
Gulabi Gang:[/caption]
संपत पाल मूल रूप से बिसंडा थाना के तैरी गांव की रहने वाली हैं। उनका ससुराल चित्रकूट जिले के एक छोटे से गांव रौली है, जहां से उन्होंने गुलाबी गैंग बनाकर महिलाओं के हक के लिए कई आंदोलन किए। संपत पाल ने बुंदेलखंड क्षेत्र में गुलाबी गैंग के नाम से एक संगठन खड़ा किया, जिसमें आज करीब 21 लाख सक्रिय महिला सदस्य हैं। इस गैंग की लीडर संपत पाल हैं, जिन्होंने एक एक महिलाओं को जोड़कर एक बड़ा संगठन तैयार किया है। गुलाबी गैंग की वेशभूषा भी गुलाबी है।
Gulabi Gang:[/caption]
संपत पाल ने बताया कि डेनमार्क की रहने वाली मारिया ने उन्हें फोन किया था। मारिया ने उनसे कहा था कि वह बांदा आना चाहती हैं। उनके घर पर रुकना चाहती हैं। साथ ही उनकी जिंदगी के किस्से सुनकर उन्हें तस्वीर में उकेरना चाहती हैं। जिस पर संपत पाल ने अपनी तस्वीर बनाए जाने की रजामंदी दे दी। संपत पाल ने बताया कि मारिया ने मलाला के अलावा उनके पिता की तस्वीर बनाई है। इसके अलावा अन्य महापुरुषों की पेटिंग अपने हाथों से तैयार की है।