Tuesday, 16 April 2024

रणजीत सिंह के नाम पर पड़ा रणजी ट्रॉफी, बने देश के पहले अंतराष्ट्रीय क्रिकेट खिलाड़ी

नई दिल्ली: देश में क्रिकेट को बहुत सम्मान दिया जाता है। इससे ज्यादा लोगों को क्रिकेट खिलाड़ियों से स्नेह होता…

रणजीत सिंह के नाम पर पड़ा रणजी ट्रॉफी, बने देश के पहले अंतराष्ट्रीय क्रिकेट खिलाड़ी

नई दिल्ली: देश में क्रिकेट को बहुत सम्मान दिया जाता है। इससे ज्यादा लोगों को क्रिकेट खिलाड़ियों से स्नेह होता है। भारत में क्रिकेट को काफी अहमियत मिलती है और इसके पीछे बस लोगों का जुनून है जिसने क्रिकेट की दीवानगी लोगों के ज़हन में पैदा कर दिया है। इसी क्रिकेट की अजब गज़ब की दुनिया में एक सितारा मौजूद है जिसके नाम पर इंडिया का सबसे बड़ा टूर्नामेंट खेला जाता है। हालांकि इस खिलाड़ी ने कभी इंडिया के लिए नहीं खेला फिर भी हैरत होती है कैसे इतने बड़े टूर्नामेंट का नाम इसके नाम पर रख दिया गया है। ये सबको अजीब लगता है कि इस ट्रॉफी का ऐसे क्रिकेटर के नाम पर रखा गया है जिसने इंग्लैंड के लिए क्रिकेट खेली है। हम सभी भारतीय लोगों के लिए गर्व दिलाने वाली बात है कि रणजी ट्रॉफी का नाम उनको सम्मान के लिए रखा गया है।

क्रिकेटर रंजीत सिंह का जन्म 10 सितंबर 1872 को काठियावाड़ में हुआ था। उन्होंने इंग्लैंड के लिए क्रिकेट खेला क्योंकि उस समय भारत अंग्रेजी हुकूमत के अधीन था। वे भारत के प्रथम खिलाड़ी हैं जिन्होंने इंटरनेशनल क्रिकेट में आगाज़ किया था। रणजीत सिंह ने 1896 में ऑस्ट्रेलिया के।लिया डेब्यू मैच खेला था। उनका क्रिकेट करियर 1902 में समाप्त हुआ जिसमें उन्होंने 15 मैच खेला। रणजीत सिंह ने पहले ही मैच में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शतक बनाया था। अपने छोटे से टेस्ट क्रिकेट करियर में उन्होंने 989 रन बनाए थे। इसके अलावा ससेक्स लंदन काउंटी और कैंब्रिज यूनिवर्सिटी के उन्होंने प्रथम श्रेणी क्रिकेट खेला था।

रणजीत सिंह विभाजी जडेजा नवानगर के जाने माने क्रिकेटर थे। उनको नवानगर में लोग रणजीत सिंह जी, जाम साहब, स्मिथ और रणजी के नाम से लोग उनको अच्छी तरह से जानते हैं।

Related Post