उत्तर प्रदेश में बीजेपी नेता ने किया यौन शोषण, महिला ने कहा-शादी करो नहीं तो जान दे दूंगी

कुंदरकी क्षेत्र के एक गांव में एक महिला उनके घर के बाहर धरने पर बैठी है और खुद को उनकी पत्नी बताते हुए वैधानिक मान्यता की मांग कर रही है। महिला का कहना है कि नेता ने उससे विवाह का वादा किया था। इसी भरोसे पर दोनों के बीच लंबे समय तक संबंध रहे।

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धरने पर बैठी महिला
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar16 Feb 2026 02:34 PM
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UP News : मुरादाबाद, उत्तर प्रदेश में एक पूर्व बीजेपी मंडल अध्यक्ष को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। कुंदरकी क्षेत्र के एक गांव में एक महिला उनके घर के बाहर धरने पर बैठी है और खुद को उनकी पत्नी बताते हुए वैधानिक मान्यता की मांग कर रही है। महिला का कहना है कि नेता ने उससे विवाह का वादा किया था। इसी भरोसे पर दोनों के बीच लंबे समय तक संबंध रहे। उसका दावा है कि बाद में एक मंदिर में शादी की रस्में भी पूरी की गईं, लेकिन अब नेता उसे सार्वजनिक रूप से पत्नी मानने से इंकार कर रहे हैं और घर में आने नहीं दे रहे। धरने पर बैठी महिला का कहना है कि जब तक उसे पत्नी का अधिकार नहीं मिलेगा, वह वहां से नहीं हटेगी। उसने आत्महत्या की चेतावनी भी दी है।

समर्थकों का पक्ष

नेता के समर्थक इन आरोपों को सिरे से खारिज कर रहे हैं। उनका कहना है कि यह सब राजनीतिक रंजिश के तहत रचा गया षड्यंत्र है, ताकि उनकी छवि को नुकसान पहुंचाया जा सके। जब से युवती भाजपा नेता के घर के आगे धरने पर बैठी है यह मामला काफी चर्चा में है। कुछ लोग नेता के पक्ष में हैं तो कुछ लोग महिला का पक्ष सही बता रहे हैं। पुलिस भी मामले की जानकारी के बाद अपनी तरफ से जांच कर रही है।

पुलिस की कार्रवाई

मामले की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभाला। दोनों पक्षों को थाने बुलाकर बयान दर्ज किए गए हैं। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों की जांच के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी। एहतियात के तौर पर क्षेत्र में पुलिस बल तैनात रखा गया है ताकि किसी तरह की अप्रिय घटना न हो। फिलहाल जांच जारी है और पूरे इलाके में इस मामले को लेकर चर्चा तेज है। UP News


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तीन शादी करने वाले आईएएस अवि प्रसाद की तीनों बीबियां आईएएस अधिकारी

तीसरा विवाह, जिसने प्रशासनिक हलकों से लेकर सोशल मीडिया तक लोगों का ध्यान खींचा है। दिलचस्प बात यह है कि उनकी तीनों शादियाँ सिविल सेवा से जुड़ी अधिकारियों से हुई हैं। दो आईएएस बीबियों से तलाक के बाद जब उन्होंने तीसरी शादी की तो वो भी आईएएस अधिकारी ही है।

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आईएएस अधिकारी अवि प्रसाद
locationभारत
userयोगेन्द्र नाथ झा
calendar16 Feb 2026 01:51 PM
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UP News : मध्य प्रदेश कैडर के आईएएस अधिकारी अवि प्रसाद एक बार फिर चर्चा में हैं। वजह है उनका तीसरा विवाह, जिसने प्रशासनिक हलकों से लेकर सोशल मीडिया तक लोगों का ध्यान खींचा है। दिलचस्प बात यह है कि उनकी तीनों शादियाँ सिविल सेवा से जुड़ी अधिकारियों से हुई हैं। दो आईएएस बीबियों से तलाक के बाद जब उन्होंने तीसरी शादी की तो वो भी आईएएस अधिकारी ही है। इस तीन शादी करने वाले आईएएस की काफी चर्चा हो रही है।

शुरुआती सफर: आईपीएस से आईएएस तक

अवि प्रसाद मूल रूप से सीतापुर (उत्तर प्रदेश) के रहने वाले हैं। उन्होंने पहले भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) की परीक्षा पास की थी, लेकिन इसके बाद दोबारा सिविल सेवा परीक्षा दी और बेहतर रैंक हासिल कर भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) में शामिल हुए।

मध्य प्रदेश कैडर मिलने के बाद उन्होंने विभिन्न जिलों में प्रशासनिक जिम्मेदारियाँ संभालीं और एक सक्रिय अधिकारी के रूप में पहचान बनाई।

वैवाहिक जीवन : तीन अध्याय

1 पहली शादी :

