ग्रेटर नोएडा में फायर विभाग कर्मचारी ने की आत्महत्या

जानकारी के मुताबिक, बागपत के गांव हलालपुर निवासी संदीप कुमार ग्रेटर नोएडा स्थित फायर ऑफिस में फायरमैन के तौर पर तैनात था। मंगलवार रात ड्यूटी पूरी करने के बाद वह बैरक में आराम करने चला गया। बुधवार सुबह जब ड्यूटी के लिए सहकर्मी ने उसे कॉल किया तो फोन रिसीव नहीं हुआ।

फायर ऑफिस बैरक में फायरमैन की मौत
फायर ऑफिस बैरक में फायरमैन की मौत
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar21 Jan 2026 12:43 PM
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Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा में फायर विभाग के एक फायरमैन ने अपनी बैरक के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना थाना नॉलेज पार्क क्षेत्र की बताई जा रही है। मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि फायरमैन लंबे समय से मानसिक तनाव से गुजर रहा था। जानकारी के मुताबिक, बागपत के गांव हलालपुर निवासी संदीप कुमार ग्रेटर नोएडा स्थित फायर ऑफिस में फायरमैन के तौर पर तैनात था। मंगलवार रात ड्यूटी पूरी करने के बाद वह बैरक में आराम करने चला गया। बुधवार सुबह जब ड्यूटी के लिए सहकर्मी ने उसे कॉल किया तो फोन रिसीव नहीं हुआ। इसके बाद सहकर्मी बैरक पर पहुंचा, जहां अंदर से दरवाजा बंद मिला। कई बार आवाज देने और खटखटाने के बाद भी कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली तो अन्य फायरकर्मी भी मौके पर जुट गए।

फोरेंसिक टीम ने जुटाए सबूत

अनहोनी की आशंका के बीच दरवाजा तोड़ा गया। अंदर प्रवेश करते ही संदीप कुमार का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला। फायर विभाग ने तत्काल थाना नॉलेज पार्क पुलिस को सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची, शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और परिजनों को घटना की जानकारी दी। फोरेंसिक टीम ने भी मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए।

जांच में जुटी ग्रेटर नोएडा पुलिस

थाना नॉलेज पार्क पुलिस के अनुसार, घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। प्राथमिक जांच में पता चला है कि संदीप कुमार वर्ष 2016 में फायर विभाग में कांस्टेबल पद पर भर्ती हुआ था और साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी भी कर रहा था। बताया जा रहा है कि पिता का 2018 में और मां का 2024 में निधन हो गया था। परिजनों और सहकर्मियों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस मान रही है कि माता-पिता के निधन के बाद से वह डिप्रेशन में रहने लगा था। सहकर्मियों ने यह भी बताया कि उसका किसी से विवाद या झगड़ा नहीं था। फिलहाल ग्रेटर नोएडा पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी। इस घटना से फायर विभाग के कर्मचारियों में शोक का माहौल है। Greater Noida News

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ग्रेटर नोएडा में CRPF के कांस्टेबल और पत्नी की खौफनाक करतूत, केस दर्ज

पुलिस के मुताबिक, यह घटना ग्रेटर नोएडा के ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र की बताई जा रही है। मामले की शिकायत CRPF के एक सूबेदार मेजर की ओर से दी गई, जिसके आधार पर पुलिस ने आरोपी पति-पत्नी के खिलाफ केस दर्ज कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया है।

CRPF कांस्टेबल और पत्नी पर केस दर्ज
CRPF कांस्टेबल और पत्नी पर केस दर्ज
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar19 Jan 2026 01:56 PM
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Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) में तैनात एक कांस्टेबल और उसकी पत्नी पर आरोप है कि उन्होंने घर में रखी गई 10 वर्षीय नाबालिग बच्ची की बेरहमी से पिटाई की, जिससे बच्ची की हालत बेहद गंभीर हो गई। बच्ची को इलाज के लिए ग्रेटर नोएडा के नजदीकी एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां वह वेंटिलेटर सपोर्ट पर जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रही है। पुलिस के मुताबिक, यह घटना ग्रेटर नोएडा के ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र की बताई जा रही है। मामले की शिकायत CRPF के एक सूबेदार मेजर की ओर से दी गई, जिसके आधार पर पुलिस ने आरोपी पति-पत्नी के खिलाफ केस दर्ज कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया है।

बिना अनुमति घर में रखी गई थी बच्ची

शिकायत के अनुसार, 235 बटालियन में तैनात कांस्टेबल तारीक अनवर ने अपनी पत्नी रिंपा खातून उर्फ रिया खातून के रिश्तेदार की 10 वर्षीय बेटी को ग्रेटर नोएडा स्थित अपने सरकारी/आवासीय परिसर में रखा था। आरोप है कि बच्ची को घरेलू कामकाज और अपने बच्चों की देखभाल के लिए लाया गया था, जबकि उसे घर में रखने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की अनुमति नहीं ली गई थी।

