क्या आप अपना खुद का बिजनेस शुरू करना चाहते हैं या छोटे स्टार्टअप को बड़ा बनाना चाहते हैं? सरकार ने MSME, स्टार्टअप और छोटे उद्यमियों के लिए कई शानदार स्कीम्स शुरू की हैं। इसमें PMEGP, MUDRA, CGTMSE, Startup India Seed Fund, PLI, RAMP जैसी योजनाएं शामिल हैं।

आजकल ज्यादातर लोग किसी के अंडर में काम करना बिल्कुल पसंद नहीं करते हैं। हर कोई चाहता है कि वो अपना खुद का बिजनेस स्टार्ट करे। अगर आप भी उन्हीं में से एक हैं तो और बिजनेस शुरू करना चाहते हैं या छोटे से स्टार्टअप को बड़ा बनाना चाहते हैं तो सरकार ने इसके लिए कई बेहतरीन स्कीम्स लॉन्च की हैं। कुछ स्कीम्स सीधे पैसे देती हैं, कुछ लोन पर गारंटी देती हैं और कुछ टेक्नोलॉजी या मार्केट सपोर्ट में मदद करती हैं। चलिए जानते हैं ऐसे 10 स्कीम्स जो आपकी उद्यमिता को नया पंख दे सकती हैं।
अगर आप नया माइक्रो मैन्युफैक्चरिंग यूनिट या सर्विस बिजनेस शुरू करना चाहते हैं। चाहे वो गांव में हो या शहर में तो ये स्कीम आपके लिए है। इस स्कीम में प्रोजेक्ट कॉस्ट का 15–35% तक मार्जिन मनी सब्सिडी दी जाती है। छोटे फैक्ट्री, वर्कशॉप या दुकान शुरू करने वालों के लिए यह स्कीम बहुत फायदेमंद है। बता दें ये स्कीम FY 2025-26 तक पूरी तरह एक्टिव है। आप नीचे दिए गए लिंक पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं...
अगर आपको बैंक से बड़ा लोन चाहिए लेकिन कोलैटरल नहीं है तो CGTMSE आपके लिए लाइफसेवर है। सरकार की गारंटी के साथ बैंक बिना किसी जमानत के लोन दे सकते हैं। खासकर उन MSME के लिए जो एक्सपैंशन या नई मशीनरी के लिए 1–20 करोड़ का लोन चाहते हैं। आप नीचे दिए गए लिंक पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं...
अगर आप भी मैन्युफैक्चरिंग में बड़ा निवेश करना चाहते हैं तो ये स्कीम आपके लिए ₹100 करोड़ तक के टर्म लोन पर 60% गारंटी कवर देती है। बस ध्यान रहे कम से कम 75% प्रोजेक्ट कॉस्ट मशीनरी और इक्विपमेंट पर होना चाहिए। मिड-साइज फैक्ट्रियों, ऑटो कंपोनेंट्स, टेक्सटाइल और फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स के लिए ये बहुत मददगार है। आप नीचे दिए गए लिंक पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं...
छोटे पारंपरिक कारीगर जैसे-बढ़ई, लोहार, सुनार, दर्जी या मोची ये स्कीम आपके लिए है। स्किल ट्रेनिंग और टूलकिट के लिए ₹15,000 ई-वाउचर मिलेगा। साथ ही पहली किश्त में ₹1-1.5 लाख सस्ता लोन और आगे बढ़ाकर कुल ₹3 लाख तक की फंडिंग मिल सकती है।आप नीचे दिए गए लिंक पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं...
ये स्कीम छोटे स्टॉल, दुकान, सर्विस प्रोवाइडर या शुरुआती उद्यमियों के लिए है। ₹10 लाख तक का माइक्रो लोन मिलता है और बैकएंड में सरकार की क्रेडिट गारंटी है। आसान भाषा में कहें तो बैंक बिना ज्यादा जमानत के लोन दे सकते हैं।
अगर आपका स्टार्टअप अभी प्रूफ-ऑफ-कॉन्सेप्ट, प्रोटोटाइप या मार्केट एंट्री स्टेज पर है तो यह स्कीम ग्रांट और सॉफ्ट लोन के रूप में फंडिंग देती है। इसमें फंड सीधे इन्क्यूबेटर्स को जाता है जो आगे आपके स्टार्टअप को सपोर्ट करते हैं। । नीचे दिए गए लिंक पर अप्लाई कर सकते हैं..
DPIIT मान्यता प्राप्त स्टार्टअप जो लोन लेना चाहते हैं चाहे वो टर्म लोन हो, वर्किंग कैपिटल या कनवर्टिबल डेब्ट उनके लिए सरकार गारंटी देती है। अब 2025-26 के बजट में लोन कवर 20 करोड़ तक बढ़ गया है और फीस घटा दी गई है।
यह स्कीम पूरे देश के MSME को टेक्नोलॉजी अपग्रेड, मार्केट एक्सेस, डिजिटाइजेशन और ग्रीन प्रैक्टिस में मदद करती है। कुल मिलाकर ₹6000 करोड़ की मल्टी-इयर स्कीम है जो आपके सरकारी स्कीम्स के फायदे को बढ़ा देती है।
मिड-टू-लार्ज मैन्युफैक्चरिंग कंपनियों के लिए है। इलेक्ट्रॉनिक्स, फार्मा, ऑटो, टेक्सटाइल, EV बैटरी जैसे 14 सेक्टर में इनक्रिमेंटल सेल्स पर डायरेक्ट कैश इंसेंटिव मिलता है। 2025 तक ₹1.76 लाख करोड़ से ज्यादा निवेश और 12 लाख से अधिक जॉब्स पैदा हुए हैं।
टेक्सटाइल सेक्टर, स्टार्टअप और R&D इंस्टीट्यूट के लिए है। ₹305 करोड़ का सेंट्रल सेक्टर प्रोग्राम 2025-26 से 2030-31 तक चलेगा। स्मार्ट टेक्सटाइल, नई टेक्नोलॉजी, सस्टेनेबिलिटी और ग्लोबल मार्केट रेडीनेस पर फंडिंग देता है।