं जमीनी स्तर पर काम नहीं कर सका। मैं कभी हाई-प्रोफाइल नेता नहीं रहा, न अब हूं, इसलिए मैं जमीनी स्तर पर काम करना चाहता हूं, इसी कारण मैंने पार्टी छोड़ी। अब नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने सपा में शामिल होने की घोषणा कर दी है। UP News



संबंधित खबरें