पिटाई के बाद वेंटिलेटर तक पहुंची बच्ची

जांच में सामने आया है कि ग्रेटर नोएडा में कुछ समय से बच्ची को छोटी-छोटी बातों पर लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था। आरोप है कि 14 और 15 जनवरी की मध्यरात्रि में कांस्टेबल और उसकी पत्नी ने बच्ची के साथ गंभीर मारपीट की। पिटाई के दौरान बच्ची को गंभीर चोटें आईं और वह बेहोश होकर गिर पड़ी। इसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसकी हालत नाजुक बताते हुए वेंटिलेटर पर रखा। ईकोटेक-3 थाना पुलिस ने आरोपी दंपत्ति के खिलाफ BNS की धारा 110 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। थाना प्रभारी के अनुसार, कार्रवाई के बाद दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।

परिवार की मजबूरी का फायदा उठाने का आरोप

प्रारंभिक पूछताछ में पुलिस को जानकारी मिली है कि बच्ची आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से है। बताया गया कि बच्ची के पिता ने मां को छोड़ दिया था, जिससे परिवार कठिन परिस्थितियों से गुजर रहा था। इसी बीच “बेहतर परवरिश” का भरोसा दिलाकर रिंपा खातून बच्ची को ग्रेटर नोएडा अपने साथ ले आई थी। आरोप है कि घर लाने के बाद बच्ची को लगातार मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी।

अब जांच के केंद्र में कई सवाल

ग्रेटर नोएडा पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि बच्ची को किस प्रक्रिया के तहत साथ लाया गया, क्या यह बाल श्रम/बाल संरक्षण कानूनों का उल्लंघन है, और बच्ची के साथ पहले भी हिंसा हुई थी या नहीं। साथ ही, अस्पताल की मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी धाराएं बढ़ाई जा सकती हैं। Greater Noida News

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ग्रेटर नोएडा में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का खेल

ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के गाँव चिपियाना बुजुर्ग में रहने वाले सामाजिक कार्यकर्ता वीरेन्द्र शर्मा ने इस मामले की शिकायत गौतमबुद्धनगर जिले की जिलाधिकारी मेधा रूपम तथा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की है।

सरकारी जमीन पर कब्जे का खेल
सरकारी जमीन पर कब्जे का खेल
locationभारत
userआरपी रघुवंशी
calendar19 Jan 2026 02:35 PM
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Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के द्वारा अधिग्रहित सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का ताजा मामला प्रकाश में आया है। ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता ने सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा करके प्लाटिंग करने की शिकायत दर्ज कराई है। ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के गाँव चिपियाना बुजुर्ग में रहने वाले सामाजिक कार्यकर्ता वीरेन्द्र शर्मा ने इस मामले की शिकायत गौतमबुद्धनगर जिले की जिलाधिकारी मेधा रूपम तथा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तक से शिकायत करने के बावजूद अवैध कब्जे का खेल लगातार चल रहा है।

क्या है ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में अवैध कब्जे का पूरा मामला?

ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के गाँव चिपियाना बुजुर्ग में चल रहे अवैध कब्जे के खेल में भू-माफिया सरकारी जमीन पर प्लाटिंग करने का अवैध धंधा चला रहे हैं। इस मामले में नोएडा (गौतमबुद्धनगर) में जिलाधिकारी श्रीमती मेधा रूपम को भेजी गई शिकायत में कहा गया है कि ग्राम चिपियाना बुजुर्ग परगना व तहसील दादरी जिला गौतमबुद्धनगर में सरकारी बंजर भूमि खसरा नम्बर 250, 251 व 252 राजस्व अभिलेख में बंजर एल.एम.सी. की भूमि दर्ज है। इस सरकारी भूमि पर आस-पास के खसरा नम्बर के खातेदारों ने अपने खसरा नम्बर के आड में अपने खसरा नम्बर के टुकडों में बैनामा कर कब्जे सरकारी भूमि बंजर उपरोक्त में दे दिये है तथा सरकारी उपरोक्त भूमि में प्लाट काटकर भूमि को विक्रय कर रहे है, जिसकी पूर्व में भी क्षेत्र के लोगों ने लिखित व मौखिक शिकायत की। लेकिन भू-माफियों ने अपने रसूक के कारण कोई कार्यवाही नहीं होने दी। और धमकी देते हैं कि कहीं भी चले जायो किसी भी सरकारी कर्मचारी से शिकायत करों हमारा कुछ भी नहीं बिगडेगा। शिकायत में मांग की गई है कि चिपियाना बुजुर्ग की सरकारी बंजर भूमि खसरा नम्बर 250, 251 व 252 पर भू-माफियों द्वारा अवैध कब्जे की रिपोर्ट दर्ज कराकर अवैध कब्जे हटवायी जाये। 

ग्रेटर नोएडा के अनेक गाँवों में हो रहे हैं अवैध कब्जे

जिस प्रकार इस मामले में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे हो रहे हैं। ठीक उसी प्रकार ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के अनेक गाँवों में सरकारी जमीन पर कब्जों का खेल चल रहा है। बताया जाता है कि ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के एक दर्जन से ज्यादा गाँवों में भू-माफिया सक्रिय हैं। भू-माफिया नए-नए तरीके निकालकर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का खेल चला रहे हैं। इस प्रकार के मामलों को तुरंत नहीं रोका गया तो खाली पड़ी हुई सारी सरकारी जमीन पर जल्दी ही भू-माफिया कब्जा जमा लेंगे। Greater Noida News

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