भारत-ब्रिटेन फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) को लेकर जहां केंद्र सरकार इसे ऐतिहासिक उपलब्धि बता रही है, वहीं देश के देसी शराब निमार्ताओं के लिए यह समझौता एक बड़ी चिंता का सबब बनकर उभरा है। कारण है, स्कॉच व्हिस्की पर आयात शुल्क में भारी कटौती। इससे जहां विदेशी ब्रांड भारत में पहले से कहीं सस्ते दाम पर उपलब्ध होंगे वहीं देसी कंपनियों को बाजार में टिके रहना मुश्किल लग रहा है।