उनकी पहली शादी आईएएस अधिकारी रिजु बाफना से हुई थी। वे वर्तमान में शाजापुर जिले में कलेक्टर के पद पर कार्यरत हैं। कुछ समय बाद दोनों के बीच अलगाव हो गया।

 2 दूसरी शादी :

इसके बाद उन्होंने आईएएस अधिकारी मिशा सिंह से विवाह किया। वे भी प्रशासनिक सेवा में सक्रिय हैं और रतलाम जिले में कलेक्टर की जिम्मेदारी संभाल चुकी हैं। यह संबंध भी अंतत: समाप्त हो गया।

 3 तीसरी शादी :

हाल ही में अवि प्रसाद ने 2017 बैच की आईएएस अधिकारी अंकिता धाकरे के साथ विवाह किया। बताया जाता है कि यह समारोह कूनो राष्ट्रीय उद्यान में सादगी से आयोजित किया गया। अंकिता वर्तमान में राज्य मंत्रालय में डिप्टी सेक्रेटरी के रूप में कार्यरत हैं।

चर्चा की वजह क्या है?

अवि प्रसाद का नाम इसलिए सुर्खियों में है क्योंकि उनकी तीनों जीवनसंगिनी स्वयं आईएएस अधिकारी रही हैं और महत्वपूर्ण प्रशासनिक पदों पर कार्य कर रही हैं। प्रशासनिक सेवा में इस तरह की परिस्थितियाँ कम ही देखने को मिलती हैं, इसलिए यह विषय जनचर्चा का हिस्सा बन गया है। हालाँकि, यह पूरा मामला उनकी निजी जिंदगी से जुड़ा है। कानूनी रूप से यदि विवाह और तलाक नियमानुसार हुए हों, तो यह व्यक्तिगत निर्णय का विषय माना जाता है।UP News


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उत्तर प्रदेश के 18 जिलों के कोर्ट को मिली बम से उड़ाने की धमकी, मचा हड़कंप

सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं, कोर्ट परिसरों की घेराबंदी कर सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया और हर आने-जाने वाले पर कड़ी नजर रखी जा रही है।

उत्तर प्रदेश में बम धमकी से हड़कंप
उत्तर प्रदेश में बम धमकी से हड़कंप
locationभारत
userअभिजीत यादव
calendar16 Feb 2026 12:48 PM
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UP News : उत्तर प्रदेश से इस वक्त बड़ी खबर सामने आ रही है। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ और प्रमुख शहर अयोध्या समेत प्रदेश के 18 जिलों की कचहरियों को ईमेल के जरिए बम धमाके की धमकी मिली है, जिससे अदालत परिसरों में हड़कंप मच गया। धमकी देने वाले अज्ञात व्यक्ति ने पहले 11:15 बजे विस्फोट की चेतावनी दी, फिर कुछ ही देर बाद दूसरा मेल भेजकर समय बदलकर 12:15 बजे कर दिया। सूचना मिलते ही उत्तर प्रदेश पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं, कोर्ट परिसरों की घेराबंदी कर सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया और हर आने-जाने वाले पर कड़ी नजर रखी जा रही है।

लखनऊ कचहरी में घेराबंदी

धमकी सामने आते ही लखनऊ कचहरी में वजीरगंज थाना पुलिस, बम निरोधक दस्ता (BDS) और संबंधित एजेंसियों ने घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू किया। अब तक किसी भी परिसर से कोई संदिग्ध वस्तु मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सुरक्षा कारणों से पूरे इलाके को बार-बार खंगाला जा रहा है। जानकारी के मुताबिक, सभी 18 प्रभावित जिलों में अज्ञात के खिलाफ FIR दर्ज कर ली गई है। चूंकि मामला सीधे राज्य सुरक्षा से जुड़ा है, इसलिए इसकी विस्तृत जांच उत्तर प्रदेश ATS को सौंपी गई है। अलग-अलग एजेंसियां मिलकर ईमेल के सोर्स/ट्रैकिंग और भेजने वाले की पहचान में जुटी हैं।

शुक्रवार को भी आया था ऐसा ही मेल

गौरतलब है कि बीते शुक्रवार को भी इसी तरह का धमकी भरा ईमेल आया था, जिसके बाद कई जगहों पर कचहरियों को खाली कराकर जांच कराई गई थी और अदालती कामकाज प्रभावित हुआ था। शुरुआती जांच में सूत्रों के हवाले से संकेत मिला है कि मेल का कनेक्शन तमिलनाडु से हो सकता है, जबकि संदेश में महाराष्ट्र का भी उल्लेख बताया जा रहा है। फिलहाल एजेंसियां किसी नतीजे पर पहुंचने से पहले तकनीकी जांच और सत्यापन कर रही हैं। UP News

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