महिला एसडीएम ने खुद बुलडोजर चलाकर गिराया अवैध कॉलोनी, मचा हड़कंप

इस दौरान सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) अलका एक्का ने मौके पर मौजूद रहकर न सिर्फ कार्रवाई की निगरानी की, बल्कि खुद मशीन चलाकर अवैध कॉलोनी को ध्वस्त कराया। उनके इस तेवर से इलाके में सक्रिय भू-माफियाओं में हड़कंप मच गया।

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सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) अलका एक्का
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar03 Feb 2026 06:34 PM
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Illegal Construction : मध्य प्रदेश के पांढुर्णा क्षेत्र में अवैध निर्माण के खिलाफ प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) अलका एक्का ने मौके पर मौजूद रहकर न सिर्फ कार्रवाई की निगरानी की, बल्कि खुद मशीन चलाकर अवैध कॉलोनी को ध्वस्त कराया। उनके इस तेवर से इलाके में सक्रिय भू-माफियाओं में हड़कंप मच गया।

लंबे समय से मिल रही थी अवैध निर्माण की शिकायतें

जानकारी के अनुसार, जिस कॉलोनी पर कार्रवाई की गई, वह बिना किसी वैधानिक अनुमति के विकसित की जा रही थी। न तो कॉलोनी लेआउट स्वीकृत था और न ही संबंधित विभागों से जरूरी मंजूरी ली गई थी। प्रशासन को लंबे समय से इस अवैध निर्माण की शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद यह सख्त कदम उठाया गया।

दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा

कार्रवाई के दौरान एसडीएम अलका एक्का ने साफ शब्दों में कहा कि नियमों को ताक पर रखकर कॉलोनी विकसित करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में यदि कोई अवैध निर्माण सामने आता है, तो उसके खिलाफ भी इसी तरह सख्त कार्रवाई की जाएगी।

एसडीएम का दृढ़ रवैया लोगों के बीच चर्चा का विषय बना

इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एसडीएम का दृढ़ और अनुशासित रवैया लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रशासन का यह कदम उन लोगों के लिए सख्त संदेश माना जा रहा है, जो नियमों की अनदेखी कर जमीनों पर अवैध कब्जे और निर्माण कर रहे हैं। प्रशासनिक सूत्रों का कहना है कि यह कार्रवाई उच्च अधिकारियों के निर्देश पर की गई है और जिले में अवैध कॉलोनाइजेशन के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।

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सिर्फ 10,000 रुपये में मिल रहा है फ्लैट! क्या आपका नाम इस लिस्ट में है

हरियाणा मुख्यमंत्री शहरी आवास योजना 2026 के तहत EWS फ्लैट्स की बुकिंग शुरू हो गई है। आवेदक अब महज 10,000 रुपये देकर 400 वर्ग फीट के फ्लैट बुक कर सकते हैं। इस योजना के तहत केवल वही आवेदक बुकिंग करा सकते हैं जिनका नाम 23 अक्टूबर 2025 की लिस्ट में था।

Haryana Housing Scheme
मुख्यमंत्री शहरी आवास योजना
locationभारत
userअसमीना
calendar01 Feb 2026 12:43 PM
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हरियाणा सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर (EWS) वर्ग के लिए एक बड़ी सुविधा शुरू की है। मुख्यमंत्री शहरी आवास योजना के तहत आवेदक अब महज 10,000 रुपये देकर फ्लैट बुक कर सकते हैं। इस योजना का मकसद जरूरतमंद परिवारों को कम कीमत में आवास उपलब्ध कराना है। अगर आपने पहले आवेदन किया था तो अब आपके लिए फ्लैट बुक करने का सही समय है।

EWS फ्लैट बुकिंग कब और कैसे शुरू हुई?

EWS फ्लैट्स की बुकिंग 29 जनवरी, 2026 से शुरू हो गई है। इस बुकिंग का लाभ केवल उन्हीं आवेदकों को मिलेगा जिनका नाम 23 अक्टूबर, 2025 को जारी लिस्ट में था। इसके तहत 200 से 400 वर्ग फीट के फ्लैट्स उपलब्ध हैं। हरियाणा सरकार के अनुसार, इस योजना के फ्लैट की कीमत महज 1.5 लाख रुपये रखी गई है। केवल 10,000 रुपये देकर आप अपने फ्लैट को बुक कर सकते हैं और बाकी की राशि सरकार द्वारा तय तरीके से भरी जाएगी।

योजना के तहत कौन-कौन से शहरों में बुकिंग शुरू?

इस योजना के अंतर्गत फ्लैट्स निम्न शहरों में बुक किए जा सकते हैं जिनमें गुरुग्राम, रेवाड़ी, फरीदाबाद, पानीपत, रोहतक शामिल है। इन शहरों के लिए जारी लिस्ट में केवल वही आवेदक फ्लैट बुक कर सकते हैं जिनका नाम पहले से लिस्ट में शामिल है।

अपने नाम की लिस्ट कैसे देखें?

