संभल में पुलिस विभाग में बड़ा एक्शन : एसपी ने एसओजी की पूरी टीम को निलंबित किया

जिले के पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने स्पेशल आपरेशंस ग्रुप (एसओजी) की पूरी टीम को निलंबित कर दिया है। इस कार्रवाई में कुल आठ पुलिसकर्मी शामिल हैं। एसपी को टीम द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार के बारे में पता चला, जांच करने पर वह सही पाया गया।

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पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar16 Feb 2026 06:44 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश के संभल जिले में पुलिस विभाग में बड़ा एक्शन लिया गया है। जिले के पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने स्पेशल आपरेशंस ग्रुप (एसओजी) की पूरी टीम को निलंबित कर दिया है। इस कार्रवाई में कुल आठ पुलिसकर्मी शामिल हैं। एसपी को टीम द्वारा किए जा रहे भ्रष्टाचार के बारे में पता चला, जांच करने पर वह सही पाया गया। इसके बाद एसपी ने यह एक्शन लिया है।

क्या है पूरा मामला?

मिली शिकायतों के अनुसार एसओजी टीम पर अवैध वसूली और दबाव बनाकर पैसे लेने के आरोप लगे थे। बताया गया कि टीम के कुछ सदस्यों ने एक कबाड़ी से रकम की मांग की और कथित रूप से उससे पैसे भी लिए। मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचा तो एसपी ने तुरंत जांच के आदेश दिए।

क्यों है यह कार्रवाई अहम?

प्राथमिक जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद एसपी ने कड़ा रुख अपनाते हुए पूरी टीम को एक साथ सस्पेंड कर दिया। इस टीम में प्रभारी समेत हेड कॉन्स्टेबल और अन्य पुलिसकर्मी शामिल बताए जा रहे हैं। पूरी टीम को एक साथ निलंबित करना यह दशार्ता है कि विभाग भ्रष्टाचार या अनुशासनहीनता के मामलों में सख्ती बरत रहा है। संदेश साफ है कि अवैध वसूली या पद के दुरुपयोग को किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। UP News



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उत्तर प्रदेश की अंतरिक्ष में उड़ान, 40 विद्यालयों में स्पेस लैब स्थापित

राज्य सरकार और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के सहयोग से अब ग्रामीण विद्यार्थियों तक अंतरिक्ष विज्ञान और आधुनिक तकनीक की पढ़ाई पहुँचाई जा रही है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन ने महोबा जिले के 40 सरकारी विद्यालयों में विशेष स्पेस लैब स्थापित की हैं।

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ग्रामीण विद्यार्थियों तक अंतरिक्ष विज्ञान और आधुनिक तकनीक की पढ़ाई
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar16 Feb 2026 06:00 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश में शिक्षा और रक्षा क्षेत्र में एक साथ बड़े बदलाव की शुरुआत हो रही है। राज्य सरकार और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के सहयोग से अब ग्रामीण विद्यार्थियों तक अंतरिक्ष विज्ञान और आधुनिक तकनीक की पढ़ाई पहुँचाई जा रही है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन ने महोबा जिले के 40 सरकारी विद्यालयों में विशेष स्पेस लैब स्थापित की हैं। यह पहल स्थानीय प्रशासन और लखनऊ की व्योमिका फाउंडेशन के सहयोग से शुरू की गई है। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों को अंतरिक्ष विज्ञान, उपग्रह प्रणाली और उभरती तकनीकों से परिचित कराना है।

विद्यार्थियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा

इन लैब्स में विद्यार्थियों को केवल सैद्धांतिक ज्ञान ही नहीं, बल्कि व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। एक वर्ष के संरचित पाठ्यक्रम के माध्यम से छात्रों की नियमित मूल्यांकन प्रक्रिया होगी। बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को इसरो के अनुसंधान केंद्रों का भ्रमण करने का अवसर भी मिल सकता है।

लैब की प्रमुख सुविधाएँ

* आधुनिक दूरबीन

* 3डी प्रिंटर

* अंतरिक्ष मिशनों के मॉडल

* रोबोटिक्स किट

* ड्रोन उपकरण

* एसटीईएम आधारित प्रयोग सामग्री

इस पहल से बुंदेलखंड क्षेत्र के हजारों छात्रों को लाभ मिलने की संभावना है। इससे ग्रामीण और शहरी शिक्षा के बीच तकनीकी अंतर कम करने में मदद मिलेगी।

