एशिया की सबसे बड़ी चीनी उत्तर प्रदेश में कहां है, लाखों किसानों की बनी है लाइफलाइन
उत्तर प्रदेश गन्ना उत्पादन के मामले में देश का अग्रणी राज्य माना जाता है। पूर्वांचल से लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक बड़े पैमाने पर गन्ने की खेती की जाती है। इसी गन्ना उत्पादन के दम पर प्रदेश में कई बड़ी चीनी मिलें संचालित होती हैं।

UP News : उत्तर प्रदेश गन्ना उत्पादन के मामले में देश का अग्रणी राज्य माना जाता है। पूर्वांचल से लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक बड़े पैमाने पर गन्ने की खेती की जाती है। इसी गन्ना उत्पादन के दम पर प्रदेश में कई बड़ी चीनी मिलें संचालित होती हैं। लेकिन बहुत कम लोगों को पता है कि एशिया की सबसे बड़ी चीनी मिल भी उत्तर प्रदेश में ही स्थित है, जो लाखों किसानों की आजीविका का बड़ा सहारा बनी हुई है।
भारत का सबसे बड़ा गन्ना उत्पादक राज्य है उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश लंबे समय से गन्ना उत्पादन में देश में पहले स्थान पर बना हुआ है। यहां की उपजाऊ जलोढ़ मिट्टी और अनुकूल जलवायु गन्ने की खेती के लिए बेहद उपयुक्त मानी जाती है। कृषि आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2022-23 में प्रदेश में करीब 2252.2 लाख टन गन्ने का उत्पादन हुआ था, जो देश में सबसे अधिक है।
प्रदेश में करीब 125 चीनी मिलें संचालित
अगर चीनी उद्योग की बात करें तो उत्तर प्रदेश में लगभग 125 चीनी मिलें संचालित हैं। इनमें से अधिकतर मिलें पश्चिमी उत्तर प्रदेश में स्थित हैं। प्रमुख जिलों में बिजनौर, शामली, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, मेरठ के अलावा पूर्वांचल के गोरखपुर और कुशीनगर जैसे जिलों में भी कई चीनी मिलें मौजूद हैं।
मुजफ्फरनगर में स्थित है एशिया की सबसे बड़ी चीनी मिल
एशिया की सबसे बड़ी चीनी मिल उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के खतौली में स्थित है। इस मिल को त्रिवेणी इंजीनियरिंग एण्ड इंडस्ट्री द्वारा संचालित त्रिवेणी चीनी मिल के नाम से जाना जाता है। यह मिल उत्पादन और भंडारण क्षमता के मामले में एशिया की सबसे बड़ी मिलों में गिनी जाती है। यहां हर साल बड़ी मात्रा में गन्ने की पेराई की जाती है, जिससे हजारों लोगों को रोजगार मिलता है और आसपास के लाखों किसानों को सीधा लाभ पहुंचता है।
1993 से संचालित हो रही है खतौली की यह मिल
मुजफ्फरनगर के खतौली में स्थित यह विशाल चीनी मिल 1993 से संचालित हो रही है। इसका स्थान भी भौगोलिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि यह गंग नहर क्षेत्र के पास स्थित है, जहां गन्ने की खेती बड़े पैमाने पर होती है। भारत दुनिया के बड़े चीनी उत्पादक देशों में शामिल है। वैश्विक स्तर पर चीनी उत्पादन में ब्राजील पहले स्थान पर है, जबकि उसके बाद इंडिया और चाइना का स्थान आता है। भारत में तैयार की गई चीनी का निर्यात कई देशों में किया जाता है।
UP News : उत्तर प्रदेश गन्ना उत्पादन के मामले में देश का अग्रणी राज्य माना जाता है। पूर्वांचल से लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक बड़े पैमाने पर गन्ने की खेती की जाती है। इसी गन्ना उत्पादन के दम पर प्रदेश में कई बड़ी चीनी मिलें संचालित होती हैं। लेकिन बहुत कम लोगों को पता है कि एशिया की सबसे बड़ी चीनी मिल भी उत्तर प्रदेश में ही स्थित है, जो लाखों किसानों की आजीविका का बड़ा सहारा बनी हुई है।
भारत का सबसे बड़ा गन्ना उत्पादक राज्य है उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश लंबे समय से गन्ना उत्पादन में देश में पहले स्थान पर बना हुआ है। यहां की उपजाऊ जलोढ़ मिट्टी और अनुकूल जलवायु गन्ने की खेती के लिए बेहद उपयुक्त मानी जाती है। कृषि आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2022-23 में प्रदेश में करीब 2252.2 लाख टन गन्ने का उत्पादन हुआ था, जो देश में सबसे अधिक है।
प्रदेश में करीब 125 चीनी मिलें संचालित
अगर चीनी उद्योग की बात करें तो उत्तर प्रदेश में लगभग 125 चीनी मिलें संचालित हैं। इनमें से अधिकतर मिलें पश्चिमी उत्तर प्रदेश में स्थित हैं। प्रमुख जिलों में बिजनौर, शामली, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, मेरठ के अलावा पूर्वांचल के गोरखपुर और कुशीनगर जैसे जिलों में भी कई चीनी मिलें मौजूद हैं।
मुजफ्फरनगर में स्थित है एशिया की सबसे बड़ी चीनी मिल
एशिया की सबसे बड़ी चीनी मिल उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के खतौली में स्थित है। इस मिल को त्रिवेणी इंजीनियरिंग एण्ड इंडस्ट्री द्वारा संचालित त्रिवेणी चीनी मिल के नाम से जाना जाता है। यह मिल उत्पादन और भंडारण क्षमता के मामले में एशिया की सबसे बड़ी मिलों में गिनी जाती है। यहां हर साल बड़ी मात्रा में गन्ने की पेराई की जाती है, जिससे हजारों लोगों को रोजगार मिलता है और आसपास के लाखों किसानों को सीधा लाभ पहुंचता है।
1993 से संचालित हो रही है खतौली की यह मिल
मुजफ्फरनगर के खतौली में स्थित यह विशाल चीनी मिल 1993 से संचालित हो रही है। इसका स्थान भी भौगोलिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि यह गंग नहर क्षेत्र के पास स्थित है, जहां गन्ने की खेती बड़े पैमाने पर होती है। भारत दुनिया के बड़े चीनी उत्पादक देशों में शामिल है। वैश्विक स्तर पर चीनी उत्पादन में ब्राजील पहले स्थान पर है, जबकि उसके बाद इंडिया और चाइना का स्थान आता है। भारत में तैयार की गई चीनी का निर्यात कई देशों में किया जाता है।