अगर आप इन शहरों से हैं और EWS कैटेगरी में आवेदन किया था, तो आप अपने नाम की जांच ऑनलाइन कर सकते हैं।

  • सबसे पहले हरियाणा सरकार के पोर्टल https://hfa.haryana.gov.in/ पर जाएं।
  • होम पेज पर ‘नवीनतम समाचार’ का सेक्शन ढूंढें।
  • यहां आपको सभी शहरों की अलग-अलग लिस्ट दिखाई देंगी।
  • ‘List of Eligible Candidate...’ के आगे अपने शहर का नाम देखें।

सीधे नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करके भी नाम चेक किया जा सकता है-

मुख्यमंत्री शहरी आवास योजना के लाभ

सस्ती कीमत: फ्लैट्स महज 1.5 लाख रुपये में।

EWS परिवारों के लिए आरक्षित: केवल आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए।

सरल बुकिंग प्रक्रिया: 10,000 रुपये देकर बुकिंग संभव।

शहरी आवास की सुविधा: छोटे शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के बीच भी आवास सुविधा।

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स्वरोजगार शुरू करने वाली महिलाओं के लिए सुनहरा अवसर, जानें पूरी प्रक्रिया

बिहार की महिलाओं के लिए खुशखबरी है। मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत पहले मिली 10,000 रुपये की आर्थिक मदद अब बढ़ाकर 2 लाख रुपये तक दी जाएगी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार के लिए आर्थिक सहायता देना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।

Mahila Rojgar Yojana
मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना
locationभारत
userअसमीना
calendar30 Jan 2026 12:39 PM
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बिहार की महिलाओं के लिए खुशखबरी है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपनी योजना “मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना” को और बड़ा करते हुए घोषणा की है कि पहले मिली 10,000 रुपये की आर्थिक मदद अब बढ़ाकर महिलाओं के खाते में अधिकतम 2 लाख रुपये तक पहुंचाई जाएगी। यह योजना विशेष रूप से उन महिलाओं के लिए है जो स्वरोजगार शुरू करना चाहती हैं और आर्थिक रूप से सशक्त बनना चाहती हैं।

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना क्या है?

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य की महिलाओं को स्वरोजगार के लिए आर्थिक सहायता देना है। इसके तहत महिलाओं को अपने व्यवसाय या छोटे व्यवसाय शुरू करने के लिए शुरुआती वित्तीय मदद दी जाती है। योजना का लक्ष्य है कि प्रत्येक परिवार की एक महिला उद्यमी के रूप में स्थापित हो और अपने परिवार के लिए स्थायी आय का साधन बनाए।

पहले चरण में महिलाओं को मिली 10 हजार रुपये की मदद

योजना के पहले चरण में बिहार की 1.56 करोड़ महिलाओं को 10-10 हजार रुपये दिए गए थे। यह राशि उनके खुद का रोजगार शुरू करने के लिए दी गई थी। अब तक सभी लाभार्थियों के खाते में यह राशि DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से ट्रांसफर की जा चुकी है। यदि किसी महिला को अब तक 10 हजार रुपये नहीं मिले हैं तो चिंता करने की जरूरत नहीं। सरकार ने कहा है कि शेष आवेदनकर्ताओं को भी जल्दी ही राशि उनके खातों में भेजी जाएगी।

अब महिलाओं को मिलेगी अतिरिक्त 2 लाख रुपये तक की मदद

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बताया कि, जिन महिलाओं ने पहली किस्त के 10 हजार रुपये का सही इस्तेमाल करके अपना रोजगार शुरू किया है उन्हें छह महीने के आकलन के बाद अधिकतम 2 लाख रुपये तक की अतिरिक्त आर्थिक मदद दी जाएगी। इस राशि का वितरण इस आधार पर किया जाएगा कि महिला का व्यवसाय कितना सफल रहा है और उसे कितनी वित्तीय मदद की जरूरत है। उदाहरण के लिए, अगर प्रशासन के आकलन में किसी महिला को व्यवसाय बढ़ाने के लिए केवल 50,000 रुपये की जरूरत है तो उसे उतनी ही राशि मिलेगी।

2 लाख रुपये के लिए अलग से फॉर्म भरने की जरूरत नहीं

इस योजना के तहत अतिरिक्त 2 लाख रुपये पाने के लिए अलग से नया फॉर्म भरने की जरूरत नहीं है। हालांकि, लाभार्थियों को अपने नजदीकी जीविका ऑफिस में आवेदन करना पड़ सकता है ताकि प्रशासन उनके व्यवसाय की प्रगति का आकलन कर सके।

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना का लाभ कौन-कौन ले सकता है?

वे महिलाएं जिन्होंने पहली किस्त के 10,000 रुपये अपने व्यवसाय के लिए सही तरीके से इस्तेमाल किए हैं। जिनका व्यवसाय सफलतापूर्वक चल रहा है और उसमें अतिरिक्त निवेश से और लाभ हो सकता है। योजना के लिए नए आवेदन फिलहाल बंद हैं। केवल पहले से आवेदन कर चुकी महिलाएं ही लाभार्थी बन सकती हैं।

मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना से महिलाओं को क्या मिलेगा?

1. स्वरोजगार के लिए शुरुआती आर्थिक मदद।

2. व्यवसाय बढ़ाने के लिए अधिकतम 2 लाख रुपये तक की अतिरिक्त राशि।

3. महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और सशक्त बनाने का अवसर।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने खुद कहा है कि यह योजना महिलाओं को व्यवसायिक स्वतंत्रता देने और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का प्रयास है।

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