मेरठ में बनेगा समर्पित ड्रोन रनवे

रक्षा और सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में मेरठ में देश का पहला समर्पित मानव रहित विमान (ड्रोन) और ड्रोन रनवे विकसित किया जाएगा। यह परियोजना लगभग 406 करोड़ रुपये की लागत से 900 एकड़ क्षेत्र में तैयार की जाएगी। रनवे की लंबाई लगभग 2110 मीटर और चौड़ाई 45 मीटर प्रस्तावित है। यहाँ ड्रोन संचालन, परीक्षण और प्रशिक्षण की सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। साथ ही, आवश्यकता पड़ने पर परिवहन विमानों का संचालन भी संभव होगा।

संभावित उपयोग

सैन्य निगरानी, सीमा सुरक्षा, आपदा प्रबंधन, राहत एवं बचाव अभियान और दूरस्थ क्षेत्रों में आवश्यक सामग्री की आपूर्ति की जा सकेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि आधुनिक युद्ध और सुरक्षा रणनीतियों में ड्रोन तकनीक की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे में यह परियोजना देश की हवाई सुरक्षा क्षमता को नई मजबूती देगी। एक ओर जहां महोबा के सरकारी स्कूलों में अंतरिक्ष और कृत्रिम बुद्धिमत्ता की पढ़ाई शुरू हो रही है, वहीं दूसरी ओर मेरठ में ड्रोन रनवे जैसी रणनीतिक परियोजना पर काम आगे बढ़ रहा है। इन पहलों से स्पष्ट है कि उत्तर प्रदेश तकनीकी शिक्षा और राष्ट्रीय सुरक्षा दोनों क्षेत्रों में नई दिशा की ओर कदम बढ़ा रहा है। UP News


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उत्तर प्रदेश में 22 एक्सप्रेसवे और 16 हवाई अड्डे, इंफ्रास्ट्रक्चर में नई क्रांति

सड़क, रेल और हवाई कनेक्टिविटी में तेजी से सुधार किए जा रहे हैं, जिससे उद्योगों और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलेगा। राज्य में वर्तमान में 7 एक्सप्रेसवे संचालित हैं, जिनमें यमुना, आगरा-लखनऊ और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे शामिल हैं। इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद कुल 22 एक्सप्रेसवे प्रदेश को मिलेगा।

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प्रदेश को पूर्व से पश्चिम तक बेहतर कनेक्टिविटी
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar16 Feb 2026 05:25 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश में आर्थिक विकास को तेज करने और निवेश आकर्षित करने के लिए राज्य सरकार ने इन्फ्रास्ट्रक्चर पर विशेष ध्यान दिया है। सड़क, रेल और हवाई कनेक्टिविटी में तेजी से सुधार किए जा रहे हैं, जिससे उद्योगों और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा मिलेगा।

1. एक्सप्रेसवे नेटवर्क का विस्तार

* राज्य में वर्तमान में 7 एक्सप्रेसवे संचालित हैं, जिनमें यमुना, आगरा-लखनऊ और पूर्वांचल एक्सप्रेसवे शामिल हैं।

* 3 नए एक्सप्रेसवे निमार्णाधीन हैं और 12 अन्य परियोजनाओं की योजना प्रस्तावित है।

* इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद कुल 22 एक्सप्रेसवे प्रदेश को पूर्व से पश्चिम तक बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान करेंगे।

2. वाराणसी में शहरी रोपवे

* वाराणसी में विकसित की जा रही देश की पहली शहरी रोपवे परियोजना का उद्देश्य है:

* शहरी यातायात को कम करना

* पर्यटकों को शहर में आसान और सुरक्षित यात्रा सुविधा प्रदान करना

3. हवाई कनेक्टिविटी का सशक्तरण

* वर्तमान में उत्तर प्रदेश में 16 हवाई अड्डे, जिनमें 4 अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे शामिल हैं।

* नोएडा (जेवर) में नया अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा शुरू होने के बाद, यूपी 5 अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों वाला पहला राज्य बन जाएगा।

* इससे राज्य में विदेशी निवेश और पर्यटन दोनों को बढ़ावा मिलेगा।

4. मेट्रो और रीजनल ट्रांजिट सिस्टम

* मेट्रो रेल सेवा संचालित शहर: लखनऊ, नोएडा, कानपुर, आगरा

* नई मेट्रो परियोजनाएं प्रस्तावित हैं: मेरठ, गोरखपुर, प्रयागराज

* रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम के तहत नमो भारत ट्रेन न्यू अशोक नगर से मेरठ साउथ तक संचालन में है, जिससे दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी यूपी के बीच यात्रा अधिक तेज और सुविधाजनक होगी।

उत्तर प्रदेश की यह इन्फ्रास्ट्रक्चर रणनीति उद्योगों, व्यापार और पर्यटन के लिए नए अवसर पैदा कर रही है। बेहतर सड़कें, मेट्रो नेटवर्क और हवाई कनेक्टिविटी राज्य को आर्थिक रूप से और अधिक प्रतिस्पर्धी बनाएंगे। UP News

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